फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   Bird flu alert in Varanasi symptoms causes and peventions in hindi

महामारी के बीच कई राज्यों में बर्ड फ्लू की दस्तक से वाराणसी में बढ़ी सतर्कता, जानें लक्षण व बचाव के उपाय

Wed, 06 Jan 2021 01:30 AM IST
विचित्र सिंह न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, वाराणसी Published by: विचित्र सिंह Updated Wed, 06 Jan 2021 01:30 AM IST
विज्ञापन
Bird flu alert in Varanasi symptoms causes and peventions in hindi
प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : iStock

कोरोना वायरस ने पहले से ही दुनियाभर के लोगों को परेशान कर रखा है और अब भारत में फैल रही एक और बीमारी ने लोगों की चिंता बढ़ा दी है। दरअसल, देश में बर्ड फ्लू के मामले बढ़ते जा रहे हैं। इसके मामले कई राज्यों में देखने को मिले हैं। राजस्थान, मध्य प्रदेश, झारखंड और हिमाचल प्रदेश में तो इसको लेकर अलर्ट जारी कर दिया गया है। यहां तक कि हिमाचल प्रदेश में मछली, मुर्गे व अंडों की बिक्री पर भी प्रतिबंध लगा दिया गया है। हालांकि अभी उतर प्रदेश में एक भी मामला सामने नहीं आया है। बावजूद इसके पशुपालन विभाग और वन विभाग ने चौकसी बढ़ा दी है। वाराणसी में भी विभाग सतर्क हो गया है।

विज्ञापन


प्रभागीय वनाधिकारी महावीर कौजलगी ने बताया कि पूरे वाराणसी जनपद में पक्षियों के मरने की घटनाओं पर निगरानी रखी जा रही है। इसके अलावा चिड़ियाघर में भी सतर्कता बरतने की हिदायत दी गई है। फिलहाल अभी तक किसी पक्षी के मरने की कोई सूचना नहीं मिली है। उधर मुख्य पशु चिकित्सा अधिकारी डॉ. वीबी सिंह ने बताया कि जिले के तमाम मुर्गी पालकों को सर्विलांस पर रखा गया है। मुर्गियों के मरने पर उनका पोस्टमार्टम भी किया जा रहा। हालांकि अभी बर्ड फ्लू जैसे कोई संकेत सामने नहीं आये है। जिलेभर में पशु चिकित्सक समय समय पर जांच भी कर रहे है। आगे पढ़ें, इस बीमारी के कारण, लक्षण और इससे बचाव के उपाय... 

विज्ञापन

बता दें कि राजस्थान में तो बर्ड फ्लू की वजह से अब तक 500 से अधिक कौओं की मौत हो चुकी है। बाकी राज्यों का भी कुछ ऐसा ही हाल है। ऐसा नहीं है कि यह बीमारी सिर्फ पक्षियों तक ही सीमित रहती है, बल्कि यह इंसानों के लिए भी बहुत खतरनाक है। 

इंसानों के लिए भी खतरनाक है यह बीमारी

  • बर्ड फ्लू एक ऐसी बीमारी है, जो सिर्फ पक्षियों को ही नहीं, बल्कि जानवरों और इंसानों के लिए भी उतना ही खतरनाक है। इस बीमारी से संक्रमित पक्षियों के संपर्क में आने वाले जानवर और इंसान आसानी से इससे संक्रमित हो जाते हैं। इससे मौत भी हो सकती है।   
इंसान कैसे हो जाते हैं इससे संक्रमित? 
  • बर्ड फ्लू को एवियन इंफ्लूएंजा के नाम से भी जाना जाता है। यह एक प्रकार का वायरल इंफेक्शन (संक्रमण) होता है। वैसे तो बर्ड फ्लू कई प्रकार हैं, लेकिन एच5एन1 (H5N1)पहला ऐसा बर्ड फ्लू वायरस था, जिसने पहली बार इंसान को संक्रमित किया था। इसका पहला मामला साल 1997 में हांगकांग में सामने आया था। यह बीमारी संक्रमित पक्षी के मल, नाक के स्राव, मुंह के लार या आंखों से निकलने वाले पानी के संपर्क में आने से इंसानों में होती है। 

बर्ड फ्लू का खतरा किसे अधिक? 

  • मुर्गी पालन से जुड़े लोगों को बर्ड फ्लू का खतरा सबसे अधिक होता है। इसके अलावा संक्रमित पक्षियों के संपर्क में आने वाले लोगों, संक्रमित जगहों पर जाने वाले लोगों, कच्चा या अधपका चिकन या अंडा खाने वाले लोगों को भी इससे संक्रमित होने का खतरा रहता है। 

बर्ड फ्लू के लक्षण 

  • खांसी (आमतौर पर सूखी खांसी) 
  • गले में खराश, बंद नाक या नाक बहना 
  • थकान, सिरदर्द 
  • ठंड लगना, तेज बुखार
  • जोड़ों में दर्द, मांसपेशियों में दर्द 
  • नाक से खून बहना 
  • सीने में दर्द 

अगर आपको इस तरह के लक्षण दिखते हैं, तो तुरंत डॉक्टर को दिखाएं। 

विज्ञापन

बर्ड फ्लू से बचाव के उपाय 

  • चिकन या अंडा खाने से बचें 
  • समय-समय पर अपने हाथ साबुन-पानी से धोते रहें 
  • पक्षियों से दूर रहें 
  • ऐसी जगहों पर जाने से बचें, जहां बर्ड फ्लू का प्रकोप है 
  • इंफ्लूएंजा का टीका लगवाने के लिए अपने डॉक्टर से सलाह लें। 
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed