सोनभद्र: किशोरी से दुष्कर्म के दोषी को सात साल की कैद, तीस हजार रुपये जुर्माना
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सोनभद्र जिले के बभनी थाना क्षेत्र के एक गांव में साढ़े छह साल पूर्व किशोरी के साथ हुए दुष्कर्म के मामले में अपर सत्र न्यायाधीश/विशेष न्यायाधीश पॉक्सो एक्ट पंकज श्रीवास्तव की अदालत ने दोषी को सात वर्ष कैद की सजा सुनाई है। उस पर तीस हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया है। अर्थदंड न देने पर छह माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। अर्थदंड की समूची धनराशि पीड़िता को मिलेगी।
अभियोजन पक्ष के अनुसार, बभनी थाना क्षेत्र के एक गांव निवासी व्यक्ति ने नौ अप्रैल 2015 को दी तहरीर में आरोप लगाया था कि एक अप्रैल 2015 की शाम जब उसकी बेटी(16) घर में अकेली थी। तभी बड़होर गांव निवासी परवेज उसके घर में घुस गया और उसकी नाबालिग बेटी के साथ दुष्कर्म किया। चीखने की आवाज सुनकर बहू और दूसरी बेटी आ गई तो परवेज भाग गया।
तहरीर पर पुलिस ने केस दर्ज कर मामले की विवेचना की। विवेचना के दौरान पर्याप्त सबूत मिलने पर विवेचक ने न्यायालय में चार्जशीट दाखिल की थी। कोर्ट ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुनने, गवाहों के बयान एवं पत्रावली का अवलोकन करने पर दोष सिद्ध पाकर दोषी परवेज को सात साल की कैद और 30 हजार अर्थदंड की सजा सुनाई।
अर्थदंड न देने पर छह माह की अतिरिक्त कैद भुगतनी होगी। वहीं पीड़िता को अर्थदंड की समूची धनराशि मिलेगी। अभियोजन पक्ष की ओर से सरकारी वकील दिनेश अग्रहरि व सत्यप्रकाश त्रिपाठी ने बहस की।