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विद्यालयों में लागू होगा चाइल्ड ट्रेकिंग सिस्टम

Thu, 24 Feb 2022 11:44 PM IST
Varanasi Bureau वाराणसी ब्यूरो
Updated Thu, 24 Feb 2022 11:44 PM IST
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Child tracking system will be implemented in schools
फर्जी नामांकन के आधार पर सरकारी योजनाओं का लाभ हड़पने की कोशिश अब सफल नहीं होगी। फर्जीवाड़े पर अंकुश के लिए अब शासन ने विद्यालयों में चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम लागू करने की कवायद की है। इससे न सिर्फ हर बच्चे का रिकार्ड विभाग के पास होगा, बल्कि विद्यालय में उपस्थिति से लेकर पढ़ाई से जुड़ी दैनिक गतिविधियों पर भी नजर रखी जाएगी। बेसिक शिक्षा विभाग ने बच्चों का डाटा यू-डाइस पोर्टल पर अपलोड करने का निर्देश जारी किया है। जिले के सरकारी सहायता प्राप्त, मदरसा, समाज कल्याण व मान्यता प्राप्त विद्यालयों में यह सुविधा जल्द लागू की जा सकती है।
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विद्यालयों में बच्चों के फर्जी नामांकन की शिकायतें लगातार आती रहती हैं। कभी निजी विद्यालय के बच्चों का नाम चढ़ाकर योजनाओं का लाभ हड़प लिया जाता है तो कभी अन्य तरीके से फर्जीवाड़ा होता है। इन शिकायतों के मद्देनजर विभाग ने एक पोर्टल पर बच्चें की समग्र जानकारी इकट्ठा करने की कवायद की है। विद्यालयों में फर्जी नामांकन रोकने और छह से 14 वर्ष तक के बच्चों की गतिविधियों को ट्रैक कर उनके रिकॉर्ड रखने में भी पोर्टल विभाग की सहायता करेगा। चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम को लागू करने की कवायद तेज है। पोर्टल पर अपलोड बच्चों के ब्योरों को आधार कार्ड से भी लिंक किया जाएगा। बच्चों का डेटा ऑनलाइन होने से फर्जी नामांकन की शिकायतों पर नकेल कसी जाएगी। यह प्रणाली सभी विद्यालयों में अप्रैल से नए सत्र से लागू होने की संभावना है। अधिकारियों की मानें तो बच्चों को इस एप के जरिए यूनीक आईडी कोड दिया जाएगा, जिससे बच्चों के स्कूल न आने की स्थिति के बारे में भी पता किया जा सकेगा। चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम (सीटीएस) लागू होने से बच्चों का रिकॉर्ड ऑनलाइन होगा और पारदर्शिता के साथ बच्चों की गतिविधियों पर नजर रखी जा सकेगी।
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चाइल्ड ट्रैकिंग सिस्टम लागू होने की कवायद चल रही है। नए सत्र में लागू होने की संभावना है। इसके लागू होने के बाद सभी विद्यालयों के शिक्षा गुणवत्ता में सुधार लाया जा सकेगा। - हरिवंश कुमार, बीएसए, सोनभद्र।
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