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गबन मामले में दो कर्मचारियों की संविदा समाप्त
Updated Wed, 10 Jan 2018 01:29 AM IST
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ज्ञानपुर। भदोही विकास खंड के परगासपुर गांव में पौने दो लाख रुपये के गबन के मामले में तकनीकी सहायक और रोजगार सेवक की संविदा समाप्त कर दी गई। गांव में हुए विकास कार्यों में व्यापक पैमाने पर धांधली उजागर होने के बाद प्रधान और सेक्रेटरी के खिलाफ पहले ही कार्रवाई की जा चुकी है।
परगासपुर गांव निवासी राजेंद्र प्रसाद तिवारी और अन्य ग्रामीणों ने जनता दर्शन में विकास कार्यों में अनियमितता की शिकायत की थी। मामले को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी विशाख जी ने अधिशासी अभियंता नहर एके जायसवाल और उपायुक्त श्रम रोजगार अजीत सिंह को जांच सौंपी थी। शुरुआती जांच में गड़बड़ी मिलने पर ग्राम प्रधान जोगेंद्र राम और ग्राम पंचायत अधिकारी सभाजीत को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया। स्पष्टीकरण के बाद दोबारा अधिशासी अभियंता नलकूप और परियोजना प्रबंधक भूमि सुधार निगम ने जांच कराई गई। जांच में पौधरोपण, मार्ग और नाली निर्माण में धांधली उजागर हुई। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद इस मामले में डीएम ने ग्राम प्रधान का वित्तीय अधिकार सीज करने के साथ और सेक्रेटरी को निलंबित कर दिया था। अब डीएम ने 1.78 लाख रुपये के गबन में गांव के रोजगार सेवक और तकनीकी सहायक की संविदा समाप्त करने के लिए डीडीओ और परियोजना निदेशक को निर्देश दिया है। इस कार्रवाई से ब्लॉक के कर्मचारियों में खलबली मच गई है।
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परगासपुर गांव निवासी राजेंद्र प्रसाद तिवारी और अन्य ग्रामीणों ने जनता दर्शन में विकास कार्यों में अनियमितता की शिकायत की थी। मामले को संज्ञान में लेते हुए जिलाधिकारी विशाख जी ने अधिशासी अभियंता नहर एके जायसवाल और उपायुक्त श्रम रोजगार अजीत सिंह को जांच सौंपी थी। शुरुआती जांच में गड़बड़ी मिलने पर ग्राम प्रधान जोगेंद्र राम और ग्राम पंचायत अधिकारी सभाजीत को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया। स्पष्टीकरण के बाद दोबारा अधिशासी अभियंता नलकूप और परियोजना प्रबंधक भूमि सुधार निगम ने जांच कराई गई। जांच में पौधरोपण, मार्ग और नाली निर्माण में धांधली उजागर हुई। जांच रिपोर्ट मिलने के बाद इस मामले में डीएम ने ग्राम प्रधान का वित्तीय अधिकार सीज करने के साथ और सेक्रेटरी को निलंबित कर दिया था। अब डीएम ने 1.78 लाख रुपये के गबन में गांव के रोजगार सेवक और तकनीकी सहायक की संविदा समाप्त करने के लिए डीडीओ और परियोजना निदेशक को निर्देश दिया है। इस कार्रवाई से ब्लॉक के कर्मचारियों में खलबली मच गई है।
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