आंगनबाड़ी केंद्र में वर्णमाला सीख रहा सोनभद्र के डीएम का बेटा, लोग कर रहे सराहना
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उत्तर प्रदेश में सोनभद्र के जिलाधिकारी ने एक बेहतरीन मिसाल पेश की है। जहां आज सरकारी अफसर अपने बच्चों को प्ले वे स्कूल से लेकर कांवेंट स्कूल में पढ़ा रहे हैं, वहीं, सोनभद्र के डीएम अपने बेटे को आगनबाड़ी केंद्र में पढ़ा रहे हैं।
सोनभद्र के जिलाधिकारी अंकित कुमार अग्रवाल ने सदर ब्लॉक के उरमौरा ग्राम पंचायत के आंगनबाड़ी केंद्र में अपने तीन वर्षीय पुत्र अनय का नाम दर्ज कराया है। बदलते परिवेश में जब लोग आधुनिक शिक्षा के पीछे भाग रहे हैं। ऐसे में डीएम के इस कदम की चर्चा के साथ सराहना भी हो रही है।
वर्तमान में मध्यम वर्गीय परिवार के लोग अपने बच्चों का नामांकन नामी गिरामी प्राइवेट विद्यालयों में करा रहे हैं। ताकि उन्हें आधुनिक और बेहतर शिक्षा दें सकें। परिषदीय विद्यालयों या फिर आंगनबाड़ी केंद्रों में आम तौर पर आर्थिक रूप से कमजोर वर्ग के लोगों के बच्चे ही नामांकित होते हैं। लेकिन डीएम अंकित कुमार अग्रवाल ने लोगों की इस धारणा के विपरीत अपने तीन वर्षीय पुत्र अनय का नामांकन आंगनबाड़ी केंद्र उरमौरा में कराया है।
डीएम ने कहा- दूसरों को लेनी चाहिए प्रेरणा
डीएम का कहना है कि उनका बेटा अभी इतना बड़ा नहीं है कि वह शिक्षा ग्रहण करें, लेकिन वहां को आंगनबाड़ी केंद्र काफी अच्छा है। बेटा वहां खेलेगा और इससे साइकोलाजिकल रूप से वह शिक्षा के प्रति तैयार होगा। इससे लोगों को भी प्रेरणा मिलेगी।
जिलाधिकारी ने कहा कि जब सरकारी अधिकारी, कर्मचारी अपने बच्चों का प्रवेश सरकारी विद्यालयों और आंगनबाड़ी केंद्रों में कराएंगे तो दूसरों को भी इससे प्रेरणा मिलेगी और वे भी अपने बच्चों को सरकारी विद्यालय में पढ़वाएंगे। उनका भी हौसला बुलंद होगा।