{"_id":"624c911178ea7e79161d40cf","slug":"tiger-terror-unnao-news-knp689556947","type":"story","status":"publish","title_hn":"बाग में बाघ की दहशत से तेगापुर गांव में पसरा है सन्नाटा","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
बाग में बाघ की दहशत से तेगापुर गांव में पसरा है सन्नाटा
विज्ञापन
हसनगंज। तहसील क्षेत्र के तेगापुर गांव में आम के बाग में बाघ दिखने के बाद से ग्रामीणों में दहशत कायम है। मंगलवार को वन विभाग की टीम कांबिंग करने नहीं पहुंची। इससे ग्रामीणों में नाराजगी है। उन्होंने आरोप लगाया कि बाघ की तलाश किए बगैर ही वन विभाग शांत हो गया जबकि बाघ अभी भी गांव के जंगल में है।
तेगापुर गांव के बाहर दो अप्रैल की देर शाम आम के बाग के बाहर टहलते बाघ का किसान ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया था। इसके बाद वन विभाग के दरोगा ने गांव के आसपास कांबिंग शुरू की थी लेकिन पैरों के निशान नजर नहीं आए। वहीं वन विभाग की टीम ने बाघ की जगह कुत्ता होने का बात कही थी।
टीम मंगलवार को गांव में काबिंग करने नहीं पहुंची। इससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। बाघ के बाग में होने की आशंका से ग्रामीणोें ने खेत पर जाना बंद कर दिया है। किसान गुड्डू सिंह, चंदिका प्रसाद, जगतपाल, तुलसीराम ने बताया कि आम की बागों में धुलाई करवानी है लेकिन बाघ की दहशत की वजह से बागों की धुलाई करने नहीं जा पा रहे है
विज्ञापन
मोहान वन क्षेत्राधिकारी देव दत्त पाल ने बताया कि दो दिन लगातार टीम सक्रिय होकर बाघ की तलाश करती रही लेकिन पदचिह्न तक नजर नहीं आए। मंगलवार को औरास ब्लाक में अवैध तरीके से चल रही आरा मशीनों पर छापेमारी की थी, इसलिए टीम गांव नहीं पहुंच सकी।
विज्ञापन
तेगापुर गांव के बाहर दो अप्रैल की देर शाम आम के बाग के बाहर टहलते बाघ का किसान ने वीडियो बनाकर सोशल मीडिया पर वायरल कर दिया था। इसके बाद वन विभाग के दरोगा ने गांव के आसपास कांबिंग शुरू की थी लेकिन पैरों के निशान नजर नहीं आए। वहीं वन विभाग की टीम ने बाघ की जगह कुत्ता होने का बात कही थी।
विज्ञापन
टीम मंगलवार को गांव में काबिंग करने नहीं पहुंची। इससे ग्रामीणों में रोष व्याप्त है। बाघ के बाग में होने की आशंका से ग्रामीणोें ने खेत पर जाना बंद कर दिया है। किसान गुड्डू सिंह, चंदिका प्रसाद, जगतपाल, तुलसीराम ने बताया कि आम की बागों में धुलाई करवानी है लेकिन बाघ की दहशत की वजह से बागों की धुलाई करने नहीं जा पा रहे है
विज्ञापन
मोहान वन क्षेत्राधिकारी देव दत्त पाल ने बताया कि दो दिन लगातार टीम सक्रिय होकर बाघ की तलाश करती रही लेकिन पदचिह्न तक नजर नहीं आए। मंगलवार को औरास ब्लाक में अवैध तरीके से चल रही आरा मशीनों पर छापेमारी की थी, इसलिए टीम गांव नहीं पहुंच सकी।