अक्षय तृतीया 2026: रियल एस्टेट बना नंबर-1 खिलाड़ी, दो दिन में बिक गए 500 फ्लैट्स; शुभ मुहूर्त में हुई खरीदारी
Varanasi News: अक्षय तृतीया पर शुभ मुहूर्त के कारण शहर के बाजारों में रविवार और सोमवार को देर रात तक ग्राहकों की भारी भीड़ उमड़ी रही। रियल एस्टेट, ऑटोमोबाइल, सराफा और बर्तन बाजार में इस दौरान जमकर खरीदारी हुई।
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अक्षय तृतीया के अवसर पर सोमवार को बाजार में देर रात तक खरीदारी चलती रही। इस बार दो दिवसीय मुहूर्त होने के कारण दो दिनों तक बाजार में चहल-पहल बनी रही। दो दिवसीय शुभ मुहूर्त के कारण शहर के बाजारों में रविवार और सोमवार को देर रात तक ग्राहकों की भारी भीड़ उमड़ी रही। रियल एस्टेट, ऑटोमोबाइल, सराफा और बर्तन बाजार में इस दौरान जमकर खरीदारी हुई।
कारोबारी संगठनों के मुताबिक, दो दिनों के भीतर जिले के विभिन्न क्षेत्रों में तकरीबन 1200 करोड़ रुपये का कारोबार हुआ है। क्रेडाई यूपी के उपाध्यक्ष आकाश दीप ने बताया कि अक्षय तृतीया पर जिले में 500 से अधिक फ्लैट्स की बिक्री हुई। इससे कुल 600 करोड़ का कारोबार हुआ। तकरीबन 60 फीसदी लोगों ने अपने घर की महिलाओं के नाम पर बुकिंग कराई।
वहीं, सराफा और ऑटोमोबाइल सेक्टर में भी बूम रहा। सराफा और ऑटोमोबाइल के अलावा रियल एस्टेट क्षेत्र में भी लक्ष्मी की कृपा बरसी। वाराणसी ऑटोमोबाइल डीलर एसोसिएशन के अध्यक्ष राजीव गुप्ता ने बताया कि रविवार को शहर में 400 से अधिक चार पहिया वाहनों की डिलीवरी दी गई। इसमें तकरीबन 60% खरीदारों ने सीएनजी और हाइब्रिड तकनीक वाली गाड़ियों को प्राथमिकता दी। इसके अलावा दो दिनों में 1000 दोपहिया वाहनों की बिक्री हुई। दो दिनों में करीब 250 करोड़ का कारोबार हुआ है।
सराफा बाजार में भी अक्षय तृतीया पर जमकर निवेश हुआ। वाराणसी सराफा एसोसिएशन के महामंत्री रवि सराफ के मुताबिक, दो दिनों में अकेले सराफा बाजार में 400 करोड़ रुपये के सोने-चांदी और हीरों के आभूषणों की बिक्री हुई। महमूरगंज स्थित शोरूम संचालक सुमित वर्मा ने बताया कि सोने और चांदी की कीमतें बढ़ने के कारण ग्राहकों ने कम वजन वाले गहनों को पसंद किया।
लोगों ने भारी गहनों के बजाय कलात्मक और हल्के आभूषणों को अधिक पसंद किया। त्योहार पर होने वाली भीड़ को देखते हुए कई शोरूम संचालकों ने ग्राहकों को कई प्रकार के लुभावने ऑफर दिए थे। ठठेरी बाजार के बर्तन कारोबारी विशाल कसेरा ने बताया कि दो दिनों में 50 करोड़ का बर्तन बाजार में कारोबार हुआ।
जैन मंदिरों में भक्तांबर पाठ
अक्षय तृतीया पर जैन मंदिरों में भक्तांबर पाठ हुआ। भगवान सुपार्श्व नाथ की जन्म स्थली भदैनी दिगंबर जैन तीर्थ क्षेत्र प्रभुदास जैन घाट पर 48 दीप जलाए गए और भक्तांबर पाठ हुआ। तीर्थंकर भगवान ऋषभदेव को आहार दिया गया। वे छह माह निरंतर उपवास के बाद आज के ही दिन आहार ग्रहण किए थे। भगवान आदिनाथ ने पहले समाज मैं दान के महत्व को समझाया था। पाठ में सुरेंद्र कुमार जैन, बीना जैन, लता जैन, शशि जैन, मनोरमा जैन आदि रहीं।