सोनभद्र। करीब 16 वर्ष पूर्व दर्ज हुए गैंगस्टर एक्ट के मामले में विशेष न्यायाधीश गैंगस्टर कोर्ट अर्चना रानी की अदालत ने दोषी गैंग लीडर किसान चौहान समेत पांच सदस्यों को 3-3 वर्ष कठोर कैद की सजा सुनाई है। सोमवार को सुनवाई करते हुए 10-10 हजार रुपये अर्थदंड भी लगाया। जुर्माना न देने पर दो-दो माह की अतिरिक्त कैद होगी
अभियोजन पक्ष के मुताबिक, प्रभारी निरीक्षक शफीक अहमद खान ने रॉबर्ट्सगंज थाने में दी तहरीर में अवगत कराया था कि 23 सितंबर 2009 को पुलिस बल के साथ देखभाल क्षेत्र जाने पर पता चला कि गौरही निवासी किसान चौहान एक सक्रिय गैंग है, जिसका वह गैंग लीडर है। इसके अलावा गैंग के सक्रिय सदस्य सुखराम, श्यामलाल, घूरे व संजय पटेल हैं। इनके विरुद्ध चोरी, वन अधिनियम, खनिज एवं खान अधिनियम समेत कई मुकदमा विचाराधीन है। लोगों में भय पैदा कर आर्थिक लाभ के लिए कार्य करते हैं। इनके विरुद्ध कोई भी मुकदमा लिखवाने अथवा गवाही देने की हिम्मत नहीं करता है। इस तहरीर पर 23 सितंबर 2009 को रॉबर्ट्सगंज थाने में गैंगस्टर एक्ट में केस दर्ज हुआ था। विवेचना के उपरांत कोर्ट में चार्जशीट दाखिल की गई। मामले की सुनवाई करते हुए कोर्ट ने दोनों पक्षों के अधिवक्ताओं के तर्कों को सुनने, गवाहों के बयान एवं पत्रावली का अवलोकन करने पर दोषी गैंग लीडर किसान चौहान, सक्रिय सदस्य सुखराम, घूरे, श्यामलाल व संजय पटेल को 3-3 वर्ष की कठोर कैद एवं 10-10 हजार रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई।