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प्रशासन का दावा कोरोना से नहीं हुई एक भी मौत
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उन्नाव। त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव प्रक्रिया के दौरान जिले में तीन कार्मिकों की मौतें हुईं लेकिन इसमें से कोई भी कोरोना संक्रमित नहीं था। तीन में से एक की मौत मार्ग दुर्घटना तो दो की हार्टअटैक से हुई है। यह दावा जिला प्रशासन ने किया है। साथ ही तीनों मौतों की जानकारी निर्वाचन आयोग को भी दे दी है।
शिक्षक संघ एक तरफ पंचायत चुनाव के (मतदान प्रशिक्षण से लेकर मतगणना तक) दौरान 32 से अधिक शिक्षकों की कोरोना से मौत होने का दावा कर रहा है। वहीं दूसरी ओर जिला प्रशासन शिक्षक संघ के दावे को नकारने में जुटा हुआ है। प्रशासन की ओर से राज्य निर्वाचन आयोग को जो सूची भेजी गई है उसमें तीन कार्मिकों की मौत होने की जानकारी दी गई है।
इन कार्मिकों में एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और दो होमगार्ड शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सीमा देवी मतदान कराकर वापस लौट रही थी। तभी एक मार्ग दुर्घटना में उनकी मौत हो गई थी। इसी प्रकार मृत दो होमगार्डों में एक आगरा और एक उन्नाव का शामिल है। अधिकारी होमगार्डों की हार्टअटैक से मौत होने की बात कह रहे हैं। प्रशासन की दिवंगत कार्मिकों की लिस्ट में एक भी शिक्षक का नाम नहीं है। इसका सीधा सा अर्थ है कि प्रशासन की नजर में शिक्षकों की मौत चुनाव ड्यूटी के दौरान कोरोना से नहीं हुई है।
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सहायता राशि के लिए आयोग को भेजा गया पत्र
त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व दो होमगार्डों की मौत होने की जानकारी मिली थी। इनमें से किसी की भी कोरोना से मौत नहीं हुई है। एक की मार्ग दुर्घटना और दो की हार्टअटैक से मौत होने की पुष्टि हुई है। इसी आधार पर तीन कार्मिकों के आश्रितों को 15-15 लाख की सहायता राशि का मांगपत्र राज्य निर्वाचन आयोग को भेजा गया है।
डॉ. संजय द्विवेदी, सहायक निर्वाचन अधिकारी (पंचायत/निकाय) उन्नाव।
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शिक्षक संघ एक तरफ पंचायत चुनाव के (मतदान प्रशिक्षण से लेकर मतगणना तक) दौरान 32 से अधिक शिक्षकों की कोरोना से मौत होने का दावा कर रहा है। वहीं दूसरी ओर जिला प्रशासन शिक्षक संघ के दावे को नकारने में जुटा हुआ है। प्रशासन की ओर से राज्य निर्वाचन आयोग को जो सूची भेजी गई है उसमें तीन कार्मिकों की मौत होने की जानकारी दी गई है।
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इन कार्मिकों में एक आंगनबाड़ी कार्यकर्ता और दो होमगार्ड शामिल हैं। अधिकारियों का कहना है कि आंगनबाड़ी कार्यकर्ता सीमा देवी मतदान कराकर वापस लौट रही थी। तभी एक मार्ग दुर्घटना में उनकी मौत हो गई थी। इसी प्रकार मृत दो होमगार्डों में एक आगरा और एक उन्नाव का शामिल है। अधिकारी होमगार्डों की हार्टअटैक से मौत होने की बात कह रहे हैं। प्रशासन की दिवंगत कार्मिकों की लिस्ट में एक भी शिक्षक का नाम नहीं है। इसका सीधा सा अर्थ है कि प्रशासन की नजर में शिक्षकों की मौत चुनाव ड्यूटी के दौरान कोरोना से नहीं हुई है।
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त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान आंगनबाड़ी कार्यकर्ता व दो होमगार्डों की मौत होने की जानकारी मिली थी। इनमें से किसी की भी कोरोना से मौत नहीं हुई है। एक की मार्ग दुर्घटना और दो की हार्टअटैक से मौत होने की पुष्टि हुई है। इसी आधार पर तीन कार्मिकों के आश्रितों को 15-15 लाख की सहायता राशि का मांगपत्र राज्य निर्वाचन आयोग को भेजा गया है।
डॉ. संजय द्विवेदी, सहायक निर्वाचन अधिकारी (पंचायत/निकाय) उन्नाव।