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लॉकडाउन की वजह से भूखे-प्यासे केरल से पैदल जा रहे थे बिहार, पुलिस ने की मदद
Thu, 26 Mar 2020 07:54 PM IST
स्वाधीन तिवारी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंदौली
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंदौली
Published by: स्वाधीन तिवारी
Updated Thu, 26 Mar 2020 07:54 PM IST
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सांकेतिक तस्वीर।
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देश में लाकडाउन की वजह से बाहर रहकर रोजी रोटी कमाने वालों के सामने मुश्किल खड़ी हो गई है। केरल से घर जाने के लिए निकले 16 मजदूर बुधवार की रात पैदल रेल पटरी के सहारे बिहार के समस्तीपुर के लिए चल दिए। सूचना पर पुलिस ने भूखे-प्यासे और बेहाल मजदूरों को कुचमन रेलवे स्टेशन के समीप रोक कर भोजन कराने के बाद स्वास्थ्य परीक्षण कराया। फिर घर तक जाने के लिए वाहन की व्यवस्था कराई।
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बिहार के समस्तीपुर के 16 युवक केरल में मजदूरी करते हैं। कोरोना के चलते काम बंद हो जाने के बाद वे सभी 21 जनवरी को ट्रेन से झांसी और वहां से पिकअप से वाराणसी पहुंचे। यहां जनता कर्फ्यू और दो दिनों का लाक डाउन होने की वजह से फंस गए।
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- फोटो : अमर उजाला
तीन दिनों तक फंसे रहने से पैसे खत्म हो गए। कोई उपाय न होने की वजह से बुधवार की रात वे वाराणसी से पैदल ही रेल पटरी के सहारे बिहार के लिए चल दिए। समूह की संख्या में रेल पटरी पर चलते देख कर लोगों ने इसकी सूचना पुलिस को दी।
एसपी के निर्देश पर सीओ सदर कुंअर प्रभात सिंह और अलीनगर थानाध्यक्ष बृजेश कुमार त्रिपाठी ने उनकी खोजबीन शुरू की। कुचमन के समीप 16 मजदूर पैदल चलते दिखे तो सभी को रोक लिया गया। पुलिस ने सभी को भोजन कराया और उसके बाद चिकित्सा परीक्षण के बाद वाहन की व्यवस्था की।
एसपी के निर्देश पर सीओ सदर कुंअर प्रभात सिंह और अलीनगर थानाध्यक्ष बृजेश कुमार त्रिपाठी ने उनकी खोजबीन शुरू की। कुचमन के समीप 16 मजदूर पैदल चलते दिखे तो सभी को रोक लिया गया। पुलिस ने सभी को भोजन कराया और उसके बाद चिकित्सा परीक्षण के बाद वाहन की व्यवस्था की।