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गलियों में अपराध रोकेगा नया बाइक दस्ता
Updated Thu, 07 Sep 2017 02:07 AM IST
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वाराणसी। शहर की गलियों और घनी आबादी वाले क्षेत्रों में आपराधिक वारदातें होने पर पुलिस अब तत्काल पहुंचेगी। इसके लिए पुलिस के बाइक दस्ते का नये सिरे से गठन किया गया है। इस दस्ते में शामिल तेजतर्रार 105 पुलिसकर्मियों को चिह्नित कर प्रशिक्षण दिया जाएगा। इसके बाद उन्हें बॉडी कैमरा युक्त रिफलेक्टर जैकेट, पिस्टल, वायरलेस सेट, हथकड़ी, फर्स्ट एड बॉक्स और जीपीएस सिस्टम से लैस बाइक दी जाएंगी। इनमें 63 नगर क्षेत्र और 42 दस्ते ग्रामीण क्षेत्र में तैनात किए जाएंगे।
आपराधिक घटनाओें की सूचना मिलते ही पुलिस जल्द से जल्द मौके पर पहुंचे, इसके मद्देनजर मोटरसाइकिल दस्ते का गठन किया गया है। इसके लिए कार्यकुशलता और दक्षता के आधार पर 105 सिपाही चिह्नित किए गए हैं, जिन्हें आठ सितंबर से 11 सितंबर तक पुलिस लाइन में प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस दौरान 39 जीटीसी, सीआरपीएफ, एनडीआरएफ और पुलिस के अधिकारियों के साथ ही बीएचयू के विशेषज्ञ बताएंगे कि किन परिस्थितियों में कैसे काम करना है। यह भी बताया जाएगा कि आमजन से कैसे पेश आना है और राहत व बचाव का काम कैसे करें। जिले में जहां भी वारदात होगी, उसके आसपास मौजूद मोटरसाइकिल दस्ते की लोकेशन जीपीएस सिस्टम से ट्रैक कर उसे तत्काल मौके पर भेजा जाएगा। साथ ही, उस दस्ते के रिस्पांस टाइम का आंकलन किया जाएगा। एसपी ट्रैफिक सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि नया मोटरसाइकिल दस्ता यूरोपियन देशों की तर्ज पर गठित किया गया है। यह दस्ता प्रभावी तरीके से काम करेगा ताकि आमजन को महसूस हो कि आपराधिक घटनाओं में कमी आई है।
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आपराधिक घटनाओें की सूचना मिलते ही पुलिस जल्द से जल्द मौके पर पहुंचे, इसके मद्देनजर मोटरसाइकिल दस्ते का गठन किया गया है। इसके लिए कार्यकुशलता और दक्षता के आधार पर 105 सिपाही चिह्नित किए गए हैं, जिन्हें आठ सितंबर से 11 सितंबर तक पुलिस लाइन में प्रशिक्षण दिया जाएगा। इस दौरान 39 जीटीसी, सीआरपीएफ, एनडीआरएफ और पुलिस के अधिकारियों के साथ ही बीएचयू के विशेषज्ञ बताएंगे कि किन परिस्थितियों में कैसे काम करना है। यह भी बताया जाएगा कि आमजन से कैसे पेश आना है और राहत व बचाव का काम कैसे करें। जिले में जहां भी वारदात होगी, उसके आसपास मौजूद मोटरसाइकिल दस्ते की लोकेशन जीपीएस सिस्टम से ट्रैक कर उसे तत्काल मौके पर भेजा जाएगा। साथ ही, उस दस्ते के रिस्पांस टाइम का आंकलन किया जाएगा। एसपी ट्रैफिक सुरेश चंद्र रावत ने बताया कि नया मोटरसाइकिल दस्ता यूरोपियन देशों की तर्ज पर गठित किया गया है। यह दस्ता प्रभावी तरीके से काम करेगा ताकि आमजन को महसूस हो कि आपराधिक घटनाओं में कमी आई है।
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