{"_id":"691cc81a631de2a5a5059f90","slug":"leopard-out-of-reach-cage-location-to-be-changed-sitapur-news-c-102-1-stp1002-144470-2025-11-19","type":"story","status":"publish","title_hn":"Sitapur News: तेंदुआ पकड़ से दूर, पिंजरे की बदली जाएगी लोकेशन","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
Sitapur News: तेंदुआ पकड़ से दूर, पिंजरे की बदली जाएगी लोकेशन
Wed, 19 Nov 2025 12:55 AM IST
लखनऊ ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
संवाद न्यूज एजेंसी, सीतापुर
Updated Wed, 19 Nov 2025 12:55 AM IST
विज्ञापन
गोंदलामऊ (सीतापुर)। वन विभाग की टीम को तेंदुआ 22 दिनों से लगातार चकमा दे रहा है। पिंजरे के पास तक आकर तेंदुआ वापस लौट गया। कॉम्बिग करते हुए खेतों और झाड़ियों की वन विभाग की टीम खाक छान रही है। अब वन विभाग पिंजरे की लोकेशन बदलने की तैयारी कर रहा है।
मिश्रिख वन रेंज में विगत 29 अक्तूबर की रात दतवल में घरों की छतों पर तेंदुआ देखा गया था। इसके बाद तेंदुए की लगातार चहलकदमी अलग-अलग गांवों में बनी रही। पगचिह्न भी पाए गए। विगत छह नवंबर को ज्यादा सक्रियता वाले क्षेत्र में रामपुर खेवटा के करीब वन विभाग ने पिंजरा लगाया था। इसके बाद भी तेंदुआ पकड़ में नहीं आया। वन विभाग की टीम को काम्बिंग में भी तेंदुए का कोई सुराग नहीं मिला।
विगत शनिवार को पिंजरे के पास भी पगचिह्न मिले थे। वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बकरी का शिकार करने तेंदुआ देर रात पिंजरे के पास गया होगा लेकिन किसी कारण से भीतर नहीं घुसा और बाहर से ही वापस चला गया। हालांकि, शनिवार के बाद से कोई ताजा पगचिह्न नहीं मिले हैं। इसके बाद भी तेंदुए की दहशत बनी हुई है। खेतों की ओर किसान जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। वन विभाग के दरोगा अनिल यादव ने बताया कि पिंजरे की लोकेशन बदल कर कहीं दूसरी जगह लगाया जाएगा। दो दिन से रामपुर खेवटा के आसपास तेंदुए की सक्रियता सामने नहीं आई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
मिश्रिख वन रेंज में विगत 29 अक्तूबर की रात दतवल में घरों की छतों पर तेंदुआ देखा गया था। इसके बाद तेंदुए की लगातार चहलकदमी अलग-अलग गांवों में बनी रही। पगचिह्न भी पाए गए। विगत छह नवंबर को ज्यादा सक्रियता वाले क्षेत्र में रामपुर खेवटा के करीब वन विभाग ने पिंजरा लगाया था। इसके बाद भी तेंदुआ पकड़ में नहीं आया। वन विभाग की टीम को काम्बिंग में भी तेंदुए का कोई सुराग नहीं मिला।
विज्ञापन
विगत शनिवार को पिंजरे के पास भी पगचिह्न मिले थे। वन विभाग के अधिकारियों का कहना है कि बकरी का शिकार करने तेंदुआ देर रात पिंजरे के पास गया होगा लेकिन किसी कारण से भीतर नहीं घुसा और बाहर से ही वापस चला गया। हालांकि, शनिवार के बाद से कोई ताजा पगचिह्न नहीं मिले हैं। इसके बाद भी तेंदुए की दहशत बनी हुई है। खेतों की ओर किसान जाने की हिम्मत नहीं जुटा पा रहे हैं। वन विभाग के दरोगा अनिल यादव ने बताया कि पिंजरे की लोकेशन बदल कर कहीं दूसरी जगह लगाया जाएगा। दो दिन से रामपुर खेवटा के आसपास तेंदुए की सक्रियता सामने नहीं आई है।
विज्ञापन