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बड़ागांव क्षेत्र में फिर दिखा बाघ, दहशत
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बड़ागांव (सीतापुर)। इलाके में गुरुवार को एक बार फिर बाघ दिखाई देने से दहशत फैल गई। खेतों में काम कर रहे ग्रामीण बाघ देखकर भाग खड़े हुए। वन विभाग भेड़िया होने का दावा कर रहा है।
क्षेत्र के हरदासपुर निवासी राजेन्द्र प्रसाद अपनी बाइक पर खाद की बोरी लेकर खेत गए थे। बाइक खड़ी कर वह बोरी उतारने लगे। इसी बीच आहट पाकर राजकीय कृषि फार्म के निकट झाड़ियों की ओर देखा तो उनके होश उड़ गए।
राजेन्द्र के मुताबिक झाड़ियों मे बाघ पर नजर पड़ते ही बाइक छोड़कर वह गांव की तरफ भागे। पड़ोस के खेत में गन्ने की फसल काट रहे लियाकत अली भी झाड़ियों से बाघ को भागकर गन्ने के खेतों की तरफ जाने की बात कह रहे हैं।
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बाघ देख वह भी शोर मचाते हुए गांव की तरफ भागे। खेतों में बाघ होने की खबर से सैकड़ों की संख्या में बड़ागांव व हरदासपुर के ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर दौड़ पड़े। पुलिस व वन विभाग को सूचना दी। पुलिस व वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर पड़ताल की।
वन दरोगा एके पांडेय ने बताया कि बाघ की अफवाह है। पग चिह्न भेड़िये के है। इससे पहले भी मंगलवार की शाम इलाके में बाघ देखा गया था। प्रत्यक्षदर्शी ग्रामीण वन विभाग की बात को सिरे से नकार रहे हैं।
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क्षेत्र के हरदासपुर निवासी राजेन्द्र प्रसाद अपनी बाइक पर खाद की बोरी लेकर खेत गए थे। बाइक खड़ी कर वह बोरी उतारने लगे। इसी बीच आहट पाकर राजकीय कृषि फार्म के निकट झाड़ियों की ओर देखा तो उनके होश उड़ गए।
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राजेन्द्र के मुताबिक झाड़ियों मे बाघ पर नजर पड़ते ही बाइक छोड़कर वह गांव की तरफ भागे। पड़ोस के खेत में गन्ने की फसल काट रहे लियाकत अली भी झाड़ियों से बाघ को भागकर गन्ने के खेतों की तरफ जाने की बात कह रहे हैं।
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बाघ देख वह भी शोर मचाते हुए गांव की तरफ भागे। खेतों में बाघ होने की खबर से सैकड़ों की संख्या में बड़ागांव व हरदासपुर के ग्रामीण लाठी-डंडे लेकर दौड़ पड़े। पुलिस व वन विभाग को सूचना दी। पुलिस व वन विभाग की टीम ने मौके पर पहुंचकर पड़ताल की।
वन दरोगा एके पांडेय ने बताया कि बाघ की अफवाह है। पग चिह्न भेड़िये के है। इससे पहले भी मंगलवार की शाम इलाके में बाघ देखा गया था। प्रत्यक्षदर्शी ग्रामीण वन विभाग की बात को सिरे से नकार रहे हैं।