Varanasi News : BHU के छात्र 5 दिन में बनेंगे साइबर एक्सपर्ट, पढ़ाई के साथ सीखेंगे Cyber सिक्योरिटी; जानें खास
काशी हिन्दू विश्वविद्यालय में छात्रों को साइबर की भी तकनीक बताई जाएगी। इससे सावधान रहने की जानकारी पर भी काम किया जाएगा। केस स्टडी के साथ साइबर खतरों से अलर्ट रहने के लिए बताया जाएगा।
विस्तार
बीएचयू के छात्रों को पांच दिनों तक साइबर एक्सपर्ट के तौर पर तैयार किया जाएगा। क्लास में कोर्स की पढ़ाई के साथ ही साइबर फ्रॉड की भी तकनीकी जानकारियां दी जाएंगी। शुक्रवार को बीएचयू के वाणिज्य संकाय में 5 दिवसीय वर्कशॉप के पहले दिन में ये बातें कही गईं।
साइबर क्राइम थाना प्रभारी राजीव कुमार सिंह ने कहा कि ये समय की मांग है। इसमें भाग ले रहे हर छात्र को साइबर सिक्योरिटी के हर एक पहलू के बारे में बताया जाएगा। उन्हें केस स्टडी के साथ साइबर खतरों से अलर्ट रहने के लिए बताया जाएगा।
विधि संकाय के डॉ. मयंक प्रताप ने साइबर लॉ और सेफ ब्राउजिंग का पाठ पढ़ाया। कहा कि वेबसाइट से जुड़े हर काम में लॉगिन करते समय मजबूत पासवर्ड ही चुनना चाहिए। मल्टी टियर लॉगिन सिस्टम और सिक्योर सॉकेट लेयर के फंक्शन को भी समझाया। वाणिज्य संकाय प्रमुख प्रो. एचके सिंह ने कहा कि छात्रों को हमेशा नई तकनीक के साथ आगे बढ़ते रहना होगा।
देश का हर दूसरा आदमी साइबर फ्रॉड का शिकार
संकाय में डॉ. ईशी मोहन और डॉ. लाल बाबू जायसवाल ने बताया कि कोर्स की पढ़ाई के दौरान सभी स्टूडेंट्स को साइबर फ्रॉड से बचने के तरीके भी बताए जाएंगे। बाकी लोग इसका शिकार न हो सकें, इसके बारे में भी विस्तार से जानकारी दी जाएगी।
कहा कि देश का हर दूसरा आदमी साइबर फ्रॉड से ठगा जा रहा है। इसे रोकना बहुत जरूरी है। राष्ट्रीय सेवा योजना के वर्कशॉप में साइबर थाना के सब इंस्पेक्टर श्यामलाल गुप्ता, पृथ्वी सिंह और दीना यादव भी पहुंचे थे।
छात्रों को सिखाई गई ये तकनीक
- सोशल मीडिया एकाउंट की सिक्योरिटी के लिए स्टेप-2 वेरिफिकेशन का प्रयोग करें।
- इंटरनेट बैंकिंग, सोशल नेटवर्किंग साइट्स का इस्तेमाल करने के बाद लॉग आउट करना न भूले।
- सिक्योर और ऑथेंटिक ऑनलाइन शॉपिंग वेबसाइट या एप्स से ही खरीदारी करें।
- कस्टमर केयर से संपर्क करने के लिए ऑथेंटिंक वेबसाइट पर जाकर ही कॉन्टैक्ट नंबर सर्च करें।
- शॉपिंग में कैश ऑन डिलीवरी विकल्प ही चुने।
- सोशल मीडिया एकाउंट की यूजर आईडी और पासवर्ड किसी से साझा न करे।
- सोशल मीडिया पर अपनी पर्सनल सूचना और फोटो पोस्ट करने में सावधानी बरते।
बाहर रहने वाले छात्रों के मां-बाप करते हैं ब्लैकमेल
छात्रों को ये भी सीख दी गई कि यदि आप किसी दूसरे शहर में रहते हैं तो आपके परिजनों को फोन पर ब्लैकमेल किया जाएगा। उनको कहा जाएगा कि आपका बच्चा गलत संगत में पकड़ा गया है। लड़की सेक्स रैकेट वालों के साथ पकड़ी गई है। ऐसे में वो कुछ खर्चा पानी मांगकर छोड़ने की बात करते हैं। यदि गार्जियन ने बात करने की इच्छा भी जाहिर की तो मिलते-जुलते आवाज में रोते हुए बात करा दी जाएगी।