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बिटिया को कपड़े, गहने तो पिता को स्वागत की चिंता
ब्यूरो/अमर उजाला, वाराणसी
Updated Fri, 11 Nov 2016 02:05 AM IST
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नवापुरा के कृष्णा लाल की बेटी की शादी है। ईश्वरगंगी के संतोष सेठ की बिटिया की शादी 15 तारीख को है। राजाबाजार के हसन खान के घर कल शादी है। इनके पास जो पांच सौ, हजार के नोट हैं वे चल नहीं रहे और बैंक से एक-दो दिन में इतना पैसा मिलेगा नहीं कि शादी की तैयारी से जुड़ी खरीदारी खुलकर कर पाएं। शादी के मौसम में ऐसे घरों में खलबली मची है। बेटी को पसंदीदा कपड़े, गहने खरीदने की चिंता तो पिता को उसके लिए पैसे उपलब्ध कराने की समस्या। बारात के आवभगत की तैयारियां भी ठंडे बस्ते में है। जिन घरों में शादियों की तैयारी चल रही थीं मानो वहां पूर्ण विराम लग गया है। आलम यह है कि लान की बुकिंग नहीं हो पा रही है।
बनारसी साड़ी, कपड़े और गहनों की खरीदारी नहीं हो पा रही है। बनारसी साड़ी के कारोबारी गोलघर के विकास गुप्ता ने बताया कि बड़े नोट लेने में दिक्कत हो रही है। काशी युवा व्यापार मंडल के अध्यक्ष अखिलेश सिंह ने मांग की कि जिनके घर मांगलिक कार्य होने हैं, उनको बैंक से निर्धारित से ज्यादा धनराशि निकालने की अनुमति मिलनी चाहिए। विश्वेश्वरगंज भैरवनाथ व्यापार मंडल अध्यक्ष प्रतीक गुप्ता ने बताया कि पूर्वांचल की सबसे बड़ी गल्ला व किराना मंडी में सन्नाटा है। शादी से जुड़े लोग तो जैसे गायब ही हो गए हैं। व्यापार के दृष्टिकोण से यह बहुत मुश्किल भरा दौर है। कैटरर्स का काम करने वाले राहुल ने बताया कि बुकिंग के लिए लोग आ रहे हैं पर एडवांस का मामला फंस जा रहा है। लगन के सीजन में काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
खजुरी के एक परिवार में तिलक के पैसे इसलिए वापस कर दिए गए क्योंकि उसमें पांच सौ से हजार के नोट थे। पांच सौ और हजार के नोट बंद होने की घोषणा होते ही कुछ दिनों पहले चढ़े तिलक के पैसों को लेकर वर पक्ष के लोग लड़की के घर पहुंच गए। लगभग पांच लाख रुपये यह कहकर लौटा दिया कि इसके नए नोट दीजिए। उन्हें कोई जल्दी नहीं है। इसको लेकर क्षेत्र में खूब चर्चा रही।
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बनारसी साड़ी, कपड़े और गहनों की खरीदारी नहीं हो पा रही है। बनारसी साड़ी के कारोबारी गोलघर के विकास गुप्ता ने बताया कि बड़े नोट लेने में दिक्कत हो रही है। काशी युवा व्यापार मंडल के अध्यक्ष अखिलेश सिंह ने मांग की कि जिनके घर मांगलिक कार्य होने हैं, उनको बैंक से निर्धारित से ज्यादा धनराशि निकालने की अनुमति मिलनी चाहिए। विश्वेश्वरगंज भैरवनाथ व्यापार मंडल अध्यक्ष प्रतीक गुप्ता ने बताया कि पूर्वांचल की सबसे बड़ी गल्ला व किराना मंडी में सन्नाटा है। शादी से जुड़े लोग तो जैसे गायब ही हो गए हैं। व्यापार के दृष्टिकोण से यह बहुत मुश्किल भरा दौर है। कैटरर्स का काम करने वाले राहुल ने बताया कि बुकिंग के लिए लोग आ रहे हैं पर एडवांस का मामला फंस जा रहा है। लगन के सीजन में काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है।
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खजुरी के एक परिवार में तिलक के पैसे इसलिए वापस कर दिए गए क्योंकि उसमें पांच सौ से हजार के नोट थे। पांच सौ और हजार के नोट बंद होने की घोषणा होते ही कुछ दिनों पहले चढ़े तिलक के पैसों को लेकर वर पक्ष के लोग लड़की के घर पहुंच गए। लगभग पांच लाख रुपये यह कहकर लौटा दिया कि इसके नए नोट दीजिए। उन्हें कोई जल्दी नहीं है। इसको लेकर क्षेत्र में खूब चर्चा रही।
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