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भवन निर्माण में खामी, लगाई फटकार
Updated Fri, 09 Feb 2018 01:16 AM IST
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ज्ञानपुर। जिलाधिकारी विशाख जी गुरुवार को यूपी सिडको (समाज कल्याण) की ओर से निर्माणाधीन राजकीय आश्रम पद्धति विद्यालय बीरमपुर चकगुमानी का निरीक्षण किया। इस दौरान निर्माण कार्य मानक के अनुरूप नहीं पाया गया। छत की फिनिसिंग, सुरक्षा की दृष्टिकोण से बीम, सटरिंग मानक के विपरीत देखकर जिलाधिकारी ने अधिशासी अभियंता यूपी सिडको को फटकार लगाते हुए कहा कि कार्य में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। मानक के अनुरूप पूरा काम होना चाहिए।
विद्यालय के लिए शासन से यूपी सिडको (समाज कल्याण) को कुल 13 करोड़ पांच लाख धनराशि स्वीकृत हुई थी। इसमें 10 करोड़ 44 लाख रुपये अवमुक्त हो चुके हैं, जिससे आठ करोड़ 60 लाख व्यय किया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि शासन से प्राप्त धनराशि का सदुपयोग मानक के अनुरूप पारदर्शी और गुणवत्तापरक निर्माण कार्य होना चाहिए। जिलाधिकारी ने अनावासी मुख्य भवन, किचन, डायनिंग, आवासीय आवास, ओवर हेडटैंक, चहर दिवारी आदि प्रमुख निर्माण कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान पानी का टैंक मानक के विपरीत बन रहा था तो बिजली की वायरिंग अंडरग्राउंड नहीं थी। इस पर उन्होंने और अधिशासी अभियंता को फटकार लगाई। असके बाद जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग की ओर से निर्मित सुरियावां-कलिंजरा मार्ग के चौड़ीकरण, सुंदरीकरण कार्य का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियो का निर्देश दिया कि सड़क की खुदाई करके सैंपल लेकर जांचोपरांत रिपोर्ट प्रस्तुत करें। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी हरिशंकर सिंह, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण राकेश कुमार, यूपी सिडको (समाज कल्याण) अभियंता, सहायक अभियंता, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी संतोष कुमार, अपर संख्याधिकारी चंद्रप्रकाश मौर्य समेत अन्य विभागीय अधिकारी औरवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
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विद्यालय के लिए शासन से यूपी सिडको (समाज कल्याण) को कुल 13 करोड़ पांच लाख धनराशि स्वीकृत हुई थी। इसमें 10 करोड़ 44 लाख रुपये अवमुक्त हो चुके हैं, जिससे आठ करोड़ 60 लाख व्यय किया गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि शासन से प्राप्त धनराशि का सदुपयोग मानक के अनुरूप पारदर्शी और गुणवत्तापरक निर्माण कार्य होना चाहिए। जिलाधिकारी ने अनावासी मुख्य भवन, किचन, डायनिंग, आवासीय आवास, ओवर हेडटैंक, चहर दिवारी आदि प्रमुख निर्माण कार्यों का जायजा लिया। इस दौरान पानी का टैंक मानक के विपरीत बन रहा था तो बिजली की वायरिंग अंडरग्राउंड नहीं थी। इस पर उन्होंने और अधिशासी अभियंता को फटकार लगाई। असके बाद जिलाधिकारी ने लोक निर्माण विभाग की ओर से निर्मित सुरियावां-कलिंजरा मार्ग के चौड़ीकरण, सुंदरीकरण कार्य का निरीक्षण कर संबंधित अधिकारियो का निर्देश दिया कि सड़क की खुदाई करके सैंपल लेकर जांचोपरांत रिपोर्ट प्रस्तुत करें। इस अवसर पर मुख्य विकास अधिकारी हरिशंकर सिंह, अधिशासी अभियंता लोक निर्माण राकेश कुमार, यूपी सिडको (समाज कल्याण) अभियंता, सहायक अभियंता, जिला अर्थ एवं संख्याधिकारी संतोष कुमार, अपर संख्याधिकारी चंद्रप्रकाश मौर्य समेत अन्य विभागीय अधिकारी औरवं कर्मचारी उपस्थित रहे।
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