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उन्नाव की तीन तहसीलों से गुजरेगा गंगा एक्सप्रेसवे
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उन्नाव। योगी सरकार की महत्वाकांक्षी मेरठ से प्रयागराज तक प्रस्तावित गंगा एक्सप्रेसवे जनपद की तीन तहसीलों से गुजारने पर सहमति बन चुकी है। रूट मैप तैयार है। अब जल्द ही भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया शुरू की जाएगी। यह एक्सप्रेसवे जिले के उन ग्रामीण क्षेत्रों में विकास की बयार लेकर आएगा जो अभी तक किसी हाईवे या एक्सप्रेसवे से दूर हैं। मुख्यमंत्री की हरी झंडी मिलते ही रूट मैप के हिसाब से काम शुरू हो जाएगा।
मेरठ से प्रयागराज के बीच बनने वाला गंगा एक्सप्रेसवे 596 किलोमीटर लंबा होगा। एक्सप्रेस वे जनपद के रास्ते होते हुए रायबरेली, प्रतापगढ़ होकर प्रयागराज जाएगा। इसका निर्माण मेरठ से शुरू होगा जो विभिन्न जिलों में होते हुए हरदोई आएगा। फिर हरदोई से उन्नाव की सफीपुर तहसील के कुछ गांव को छुएगा। इसके बाद हसनगंज तहसील के गांवों (अजगैन आदि क्षेत्र) से होते हुए पुरवा तहसील और आगे रायबरेली को जाएगा। भूमि अध्यापित विभाग के अनुसार, सितंबर माह में लखनऊ से विभाग के उच्चाधिकारी आए थे। यहां पर सफीपुर, हसनगंज व पुरवा तहसील के एसडीएम के साथ बैठक की थी। बैठक में ही एक्सप्रेस वे को गुजारने के रूटों पर विचार विमर्श हुआ और तीन तहसील क्षेत्रों से निकालने पर सहमति बनी थी। हालांकि एक्सप्रेसवे का फाइनल रूट मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की हरी झंडी मिलने के बाद ही जारी होने की बात कही जा रही है।
प्रभारी भूमि अध्याप्ति अधिकारी आत्मप्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि प्रस्तावित रूट मैप में सफीपुर, हसनगंज व पुरवा तहसील के गांवों से एक्सप्रेसवे निकाला जा सकता है।
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मेरठ से प्रयागराज के बीच बनने वाला गंगा एक्सप्रेसवे 596 किलोमीटर लंबा होगा। एक्सप्रेस वे जनपद के रास्ते होते हुए रायबरेली, प्रतापगढ़ होकर प्रयागराज जाएगा। इसका निर्माण मेरठ से शुरू होगा जो विभिन्न जिलों में होते हुए हरदोई आएगा। फिर हरदोई से उन्नाव की सफीपुर तहसील के कुछ गांव को छुएगा। इसके बाद हसनगंज तहसील के गांवों (अजगैन आदि क्षेत्र) से होते हुए पुरवा तहसील और आगे रायबरेली को जाएगा। भूमि अध्यापित विभाग के अनुसार, सितंबर माह में लखनऊ से विभाग के उच्चाधिकारी आए थे। यहां पर सफीपुर, हसनगंज व पुरवा तहसील के एसडीएम के साथ बैठक की थी। बैठक में ही एक्सप्रेस वे को गुजारने के रूटों पर विचार विमर्श हुआ और तीन तहसील क्षेत्रों से निकालने पर सहमति बनी थी। हालांकि एक्सप्रेसवे का फाइनल रूट मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की हरी झंडी मिलने के बाद ही जारी होने की बात कही जा रही है।
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प्रभारी भूमि अध्याप्ति अधिकारी आत्मप्रकाश श्रीवास्तव ने बताया कि प्रस्तावित रूट मैप में सफीपुर, हसनगंज व पुरवा तहसील के गांवों से एक्सप्रेसवे निकाला जा सकता है।
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