फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Varanasi News ›   अरुण के बंद मकान के सामने लगी रही भीड़

अरुण के बंद मकान के सामने लगी रही भीड़

Sun, 10 Mar 2019 01:50 AM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Sun, 10 Mar 2019 01:50 AM IST
विज्ञापन
अरुण के बंद मकान के सामने लगी रही भीड़
शिवपुर (वाराणसी)। लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस-वे पर शनिवार सुबह हादसे में मिर्जापुर के जिला उद्योग एवं उद्यान्न प्रोत्साहन केंद्र में अपर सांख्यिकी अधिकारी अरुण सिन्हा, पत्नी, बेटा ड्राइवर की मौत के बाद शीतला नगर कॉलोनी स्थित उनके घर पर भीड़ जुटी रही। सभी उनकी मौत पर दु:ख व्यक्त करते रहे। वहीं लखनऊ में भर्ती बेटी के जल्द स्वस्थ होने की कामना करते रहे। हर कोई इस घटना से स्तब्ध था।
विज्ञापन

अरुण जयपुर में आयोजित कार्यशाला में भाग लेकर वापस आते वक्त इटावा में सड़क दुर्घटना का शिकार हो गए। मकान के बाहर खड़े पड़ोसियों ने बताया कि बेटा अमित एमबीए कर चुका था और उसकी जॉब भी लग गई थी। अप्रैल में उसकी ज्वाइनिंग थी। चालक रवींद्र शिवपुर थाना क्षेत्र के बेलरिया में किराये के मकान में रहता है। पुत्री श्वेता सिन्हा शिक्षा के बाद परमानंदपुर में (उत्तर प्रदेश डीडीयू कौशल विकास योजना) ट्रेनर के पद पर कार्यरत है। सभी मूल रूप से जौनपुर जिले के कोतवाली थाना क्षेत्र के तारापुर के रहने वाले थे। इटावा पुलिस ने पड़ोसी मोती सिंह को फोन पर दुर्घटना की सूचना दी। इसके पूरी कॉलोनी में शोक की लहर दौड़ गई। जौनपुर से परिवार के लोग इटावा के लिए निकल गए हैं।
विज्ञापन

जुलाई में होने वाले थे सेवानिवृत्त
पड़ोसी मोती सिंह ने बताया कि अरुण जुलाई में सेवानिवृत्त होने वाले थे। उन्होंने रिटायरमेंट के बाद की प्लानिंग भी शुरू कर दी थी। अक्सर पड़ोसियों से इस पर चर्चा करते थे। अरुण कॉलोनी वासियों के चहेते थे और हर कोई उनके व्यक्तित्व की चर्चा करता था। वह सामाजिक कार्यों में बढ़-चढ़कर हिस्सा लेते थे। उनकी मौत की खबर से कई लोगों की आंख तक छलक गई।
विज्ञापन
विज्ञापन

रवींद्र की बहन का 13 मार्च को होना था गौना
चोलापुर। लखनऊ-आगरा एक्सप्रेस वे पर दुर्घटना में जान गंवाने वाले पिंडरा ब्लाक के देवराई सराय के चालक रवींद्र विश्वकर्मा की सबसे छोटी बहन का गौना 13 मार्च को होने वाला था। घर में इसकी तैयारी चल रही थी। घटना की जानकारी होते ही घर में कोहराम मच गया। रवींद्र अपने पिता जियुत लाल सहित पूरे परिवार के साथ बेलवरिया गांव में किराए के मकान में रहते थे। जिउत लाल होमगार्ड हैं, लेकिन कुटुंब रजिस्टर में नाम की गड़बड़ी की वजह से तीन साल से घर पर ही हैं। इनको दो पुत्र और तीन पुत्रियां हैं। भाइयों में रवींद्र छोटा और अविवाहित था। पिता के अनुसार, वह बिजली वायरिंग आदि का काम करता था और कभी कभी वाहन भी चलाता था। बड़ा भाई राजेश बढ़ई का कार्य कर घर का खर्च चलाता था। दुर्घटना की जानकारी के बाद परिवार में खुशी का माहौल मातम में बदल गया। गौने में शामिल होने आए मेहमान हादसे से आहत दिखे।

अपर सांख्यिकी अधिकारी के घर का चिराग भी बुझ गया
थाना क्षेत्र के कौवा रमपुरा गांव के पास कार खड़े डंपर से टकराई उस समय अरुण सिन्हा कार में अपने इकलौते पुत्र अमित सिन्हा एवं पुत्री श्वेता सिन्हा व पत्नी रेखा के साथ बैठे हुए थे। घर जाने की खुशी में उन्होंने आगरा से प्रसिद्ध पेठा की भी खरीदारी की थी। जिस समय यह हादसा हुआ सड़क के चारों ओर पेठा फैला पड़ा था। घटना की सूचना मोबाइल नंबरों के आधार पर थाना अध्यक्ष योगेंद्र शर्मा ने जब अरुण सिन्हा के परिजन अजय सिन्हा एवं सुमित सिन्हा को दी। तो वह बदहवास हो गए। अजय सिन्हा की हालत यह थी कि वह ठीक से बात भी नहीं कर पा रहे थे। अजय सिन्हा ने बताया अरुण का एक ही पुत्र था और एक पुत्री है। वह भी गंभीर रूप से घायल है। मौके पर पहुंचे ग्रामीणों की मदद से थाना पुलिस ने सभी शवों को क्षतिग्रस्त गाड़ी के अंदर से बाहर निकलवाया किसी तरह अरुण सिन्हा की घायल पुत्री को एंबुलेंस से इलाज के लिए इटावा भेजा गया। थाना पुलिस ने घटनास्थल पर खड़े डंपर को भी अपने कब्जे में ले लिया है। कुछ ही दूरी पर उनके साथी भी कार से लौट रहे थे। सूचना मिलने पर सभी साथी पोस्टमार्टम हाउस इटावा पहुंच गए।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed