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बीएचयू में फिर छेड़खानी,छात्राओं का वीसी आवास पर धरना
अमर उजाला ब्यूराो
Updated Tue, 12 May 2015 02:55 AM IST
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वाराणसी। बीएचयू परिसर में अमेरिकी शोध छात्रा के साथ दुष्कर्म के प्रयास का मामला अभी शांत नहीं हुआ है कि रविवार को एक और शोध छात्रा छेड़खानी और मारपीट की शिकार हो गई। इससे नाराज त्रिवेणी हॉस्टल की छात्राएं सोमवार को सड़क पर उतर आईं। कैंपस में विरोध मार्च निकाला और हॉस्टल में धरना दिया। उसके बाद भी प्रशासन की ओर से सुरक्षा का आश्वासन नहीं मिला तो कुलपति आवास पर पहुंच गईं और उन्हें बुलाने की जिद पर अड़ी रहीं। उन्होंने वीसी लाज के सामने की सड़क को जाम कर दिया और ‘वी वांट वीसी’ का नारा देर रात तक बुलंद करती रहीं। रात दो बजे तक वीसी आवास से बाहर नहीं आए। इस बीच एक छात्रा बेहोश हो गई, जबकि अन्य छात्राएं आवास के बाहर सड़क पर सो गईं। सुरक्षा के मद्देनजर परिसर में बड़ी संख्या में पुलिस बल की तैनाती कर दी गई है।
रविवार की शाम बीएचयू के त्रिवेणी हॉस्टल के बाहर कला संकाय की एक शोध छात्रा हास्टल के बाहर अपने एक सहपाठी से बात कर रही थी। इसी दौरान कुछ लड़के वहां से गुजरे और छींटाकशी करने लगे। छात्रा ने जब इसका विरोध किया तो लड़कों ने छात्रा और उसके सहपाठी से मारपीट की। बीच-बचाव करने के लिए आसपास के छात्र लोग पहुंचे तोछेड़खानी करने वाले भाग निकले। छात्रा ने इसकी
शिकायत प्राक्टर कार्यालय में दर्ज कराई। इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो सोमवार की शाम को त्रिवेणी हास्टल की छात्राएं लामबंद हो गईं। उन्होंने बीएचयू की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाया। उनका कहना था कि परिसर में छात्राएं बिल्कुल असुरक्षित हैं। रोजाना छेड़खानी की शिकार हो रही हैं। छात्राओं का मार्च वीसी लॉज
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पहुंचा। वहां कुलपति के शहर से बाहर होने की सूचना मिलने के बाद वापस हॉस्टल में पहुंचीं और गेट पर ही धरना देने लगीं। मौके पर पहुंचे चीफ प्राक्टर प्रो. सत्येंद्र सिंह ने छात्राओं को समझाने का प्रयास किया लेकिन वे कुलपति से मिलने की जिद पर अड़ी रहीं। साढ़े आठ बजे के करीब कुलपति के आवास पर पहुंचने की सूचना मिलते ही छात्राएं वीसी लॉज की ओर कूच कर गईं और वहां गेट पर डटकर हंगामा करने लगीं।
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रविवार की शाम बीएचयू के त्रिवेणी हॉस्टल के बाहर कला संकाय की एक शोध छात्रा हास्टल के बाहर अपने एक सहपाठी से बात कर रही थी। इसी दौरान कुछ लड़के वहां से गुजरे और छींटाकशी करने लगे। छात्रा ने जब इसका विरोध किया तो लड़कों ने छात्रा और उसके सहपाठी से मारपीट की। बीच-बचाव करने के लिए आसपास के छात्र लोग पहुंचे तोछेड़खानी करने वाले भाग निकले। छात्रा ने इसकी
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शिकायत प्राक्टर कार्यालय में दर्ज कराई। इस पर कोई कार्रवाई नहीं हुई तो सोमवार की शाम को त्रिवेणी हास्टल की छात्राएं लामबंद हो गईं। उन्होंने बीएचयू की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल उठाया। उनका कहना था कि परिसर में छात्राएं बिल्कुल असुरक्षित हैं। रोजाना छेड़खानी की शिकार हो रही हैं। छात्राओं का मार्च वीसी लॉज
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पहुंचा। वहां कुलपति के शहर से बाहर होने की सूचना मिलने के बाद वापस हॉस्टल में पहुंचीं और गेट पर ही धरना देने लगीं। मौके पर पहुंचे चीफ प्राक्टर प्रो. सत्येंद्र सिंह ने छात्राओं को समझाने का प्रयास किया लेकिन वे कुलपति से मिलने की जिद पर अड़ी रहीं। साढ़े आठ बजे के करीब कुलपति के आवास पर पहुंचने की सूचना मिलते ही छात्राएं वीसी लॉज की ओर कूच कर गईं और वहां गेट पर डटकर हंगामा करने लगीं।
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