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सोमालियाई लुटेरों ने 28 भारतीयों को मुक्त किया
Varanasi
Updated Sun, 10 Mar 2013 05:30 AM IST
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वाराणसी। सोमालियाई लुटेरों द्वारा अगवा किए गए जहाज रॉयल ग्रेस और सिमरिन को छोड़ने की सूचना के बाद जहाज में सवार लोगों के घर जश्न जैसा माहौल है। साल भर से मंत्रियों के चक्कर काट रहे घरों में होली का त्यौहार अबकी धूमधाम से मनेगी। दिया। दोनों जहाजों में सवार कुल 28 भारतीय मुक्त कर दिए गए। दोनों जहाज नाटो शिप की अगुवानी में शनिवार की देर रात ओमान पहुंचे। रॉयल ग्रेसमें सवार 23 लोगों में 17 भारतीय हैं। इनमें जितेंद्र बहादुर सिंह वाराणसी के हैं। मई 2012 में अगवा किए गए सिमरिन में ग्यारह भारतीय सवार हैं। अमर उजाला ने दो मार्च को ‘सोशल नेटवर्किगिं साइट पर न्याय मांग रहा युवक’ शीर्षक से खबर प्रकाशित की थी।
बड़ागांव के काजीसराय के गोकुलपुरा गांव निवासी जितेंद्र बहादुर सिंह नाइजीरिया की कंपनी स्नो ह्वाइट एनर्जी की तेल ढोने वाली शिप (एमवी रॉयल ग्रेस) पर नौकरी करते हैं। दो मार्च 2012 को शिप शारजाह से नाइजीरिया के लिए रवाना हुई थी। जौनपुर के अजय तिवारी, इलाहाबाद के शाहिद बाबू, पंजाब के राकेश, मेरठ के सौरव कुमार, हिमांचल के राहुल शर्मा समेत17 भारतीय, एक पाकिस्तानी, दो श्रीलंकाई और दो नाइजीरिया के लोगों समेत कुल 22 लोग सवार थे। ओमान के पास लुटेरों ने शिप को अगवा कर दिया। लुटेरों ने शिपिंग कंपनी के मालिक से करीब आठ करोड़ रुपये की फिरौती मांगी थी। जितेंद्र के पुत्र अजीत समेत अन्य बंधकों के परिजनों ने राहुल गांधी समेत आला नेताओं से मुलाकात की थी। केंद्र सरकार और संबंधित जहाज कंपनी के अलावा पाकिस्तान का एक एनजीओ भी मध्यस्थता कर रहा था। जितेंद्र बहादुर सिंह के पारिवारिक सूत्रों की मानें तो रॉयल ग्रेस को लुटेरों ने शुक्रवार की दोपहर मुक्त कर दिया। ओमान से भारतीय दल दुबई जाएगा। दुबई से सभी अपने देश के लिए रवाना होंगे।
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बड़ागांव के काजीसराय के गोकुलपुरा गांव निवासी जितेंद्र बहादुर सिंह नाइजीरिया की कंपनी स्नो ह्वाइट एनर्जी की तेल ढोने वाली शिप (एमवी रॉयल ग्रेस) पर नौकरी करते हैं। दो मार्च 2012 को शिप शारजाह से नाइजीरिया के लिए रवाना हुई थी। जौनपुर के अजय तिवारी, इलाहाबाद के शाहिद बाबू, पंजाब के राकेश, मेरठ के सौरव कुमार, हिमांचल के राहुल शर्मा समेत17 भारतीय, एक पाकिस्तानी, दो श्रीलंकाई और दो नाइजीरिया के लोगों समेत कुल 22 लोग सवार थे। ओमान के पास लुटेरों ने शिप को अगवा कर दिया। लुटेरों ने शिपिंग कंपनी के मालिक से करीब आठ करोड़ रुपये की फिरौती मांगी थी। जितेंद्र के पुत्र अजीत समेत अन्य बंधकों के परिजनों ने राहुल गांधी समेत आला नेताओं से मुलाकात की थी। केंद्र सरकार और संबंधित जहाज कंपनी के अलावा पाकिस्तान का एक एनजीओ भी मध्यस्थता कर रहा था। जितेंद्र बहादुर सिंह के पारिवारिक सूत्रों की मानें तो रॉयल ग्रेस को लुटेरों ने शुक्रवार की दोपहर मुक्त कर दिया। ओमान से भारतीय दल दुबई जाएगा। दुबई से सभी अपने देश के लिए रवाना होंगे।
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