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Varanasi News: महाकुंभ में रोज जा रही गेंदे की 20 हजार माला
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वाराणसी। काशी के फूलों की खुशबू महाकुंभ तक छाई हुई है। काशी से रोजाना गेंदे की 20 हजार माला प्रयागराज भेजी जा रही है। बीते पांच दिनों में एक लाख से अधिक माला भेजी जा चुकी है। इंग्लिशिया लाइन मंडी के अलावा किसानों से व्यापारी फूल मंगवा रहे हैं।
महाकुंभ में पूजन-अर्चन और सजावट के लिए प्रयागराज के अलावा आसपास जिलों से फूल मंगाए जा रहे हैं। नागा साधु-संतों व महामंडलेश्वरों के शिविरों में भी फूलों खपत हो रही है। प्रयागराज के कारोबारी यहां की मंडी के अलावा किसानों से भी फूल खरीदकर ले जा रहे हैं। खासकर आराजीलाइन, सेवापुरी ब्लाक के किसानों से संपर्क कर वहीं से फूल ले जा रहे हैं।
बैरवन के लालबहादुर, मिल्कीचक के अजय, मोहन ने बताया कि प्रयाग के व्यापारी यहां से फूल ले जा रहे हैं। वे ऑर्डर देकर माला बनवा रहे हैं। मंडी के कारोबारी संतोष पाल और उदय ने बताया कि रोज ही पांच से 10 हजार माला भेजी जा रही है। वहां गेंदे के अलावा गुलाब और रजनीगंधा की माला भेजी जा रही है। संवाद
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महाकुंभ में पूजन-अर्चन और सजावट के लिए प्रयागराज के अलावा आसपास जिलों से फूल मंगाए जा रहे हैं। नागा साधु-संतों व महामंडलेश्वरों के शिविरों में भी फूलों खपत हो रही है। प्रयागराज के कारोबारी यहां की मंडी के अलावा किसानों से भी फूल खरीदकर ले जा रहे हैं। खासकर आराजीलाइन, सेवापुरी ब्लाक के किसानों से संपर्क कर वहीं से फूल ले जा रहे हैं।
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बैरवन के लालबहादुर, मिल्कीचक के अजय, मोहन ने बताया कि प्रयाग के व्यापारी यहां से फूल ले जा रहे हैं। वे ऑर्डर देकर माला बनवा रहे हैं। मंडी के कारोबारी संतोष पाल और उदय ने बताया कि रोज ही पांच से 10 हजार माला भेजी जा रही है। वहां गेंदे के अलावा गुलाब और रजनीगंधा की माला भेजी जा रही है। संवाद
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