मंत्री ने पढ़ाया एकता का पाठ
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अहमद हसन ने कहा कि बसपा के शासनकाल में मुसलमानों को अच्छे पदों पर नहीं बैठाया गया। कहा कि बसपा सरकार में कोई भी ऐसा कोई मंत्री नहीं रहा जिस पर भ्रष्टाचार का दाग न लगा हो। कहा कि बसपा दो बार भाजपा से गठबंधन कर चुकी है। भाजपा पर प्रहार करते हुए कहा कि देश की बदकिस्मती है कि नरेंद्र मोदी प्रधानमंत्री हैं। केंद्र की सरकार कालाधन लाने का वादा करके सत्ता में आई, लेकिन इस ओर कोई कदम नहीं उठाया। अहमद हसन ने कहा कि कांग्रेस ने आवाम के साथ धोखा किया इसी कारण भाजपा केंद्र में है। सपा ही एक ऐसी सरकार है जो सभी वर्गों के लिए काम करती है। सरकार ने शिक्षामित्रों को सहायक टीचर बनाने का वादा पूरा किया। जिन शिक्षामित्रों का अभी समायोजन नहीं हुआ वह भी जल्द टीचर बनेंगे। सपा जिलाध्यक्ष अनवार अहमद , भगवंतनगर विधायक कुलदीप सिंह सेंगर, एमएलसी सुनील साजन, विधायक उदयराज यादव, सदर विधानसभा प्रभारी मनीषा दीपक, प्रभा यादव ने विचार रखे। सम्मेलन के आयोजक व अल्पसंख्यक सभा के जिलाध्यक्ष मो. इस्माइल खां ने मुख्य अतिथि, जिलाध्यक्ष व अन्य अतिथियों का स्वागत किया। इस दौरान अतहर अली लाले, अतीक अहमद, शकील, सलमान, आबिद सहित तमाम तमाम कार्यकर्ता मौजूद रहे। आदर्श लोक शिक्षा प्रेरक वेलफेयर एसोसिएशन, राष्ट्रीय शैक्षिक महासंघ व आदर्श साक्षरता कर्मी वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने अपनी मांगो को लेकर शिक्षामंत्री को ज्ञापन भी दिया। पूर्व माध्यमिक अनुदेशक कल्याण समिति के पदाधिकारियों ने बीएसए कौस्तुभ कुमार सिंह, नवाबगंज ब्लॉक अध्यक्ष विनय त्रिपाठी, सत्यदेव सिंह व शशांक मिश्रा के नेतृत्व में मंत्री अहमद हसन का स्वागत किया। यहां अनुदेशकों ने मानदेय बढ़ाए जाने के लिए ज्ञापन भी दिया। इसके पूर्व प्राथमिक शिक्षामित्र संघ व आदर्श शिक्षामित्र वेलफेयर एसोसिएशन के पदाधिकारियों ने ज्ञापन देकर बेसिक शिक्षा मंत्री को तृतीय बैच के शिक्षामित्रों के समायोजन की मांग की। इस दौरान शिक्षक नेता विवेक तिवारी, कुलदीप शुक्ला, कमलकांत तिवारी, अनूप यादव, राजेश दीक्षित, श्याम कुमार, अनीत पटेल, धनंजय सिंह, माणिक शुक्ला आदि मौजूद रहे।
नामांकन बढ़ाने पर बनेगी रणनीति
पत्रकारों से वार्ता के दौरान सरकार के प्रयासों के बाद भी परिषदीय स्कूलों में घट रही छात्रों की संख्या के सवाल पर बेसिक शिक्षा मंत्री ने कहा कि यह चिंता का विषय है। नामांक न बढ़ाने के लिए बैठक कर प्रभावी कार्ययोजना तय की जाएगी। जिले में टीचरों के तबादलों में मानकों की अनदेखी पर उन्होंने कहा कि इसकी जांच कराई जाएगी।