{"_id":"5b2186524f1c1bf67a8b5186","slug":"41528923730-varanasi-news","type":"story","status":"publish","title_hn":"विवाद के चलते बाबा दरबार में 20 मिनट देरी से हुई मंगला आरती","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
विवाद के चलते बाबा दरबार में 20 मिनट देरी से हुई मंगला आरती
Updated Thu, 14 Jun 2018 02:36 AM IST
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
वाराणसी। यजमान को उत्तरी गेट पर बैठाने को लेकर अड़े काशी विश्वनाथ मंदिर की पुजारी की मनमानी के चलते बुधवार को बाबा दरबार में मंगला आरती 20 मिनट की देरी से हुई। इस विवाद की खबर मंदिर प्रशासन को मिलने के बाद हड़कंप मच गया है। पूरे मामले की जांच कराई जा रही है।
काशी विश्वनाथ मंदिर में बाबा भोलेनाथ की मंगला आरती अल सुबह 2.40 बजे होती है। बुधवार को कुछ बाहरी यजमानों को लेकर पुजारी वहां पहुंचे। इस पर सुरक्षाकर्मियों ने आपत्ति की, मगर पुजारी यजमानों को उत्तरी गेट पर बैठाने को लेकर अड़े रहे। इस बीच बनी विवाद की स्थिति के चलते मंगला आरती समय से शुरू नहीं हो पाई। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद निर्धारित समय से 20 मिनट की देरी से तीन बजे मंगला आरती शुरू हुई। बताया जाता है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मंदिर प्रशासन ने इस मामले की जांच का आदेश दिया है। कार्यपालक मजिस्ट्रेट ने इस पूरे मामले की रिपोर्र्ट मुख्य कार्यपालक अधिकारी को सौंपी है। जांच में आरोप सही पाए जाने पर पुजारी के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई भी की जा सकती है। उधर, मुख्य कार्यपालक अधिकारी विशाल सिंह का कहना है कि मंगला आरती देरी से होने की सूचना मिली है। मामले को दिखवाया जा रहा है। सत्यता पाए जाने पर जिम्मेदार पर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन
काशी विश्वनाथ मंदिर में बाबा भोलेनाथ की मंगला आरती अल सुबह 2.40 बजे होती है। बुधवार को कुछ बाहरी यजमानों को लेकर पुजारी वहां पहुंचे। इस पर सुरक्षाकर्मियों ने आपत्ति की, मगर पुजारी यजमानों को उत्तरी गेट पर बैठाने को लेकर अड़े रहे। इस बीच बनी विवाद की स्थिति के चलते मंगला आरती समय से शुरू नहीं हो पाई। अधिकारियों के हस्तक्षेप के बाद निर्धारित समय से 20 मिनट की देरी से तीन बजे मंगला आरती शुरू हुई। बताया जाता है कि इस मामले को गंभीरता से लेते हुए मंदिर प्रशासन ने इस मामले की जांच का आदेश दिया है। कार्यपालक मजिस्ट्रेट ने इस पूरे मामले की रिपोर्र्ट मुख्य कार्यपालक अधिकारी को सौंपी है। जांच में आरोप सही पाए जाने पर पुजारी के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई भी की जा सकती है। उधर, मुख्य कार्यपालक अधिकारी विशाल सिंह का कहना है कि मंगला आरती देरी से होने की सूचना मिली है। मामले को दिखवाया जा रहा है। सत्यता पाए जाने पर जिम्मेदार पर कार्रवाई की जाएगी।
विज्ञापन