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पुलिस की गले की फांस बना किशोरी की मौत का मामला

Sat, 25 Nov 2017 12:22 AM IST
Updated Sat, 25 Nov 2017 12:22 AM IST
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पुलिस की गले की फांस बना किशोरी की मौत का मामला
किशोरी की मौत बनी पुलिस के गले की फांस
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उन्नाव। शहर के मोहल्ला एबीनगर में दो महीने पहले हुई किशोरी की मौत का खुलासा पुलिस के गले की फांस बन गया है।



तत्कालीन व नवागत कप्तान के प्रयासाें के बाद भी सफलता नहीं मिली है। वहीं न्याय न मिलने से पीड़ित परिवार परेशान है। किशोरी के परिजनाें ने पुलिस पर जानबूझकर खुलासा न करने का आरोप लगाया है। पुलिस कई बार घटनास्थल की जांच कर चुकी है। इसके बाद भी सफलता दूर की कौड़ी लग रही है।



शहर के मोहल्ला एबीनगर निवासी अनिल कुशवाहा की बेटी खुशी(14) की मौत का रहस्य दो महीने बाद भी पहेली बना हुआ है। न्याय न मिलने से पीड़ित परिवार परेशान है। 13 नवंबर को मृतका के परिवारीजनों ने लखनऊ विधानसभा के सामने आत्मदाह का प्रयास किया था।
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पुलिस ने मौके पर पहुंचकर मामला शांत करा दिया था। परिवारीजनों के मुताबिक पुलिस के उच्चाधिकारियों ने जल्द खुलासे का आश्वासन दिया था। बारह दिन बीत जाने के बाद भी कुछ नहीं हुआ।
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अनिल कुशवाहा की बेटी खुशी (14) का शव 24 सितंबर को घर की छत पर दीवार में लगी कील से साड़ी के फंदे पर लटकता मिला था।



पोस्टमार्टम रिपोर्ट में खुशी के साथ दुष्कर्म की बात सामने आई थी। पुलिस ने खुलासे के लिए अनिल के यहां किराये पर रह रहे दो युवकों को उठाया था। पुलिस को सफलता नहीं मिली। तब से पुलिस अब तक कोई सुराग नहीं लगा पाई।




क्या बोलीं एसपी
एसपी पुष्पांजलि ने बताया कि खुशी की मौत के मामले में जांच चल रही है। फिलहाल कुछ भी सामने नहीं आ रहा है। जांच जारी है। खुलासे का प्रयास किया जा रहा है।



- दो महीने बीतने के बाद भी पुलिस के हाथ खाली, न्याय पाने के लिए पीड़ित परिवार आत्मदाह का कर चुका प्रयास
अमर उजाला ब्यूरो
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