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लाइट, टेंट में खर्च हो गए 86 लाख
अमर उजाला ब्यूरो/सुल्तानपुर
Updated Wed, 16 Dec 2015 10:32 PM IST
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पंचायत चुनाव में मानक से अधिक पानी की तरह पैसा बहा दिया गया। व्यवस्था का कार्य पाई फर्म ने सिर्फ डीडीसी-बीडीसी चुनाव में ब्लॉकों में लाइट, टेंट, बैरिकेडिंग, कुर्सी एवं जाली के नाम पर 86 लाख रुपये खर्च कर दिए। खंड विकास अधिकारियों ने इस पर अपनी संस्तुति भी कर दी।
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मानक से अधिक बिल की आशंका पर डीएम ने जांच के निर्देश दिए हैं।
पंचायत चुनाव में व्यवस्था का कार्य पाई फर्म ने आयोग के मानक से अधिक पैसा बहा दिया। अकेले जिला पंचायत व क्षेत्र पंचायत के चुनाव में आयोग के निर्देश पर व्यवस्था का कार्य जिले की एक फर्म को दिया गया था। जिला निर्वाचन कार्यालय ने टेंडर के बाद कार्य पाई फर्म को सभी ब्लॉकों में नामांकन प्रक्रिया व मतगणना की व्यवस्था करने का निर्देश दिया था। ब्लॉकों व जिला पंचायत में लाइट, टेंट, बैरिकेडिंग, कुर्सी व जाली लगाने का कार्य पाई फर्म ने पूरी चुनावी प्रक्रिया के कार्य में आयोग के मानक को तोड़ दिया।
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फर्म ने निर्वाचन कार्यालय को करीब 86 लाख रुपये का बिल भेज दिया। मानक से करीब चार गुना अधिक का बिल मिलते ही अधिकारी दंग रह गए। फर्म ने जो बिल निर्वाचन कार्यालय पंचस्थानिक को दिया है उसकी संबंधित ब्लॉकों के बीडीओ व प्रभारी अधिकारी/अधिशाषी अभियंता प्रांतीय खंड ने संस्तुति भी कर दी है। मानक से चार गुना अधिक का बिल मिलने पर जिला निर्वाचन अधिकारी/जिलाधिकारी ने जांच के निर्देश दिए हैं।
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प्रति ब्लॉक 1.55 लाख रुपये का मानक
ब्लॉकों पर लाइट, टेंट, कुर्सी, बैरिकेडिंग व जाली आदि कार्य के लिए आयोग ने प्रति ब्लॉक खर्च का मानक एक लाख 55 हजार रुपये निर्धारित किया है। चुनाव की व्यवस्था में फर्म ने आयोग के मानक का करीब चार गुना खर्च दिखाया है। मानक के हिसाब से जिले के 14 ब्लॉकों में 21 लाख 70 हजार रुपये खर्च होने चाहिए थे, जबकि खर्च दिखाया गया है 86 लाख रुपया।