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वसूली से परेशान, डीएम को दिया ज्ञापन
अमर उजाला ब्यूरो, उन्नाव
Updated Fri, 13 May 2016 12:27 AM IST
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डीएम को ज्ञापन देने जाते रामसमुझ गुरुकुल महाविद्यालय के बीटीसी प्रशिक्षु।
- फोटो : अमर उजाला
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कॉलेज प्रशासन से परेशान चमरौली स्थित रामसमुझ गुरुकुल महाविद्यालय के बीटीसी 2014 के बैच के प्रशिक्षुओं ने डीएम को ज्ञापन दिया। छात्र-छात्राओं की समस्या को देखते हुए डीएम ने डीआईओएस को जांच के लिए कॉलेज भेज दिया। डीआईओएस ने प्रबंधतंत्र से वार्ता कर दस दिन के अंदर समस्याओं का समाधान कर सूचित करने के निर्देश दिए हैं।
प्रशिक्षुओं का कहना था कि उन्होंने प्रवेश लेते समय निर्धारित शुल्क 41 हजार रुपये डिमांड ड्राफ्ट से जमा किया था। उसके बाद कॉलेज में विद्यालय विकास शुल्क के नाम पर 20 हजार रुपये वसूले गए। परीक्षा शुल्क के नाम पर भी वसूली हुई। बाद में शत प्रतिशत उपस्थित न होने पर प्रति छात्र 1 हजार रुपये प्रतिदिन के हिसाब से वसूले गए ।
अब 35 सौ रुपये प्रैक्टिकल शुल्क के नाम पर मांगे जा रहे हैं। इन शुल्कों की रसीद नहीं दी जाती है। प्रबंधतंत्र ने स्नातक परीक्षाओं में परीक्षक के रूप में ड्यूटी भी कराई। यह ड्यूटी तब कराई गई जब प्राथमिक स्कूलों में इंटर्नशिप चल रही थी। कॉलेज में पानी व बिजली की उचित व्यवस्था नहीं है। इसके विरोध पर प्रबंधतंत्र कॉलेज से बाहर निकालने की धमकी देता है। ज्ञापन देने वालों में अनिल वर्मा, ब्रजेश कुमार, विशाल वर्मा, कल्पना, संजू रावत, रुची देवी, संध्या गुप्ता, ममता देवी, संजीव, लक्ष्मी देवी, सुशांत पटेल आदि छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
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डीआईओएस देवकी सिंह ने बताया कि कॉलेज जाकर प्रबंधतंत्र से बात की गई है। छात्र-छात्राआें की समस्याओं को निपटाने के लिए दस दिन का समय दिया गया है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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प्रशिक्षुओं का कहना था कि उन्होंने प्रवेश लेते समय निर्धारित शुल्क 41 हजार रुपये डिमांड ड्राफ्ट से जमा किया था। उसके बाद कॉलेज में विद्यालय विकास शुल्क के नाम पर 20 हजार रुपये वसूले गए। परीक्षा शुल्क के नाम पर भी वसूली हुई। बाद में शत प्रतिशत उपस्थित न होने पर प्रति छात्र 1 हजार रुपये प्रतिदिन के हिसाब से वसूले गए ।
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अब 35 सौ रुपये प्रैक्टिकल शुल्क के नाम पर मांगे जा रहे हैं। इन शुल्कों की रसीद नहीं दी जाती है। प्रबंधतंत्र ने स्नातक परीक्षाओं में परीक्षक के रूप में ड्यूटी भी कराई। यह ड्यूटी तब कराई गई जब प्राथमिक स्कूलों में इंटर्नशिप चल रही थी। कॉलेज में पानी व बिजली की उचित व्यवस्था नहीं है। इसके विरोध पर प्रबंधतंत्र कॉलेज से बाहर निकालने की धमकी देता है। ज्ञापन देने वालों में अनिल वर्मा, ब्रजेश कुमार, विशाल वर्मा, कल्पना, संजू रावत, रुची देवी, संध्या गुप्ता, ममता देवी, संजीव, लक्ष्मी देवी, सुशांत पटेल आदि छात्र-छात्राएं मौजूद रहे।
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डीआईओएस देवकी सिंह ने बताया कि कॉलेज जाकर प्रबंधतंत्र से बात की गई है। छात्र-छात्राआें की समस्याओं को निपटाने के लिए दस दिन का समय दिया गया है। इसके बाद आगे की कार्रवाई की जाएगी।