{"_id":"69efb60e8fbb4fee7904af9b","slug":"unnao-news-unnao-news-c-221-1-uno1001-149465-2026-04-28","type":"story","status":"publish","title_hn":"Unnao News: डंपर न पकड़े जाने परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से किया इन्कार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Unnao News: डंपर न पकड़े जाने परिजनों ने शव का अंतिम संस्कार करने से किया इन्कार
विज्ञापन
फोटो-32- महिला की मौत पर घर के बाहर लगी ग्रामीणों की भीड़। संवाद
- फोटो : गुलरा परसोहना में ढहाया गया अतिक्रमण।
चकलवंशी। सड़क हादसे में रविवार को महिला की मौत मामले में शव का पोस्टमार्टम कराने के बाद परिजन ने डंपर न पकड़ने का आरोप लगाते हुए अंतिम संस्कार से इन्कार कर दिया। थानाध्यक्ष ने मौके पर पहुंचकर समझाया। दो दिन में डंपर को कब्जे में लेने का आश्वासन देकर मामला शांत कराया।
कलंदरखेड़ा निवासी राजकुमारी (46) पत्नी स्व. कमलेश की हंसाखेडा में चाची की मौत हो गई थी। राजकुमारी रविवार को गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के अगेहरा निवासी बहन राजरानी (42) और बहनोई रामबाबू (45) के साथ बाइक से हंसाखेडा जा रहे थे। चकलवंशी-सरोसी मार्ग पर भूमेश्वर मंदिर के पास डंपर ने बाइक मे पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में राजकुमारी सड़क पर गिर गई थी और डंपर उसके पैर के ऊपर से निकलने से मौत हो गई थी। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव लेकर घर पहुंचे परिजनों ने डंपर न पकड़े जाने तक अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। मृतका की बड़ी बेटी राधा ने बताया कि पांच साल पहले पिता की अज्ञात वाहन की टक्कर से मौत हो गई थी, कोई मुआवजा नहीं मिला था।
थानाध्यक्ष योगेश कुमार सिंह ने बताया कि दो दिन में डंपर पकड़ने का आश्वासन देकर परिजनों को शांत कराया गया है। शव का परियर घाट पर अंतिम संस्कार करा दिया गया।
विज्ञापन
विज्ञापन
कलंदरखेड़ा निवासी राजकुमारी (46) पत्नी स्व. कमलेश की हंसाखेडा में चाची की मौत हो गई थी। राजकुमारी रविवार को गंगाघाट कोतवाली क्षेत्र के अगेहरा निवासी बहन राजरानी (42) और बहनोई रामबाबू (45) के साथ बाइक से हंसाखेडा जा रहे थे। चकलवंशी-सरोसी मार्ग पर भूमेश्वर मंदिर के पास डंपर ने बाइक मे पीछे से टक्कर मार दी। हादसे में राजकुमारी सड़क पर गिर गई थी और डंपर उसके पैर के ऊपर से निकलने से मौत हो गई थी। सोमवार को पोस्टमार्टम के बाद शव लेकर घर पहुंचे परिजनों ने डंपर न पकड़े जाने तक अंतिम संस्कार करने से मना कर दिया। मृतका की बड़ी बेटी राधा ने बताया कि पांच साल पहले पिता की अज्ञात वाहन की टक्कर से मौत हो गई थी, कोई मुआवजा नहीं मिला था।
विज्ञापन
थानाध्यक्ष योगेश कुमार सिंह ने बताया कि दो दिन में डंपर पकड़ने का आश्वासन देकर परिजनों को शांत कराया गया है। शव का परियर घाट पर अंतिम संस्कार करा दिया गया।
विज्ञापन