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मंदिर विस्तारीकरण में चेक लेकर 33 किराएदार विस्थापित
Updated Thu, 20 Sep 2018 02:25 AM IST
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वाराणसी। श्री काशी विश्वनाथ मंदिर विस्तारीकरण योजना के तहत बुधवार को मंदिर प्रशासन ने किराएदारों से 26 दुकानें और सात मकान की चाबी लेकर उन्हें चेक देकर विस्थापित कर दिया। किराएदारों की परिस्थिति और अवधि के हिसाब से उनका मुआवजा तय किया गया। मंदिर प्रशासन का दावा है कि किराएदारों से सहमति के आधार पर उन्हें मुआवजा देकर विस्थापित किया गया है। गुरुवार से इन दुकानों और मकानों गिराना शुरू किया जाएगा।
25 हजार वर्गमीटर में बनने वाले काशी विश्वनाथ मंदिर कॉरिडोर योजना में मंदिर प्रशासन को बुधवार रात बड़ी सफलता मिली है। इसमें एक साथ 33 लोगों ने अपने मकान और दुकान की चाबी प्रशासन को सौंप दी। इसके बदले में शासन की ओर तय नियम और आपसी सहमति के हिसाब मुआवजा दिया गया। इससे मंदिर कॉरिडोर के लिए14 हजार वर्गमीटर जमीन एकत्र की जा चुकी है। देर रात मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने 26 दुकान और सात मकानों के किराएदारों को तय धनराशि का चेक देकर चाबी प्राप्त की। मंडलायुक्त ने बताया कि मंदिर परिसर से जुड़े मकान और दुकानों पर वर्षों से किराए पर रहे लोगों को विस्थापित किया गया है। इसके लिए उनकी पारिवारिक परिस्थिति, यहां रहने की अवधि सहित अन्य कई बिंदुओं को ध्यान में रखा गया। मंदिर विस्तारीकरण के लिए इन दुकान व मकानों का ध्वस्तीकरण बृहस्पतिवार से किया जाएगा।
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25 हजार वर्गमीटर में बनने वाले काशी विश्वनाथ मंदिर कॉरिडोर योजना में मंदिर प्रशासन को बुधवार रात बड़ी सफलता मिली है। इसमें एक साथ 33 लोगों ने अपने मकान और दुकान की चाबी प्रशासन को सौंप दी। इसके बदले में शासन की ओर तय नियम और आपसी सहमति के हिसाब मुआवजा दिया गया। इससे मंदिर कॉरिडोर के लिए14 हजार वर्गमीटर जमीन एकत्र की जा चुकी है। देर रात मंडलायुक्त दीपक अग्रवाल ने 26 दुकान और सात मकानों के किराएदारों को तय धनराशि का चेक देकर चाबी प्राप्त की। मंडलायुक्त ने बताया कि मंदिर परिसर से जुड़े मकान और दुकानों पर वर्षों से किराए पर रहे लोगों को विस्थापित किया गया है। इसके लिए उनकी पारिवारिक परिस्थिति, यहां रहने की अवधि सहित अन्य कई बिंदुओं को ध्यान में रखा गया। मंदिर विस्तारीकरण के लिए इन दुकान व मकानों का ध्वस्तीकरण बृहस्पतिवार से किया जाएगा।
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