बीएचयूः कंप्यूटर सेंटर का यूजर लैब महीनों से बंद, छात्रों ने किया प्रभारी वीसी का घेराव
कंप्यूटर सेंटर का यूजर लैब महीनों से बंद पड़ा है और कंप्यूटर सेंटर के नए भवन के लैब में छात्रों को जाकर पढ़ने नहीं दिया जा रहा है। छात्रों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही मांगे पूरी नहीं हुई तो आंदोलन को बाध्य होंगे।
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काशी हिंदू विश्वविद्यालय (बीएचयू) में कंप्यूटर सेंटर से जुड़ी समस्याओं को लेकर बृहस्पतिवार को छात्रों ने कंप्यूटर सेंटर पहुंचे प्रभारी कुलपति का घेराव किया। एनएसयूआई के बैनर तले छात्रों ने प्रभारी कुलपति को समस्याओं से अवगत कराते हुए इसका समाधान कराने की मांग की।
अभिनव मणि त्रिपाठी ने बताया कि कंप्यूटर सेंटर का यूजर लैब महीनों से बंद पड़ा है और कंप्यूटर सेंटर के नए भवन के लैब में छात्रों को जाकर पढ़ने नहीं दिया जा रहा है। इसके साथ ही वाटर कूलर में करंट आने, एसी नहीं होने होने, एमसीए लाइब्रेरी में किताबों को तालाबंद रखने और कर्मचारियों की अनियमितता की शिकायत भी की गई।
कंप्यूटर सेंटर के कोऑर्डिनेटर से कई बार शिकायत की गई लेकिन मांग पूरी नहीं हुई। छात्रों ने चेतावनी दी कि अगर जल्द ही मांगे पूरी नहीं हुई तो आंदोलन को बाध्य होंगे। इस दौरान राणा रोहित, सिकंदर यादव, रमाकांत, भरत, लेखराज आदि मौजूद रहे।
बीएचयू को जल्द मिल सकता है नया कुलपति
बीएचयू में एक बार फिर स्थायी कुलपति की नियुक्ति को लेकर चर्चाएं तेज हो गई हैं। बताया जा रहा है कि शिक्षा मंत्रालय के देखरेख में कुलपति की तैनाती की प्रक्रिया भी लगभग अंतिम चरण में है। माना जा रहा है कि इसी महीने शिक्षा मंत्रालय की ओर से नए कुलपति के नाम की घोषणा भी की जा सकती है।
विश्वविद्यालय में मार्च महीने में प्रो. राकेश भटनागर के कुलपति पद का कार्यकाल पूरा होने के बाद रेक्टर प्रो. वीके शुक्ला इस जिम्मेदारी का निर्वहन कर रहे हैं। नियमानुसार प्रो. भटनागर का कार्यकाल पूरा होने के पहले से ही कुलपति के चयन की प्रक्रिया भी शिक्षा मंत्रालय की ओर से शुरू हो गई थी।
जुलाई महीने में देश के 12 केंद्रीय विश्वविद्यालयों में कुलपति की तैनाती की जा चुकी है। अभी भी बीएचयू समेत कई विश्वविद्यालय ऐसे हैं, जहां नए कुलपति की नियुक्ति प्रक्रिया चल रही हैं। इस बीच चर्चा है कि विश्वविद्यालय को जल्द ही कोई स्थायी कुलपति मिल सकता है।