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चुनाव मैदान में 70 उम्मीदवार
Updated Tue, 26 Dec 2017 02:17 AM IST
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वाराणसी। संपूर्णानंद संस्कृत विश्वविद्यालय के छात्रसंघ चुनाव के लिए सोमवार को वैध प्रत्याशियों की सूची जारी की गई। पुस्तकालय मंत्री पद के एक उम्मीदवार का नामांकन अवैध घोषित कर दिया गया है। ऐसे में अब कुल 70 प्रत्याशी चुनाव मैदान में हैं। वहीं, सूची जारी होने के बाद छात्रों ने हंगामा कर दिया। इसके बाद संशोधित सूची जारी की गई।
सोमवार को सुबह सूची जारी होने पर चार प्रत्याशी अवैध घोषित कर दिए गए थे, जिसकी जानकारी होने पर छात्र हंगामा करने लगे। इनमें तीन प्रत्याशियों के नामांकन पत्र में हस्ताक्षर नहीं थे। विरोध को देखते हुए बाद में इनके हस्ताक्षर करा कर संशोधित सूची जारी की गई। वहीं, पुस्तकालय मंत्री के प्रत्याशी लालता प्रसाद मिश्र के नामांकन पत्र में फोटो और शैक्षिक योग्यता के प्रमाणपत्र नहीं लगे थे। साथ ही विभागाध्यक्ष से नामांकन पत्र अग्रसारित भी नहीं था। ऐसे में इसका नामांकन निरस्त घोषित कर दिया गया। निर्वाचन अधिकारी प्रो. हरिशंकर पांडेय ने बताया कि अध्यक्ष पद पर 18, उपाध्यक्ष पद पर 15, महामंत्री पद पर 14 और पुस्तकालय मंत्री पद पर नौ उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। साहित्य संस्कृति संकाय प्रतिनिधि में पांच, वेद वेदांग में चार, दर्शन संकाय में दो, श्रमण विद्या संकाय में एक और आधुनिक ज्ञान विज्ञान संकाय में दो उम्मीदवारों के बीच टक्कर होगी।
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सोमवार को सुबह सूची जारी होने पर चार प्रत्याशी अवैध घोषित कर दिए गए थे, जिसकी जानकारी होने पर छात्र हंगामा करने लगे। इनमें तीन प्रत्याशियों के नामांकन पत्र में हस्ताक्षर नहीं थे। विरोध को देखते हुए बाद में इनके हस्ताक्षर करा कर संशोधित सूची जारी की गई। वहीं, पुस्तकालय मंत्री के प्रत्याशी लालता प्रसाद मिश्र के नामांकन पत्र में फोटो और शैक्षिक योग्यता के प्रमाणपत्र नहीं लगे थे। साथ ही विभागाध्यक्ष से नामांकन पत्र अग्रसारित भी नहीं था। ऐसे में इसका नामांकन निरस्त घोषित कर दिया गया। निर्वाचन अधिकारी प्रो. हरिशंकर पांडेय ने बताया कि अध्यक्ष पद पर 18, उपाध्यक्ष पद पर 15, महामंत्री पद पर 14 और पुस्तकालय मंत्री पद पर नौ उम्मीदवार चुनाव मैदान में हैं। साहित्य संस्कृति संकाय प्रतिनिधि में पांच, वेद वेदांग में चार, दर्शन संकाय में दो, श्रमण विद्या संकाय में एक और आधुनिक ज्ञान विज्ञान संकाय में दो उम्मीदवारों के बीच टक्कर होगी।
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