सोनभद्र। सावन मास के पहले सोमवार को शिवालयों में शिवभक्तों ने भगवान शंकर का दूध और जल से अभिषेक कर मन्नतें मांगी। सोशल डिस्टेसिंग का पालन करते हुए महादेव को बिल्व पत्र, मदार का फूल, भांग, पुष्प आदि चढ़ाकर विधि विधान से पूजा-अर्चना की। व्रती महिलाओं ने पूजन अर्चन किया। कई स्थानों पर रुद्राभिषेक भी हुआ। दर्शन पूजन का सिलसिला पूरे दिन चला। जिला मुख्यालय राबर्ट्र्सगंज से पांच किलोमीटर की दूरी पर रौप पहाड़ी पर स्थित पंचमुखी मंदिर के पास, राबर्ट्र्सगंज नगर स्थित विरेश्वर मंदिर, सोभनाथ मंदिर, बरैला गांव स्थित अर्धनारीश्वर मंदिर सहित अन्य शिवालयों के आस-पास सोमवार को सुबह ही फूल-माला की अस्थायी दुकानें सज गई थी। पंचमुखी महादेव मंदिर में लक्ष्मन दुबे ने भक्तों को दर्शन पूजन कराया। जबकि विरेश्वर मंदिर में राजकुमार पांडेय की देख रेख में श्रद्धालु सामाजिक दूरी बनाते हुए दर्शन पूजन किए। शाहगंज: क्षेत्र स्थित प्रसिद्ध गौरीशंकर मंदिर में आस-पास के गांवों से पहुंचे श्रद्धालुओं ने भगवान शिव का जल एवं दूध से अभिषेक कर विधि पूर्वक पूजन अर्चन किया। दुद्धी: सावन पहले सोमवार को भगवान भोले का श्रद्धालुओं ने पूरी निष्ठा भाव से अपने घरों और स्थानीय शिवालयों में पूजन अर्चन कर भोग लगाया। महिलाओं और पुरुषों ने बारी-बारी से सामाजिक दूरी का पालन करते हुए महादेव का दर्शन पूजन किया। इस दौरान मंदिर के आसपास सुरक्षा के बेहतर इंतजाम किए गए थे। पुलिस ने लोगों से सोशल डिस्टेंसिंग का पालन कराया। शक्तिनगर: एनटीपीसी सिंगरौली के आवासीय परिसर में स्थित शक्तेश्वर मंदिर में श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया और बिल्वपत्र, पुष्प अर्पित कर मनोकामना पूर्ति की कामना की। इसी प्रकार कोटा, चिल्काडांड गांव व बाजार में स्थित शिवालयों में सुबह से ही पूजा अर्चना का क्रम शाम तक चला। प्राचीन शिव मंदिर कौहरौलिया में प्रात: काल से ही भक्तों ने हर हर महादेव के उद्घोष के साथ भगवान भोलेनाथ का जलाभिषेक, रुद्राभिषेक किया वही विधिविधान से पूजन अर्चन कर सुख समृद्धि की कामना की। प्राचीन शिव मंदिर कोहरौलिया, सीएचपी शिव मंदिर, बीना शिव मंदिर, घरसडी शिव मंदिर, चंदुआर शिव मंदिर में देर शाम तक पूजा-अर्चना का दौर चला।