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मिर्जामुराद थानाध्यक्ष समेत पांच पर केस0
Updated Fri, 27 Apr 2018 02:28 AM IST
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चौबेपुर। क्षेत्र के मुरीदपुर गांव में फुलेसरा देवी की हत्या के आरोप में बेटा, बहू को दस दिनों तक थाने में प्रताड़ित करने और जबरन जुर्म कबूल करने के आरोप में चौबेपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष अवनीश राय, ग्रामप्रधान शैलेन्द्र चौबे, पूर्व ग्राम प्रधान रामगोपाल मिश्रा, विजय कुमार चौबे, जमुना प्रसाद के विरुद्ध गुरुवार को मुकदमा दर्ज किया गया है। यह कार्रवाई अपर सत्र न्यायाधीश विशेष एससी एसटी न्यायाधीश के आदेश पर हुई।
मुरीदपुर गांव निवासी फुलेसरा देवी की चार मार्च 2017 को घर में मौत हो गई। इसकी सूचना बेटा गंगा राम, बहू हीरावती देवी ने चौबेपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष अवनीश राय को दी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गलाघोंट कर हत्या की रिपोर्ट आई। पुलिस ने बेटे व बहू को ही जमीन के लिए हत्या करने के आरोप में जेल भेज। बाद में गंगाराम एवं उसकी पत्नी ने अधिवक्ता के माध्यम से न्यायालय की शरण ली। गंगाराम का आरोप है कि दलित होने के कारण दस दिनों तक थाने में प्रताड़ित किया गया और जबरन हत्या का जुर्म कबूल करवाया गया गया। साथ ग्रामप्रधान, पूर्व ग्राम प्रधान सहित गांव के लोग पुलिस के साथ हत्या का आरोप स्वीकार करने के लिए प्रताड़ित करते रहे। पुलिस विवेचना में गंगाराम एवं पत्नी हीरावती को ही मुख्य अभियुक्त बनाकर जेल भेज दिया। बाद में गंगाराम ने अदालत का दरवाजा खटखटाया। जिस पर न्यायालय के निर्देश पर चौबेपुर थाने में गुरुवार को मुकदमा दर्ज किया गया। तत्कालीन थानाध्यक्ष रहे अवनीश राय इस समय मिर्जामुराद थाने के प्रभारी हैं।
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मुरीदपुर गांव निवासी फुलेसरा देवी की चार मार्च 2017 को घर में मौत हो गई। इसकी सूचना बेटा गंगा राम, बहू हीरावती देवी ने चौबेपुर के तत्कालीन थानाध्यक्ष अवनीश राय को दी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट में गलाघोंट कर हत्या की रिपोर्ट आई। पुलिस ने बेटे व बहू को ही जमीन के लिए हत्या करने के आरोप में जेल भेज। बाद में गंगाराम एवं उसकी पत्नी ने अधिवक्ता के माध्यम से न्यायालय की शरण ली। गंगाराम का आरोप है कि दलित होने के कारण दस दिनों तक थाने में प्रताड़ित किया गया और जबरन हत्या का जुर्म कबूल करवाया गया गया। साथ ग्रामप्रधान, पूर्व ग्राम प्रधान सहित गांव के लोग पुलिस के साथ हत्या का आरोप स्वीकार करने के लिए प्रताड़ित करते रहे। पुलिस विवेचना में गंगाराम एवं पत्नी हीरावती को ही मुख्य अभियुक्त बनाकर जेल भेज दिया। बाद में गंगाराम ने अदालत का दरवाजा खटखटाया। जिस पर न्यायालय के निर्देश पर चौबेपुर थाने में गुरुवार को मुकदमा दर्ज किया गया। तत्कालीन थानाध्यक्ष रहे अवनीश राय इस समय मिर्जामुराद थाने के प्रभारी हैं।
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