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शेरशाह सूरी के जागीरदार हेतम खां के इस किले की गजब कहानी, एक बार खो गई थी पूरी बरात

Tue, 28 Jan 2020 01:34 PM IST
गीतार्जुन गौतम अमर उजाला नेटवर्क, चंदौली
अमर उजाला नेटवर्क, चंदौली Published by: गीतार्जुन गौतम Updated Tue, 28 Jan 2020 01:34 PM IST
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Bhulaini Fort kila built by hetam khan history in hetampur chandauli
भुलैनी किला। - फोटो : अमर उजाला।

चंदौली जिले के सकलडीहा-कमालपुर मार्ग से नौरंगाबाद जाने वाली सड़क पर धानापुर विकास क्षेत्र के गांव हेतमपुर का भी काफी पुराना इतिहास है। जानकारी के अनुसार नौरंगाबाद से दो किमी उत्तर स्थित शेरशाह सूरी के जागीरदार हेतमखां ने करीब 600 वर्ष पूर्व तीन किलों का निर्माण कराया था जो अब भी विरासत के रूप में मौजूद हैं। जिसे भुलैनी कोर्ट के नाम से जानते हैं। इसे अब पुरातत्व विभाग पटना ने अपने संरक्षण में ले लिया है।

Bhulaini Fort kila built by hetam khan history in hetampur chandauli

हेतम खां ने यहां तीन कोर्ट बनवाए था। जिसे पूर्वी, पश्चिमी और मध्य कोर्ट के नाम से जाना जाता है। ग्रामीणों के अनुसार एक बार किसी गांव से बरात भुलैनी कोर्ट देखने के लिए किले में गई थी। वहां आई पूरी बरात ही कोर्ट में खो गई थी। तब से उस किले के भूलैनी कोर्ट के नाम से भी जानते हैं।

Bhulaini Fort kila built by hetam khan history in hetampur chandauli

गांव के नंद कुमार उपाध्याय की मानें तो इसमें कई सुरंगें हैं, जिससे राजा धानापुर तक जाते थे। वह यह भी बताते हैं कि इसके अंदर कई कमरे हैं, जिसमें बड़े-बड़े ताले हैं।

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Bhulaini Fort kila built by hetam khan history in hetampur chandauli

उन्होंने बताया कि कमालपुर के लोग रात में आकर खुदाई करते थे लेकिन अंदर दम घुटने लगता था। इस कारण लोग बाहर निकल आते थे। यहां के लोगों की यह भी मान्यता है कि जब हेतमखां कोर्ट को बनवा रहा था, तो बार-बार किला गिर जा रहा था। तब राजा ने किसी को कोर्ट में चुनवा दिया।

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Bhulaini Fort kila built by hetam khan history in hetampur chandauli

बताते हैं कि वहां रूद्र ब्रह्म बाबा भुलैनी कोर्ट की रक्षा करते हैं। उनके डर से लोग कोर्ट की ईंट तक घर नहीं लाते हैं। अब इस किले को पुरातत्व विभाग पटना ने अपने संरक्षण में ले लिया है। पुरातत्व विभाग अब इसकी मरम्मत भी करा रहा है। हालांकि एक कोर्ट अभी खंडहर के रूप में ही है। उसे भी जल्द ही संरक्षित करने का कार्य शुरू होगा।

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