{"_id":"61803197d7b0f2013d2f42ec","slug":"increased-demand-for-sparklers-and-pomegranates-sitapur-news-lko6028109197","type":"story","status":"publish","title_hn":"फुलझड़ियों व अनार की बढ़ी मांग","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
फुलझड़ियों व अनार की बढ़ी मांग
विज्ञापन
सीतापुर में वैदेही वाटिका के पास स्थित पटाखा थोक विक्रेता की दुकान में खरीददारी करते लोग। - संवाद
- फोटो : SITAPUR
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सीतापुर। दीपावली पर पटाखों का कुछ अलग ही क्रेज है। इस त्योहार को धूमधाम से मनाने के लिए थोक व्यापारी जमकर कारोबार कर रहे है। इस बार लोग पटाखों के बजाए फुलझड़ियां, अनार व मेहताब आदि अधिक खरीद रहे हैं। लोग तेज आवाज के बजाए कम ध्वनि वाले पटाखों को प्राथमिकता दे रहे हैं। इस बार पटाखों की कीमत में 20 से 30 फीसदी तक का इजाफा भी हुआ है।
चार नवंबर को दीवाली का त्यौहार है। इस बार बाजार में कोई विशेष नए आइटम तो नहीं आए है। लेकिन अधिकतर लोग कम आवाज के ही पटाखे खरीद रहे है। पटाखों के बजाए अनार, फुलझड़ी, चटाई, चरखी को प्राथमिकता दे रहे हैं। इनकी अधिक बिक्री हो रही है। इस समय थोक व्यापारियों के पास से अधिक बिक्री हो रही है।
फुटकर में बेचने के लिए अभी जिला प्रशासन ने लाइसेंस की प्रक्रिया शुरू नहीं की है। इससे थोक व्यापारियों के यहां पर भीड़ लग रही है। व्यापारियों को उम्मीद है कि वह पिछले बरस के रिकार्ड तोड़ते हुए अधिक बिक्री करेंगे। वह दो दिन बाद बिक्री में और अधिक इजाफा होने की उम्मीद कर रहे है। पटाखों की कीमत में 20 से 30 फीसद तक की वृद्वि देखी जा रही है। व्यापारी इसके पीछे पटाखा बनाने में महंगी सामग्री, महंगा डीजल पेट्रोल के कारण भाड़ा बढने का कारण बता रहे है।
विज्ञापन
इन पटाखों की खूब हो रही है बिक्री
व्यापारियों का कहना है इस बार बाजार में फुलझड़ी, चरखी, अनार, चटाई, पान सितारा, पाइप, सुतली, बिगुल आवाज, कलर्ड अनार, मुर्गा व टिक्की की अधिक बिक्री हो रही है। लोग चटाई व अनार को अधिक पसंद कर रहे है। पटाखा व्यापारी मोहम्मद इमरान व इब्राहिम का कहना है कारोबार इस समय पहले की अपेक्षा कुछ बढ़ा है। लेकिन बहुत अधिक बिक्री नहीं हो रही है। कमरुनजमा का कहना है दीवाली के दिन जैसे-जैसे नजदीक आएंगे, वैसे-वैसे बिक्री बढ़ेगी। इस बार लोग पटाखों के बजाए कम आवाज और रोशनी वाले आइटम पसंद कर रहे हैं।
विज्ञापन
चार नवंबर को दीवाली का त्यौहार है। इस बार बाजार में कोई विशेष नए आइटम तो नहीं आए है। लेकिन अधिकतर लोग कम आवाज के ही पटाखे खरीद रहे है। पटाखों के बजाए अनार, फुलझड़ी, चटाई, चरखी को प्राथमिकता दे रहे हैं। इनकी अधिक बिक्री हो रही है। इस समय थोक व्यापारियों के पास से अधिक बिक्री हो रही है।
विज्ञापन
फुटकर में बेचने के लिए अभी जिला प्रशासन ने लाइसेंस की प्रक्रिया शुरू नहीं की है। इससे थोक व्यापारियों के यहां पर भीड़ लग रही है। व्यापारियों को उम्मीद है कि वह पिछले बरस के रिकार्ड तोड़ते हुए अधिक बिक्री करेंगे। वह दो दिन बाद बिक्री में और अधिक इजाफा होने की उम्मीद कर रहे है। पटाखों की कीमत में 20 से 30 फीसद तक की वृद्वि देखी जा रही है। व्यापारी इसके पीछे पटाखा बनाने में महंगी सामग्री, महंगा डीजल पेट्रोल के कारण भाड़ा बढने का कारण बता रहे है।
विज्ञापन
इन पटाखों की खूब हो रही है बिक्री
व्यापारियों का कहना है इस बार बाजार में फुलझड़ी, चरखी, अनार, चटाई, पान सितारा, पाइप, सुतली, बिगुल आवाज, कलर्ड अनार, मुर्गा व टिक्की की अधिक बिक्री हो रही है। लोग चटाई व अनार को अधिक पसंद कर रहे है। पटाखा व्यापारी मोहम्मद इमरान व इब्राहिम का कहना है कारोबार इस समय पहले की अपेक्षा कुछ बढ़ा है। लेकिन बहुत अधिक बिक्री नहीं हो रही है। कमरुनजमा का कहना है दीवाली के दिन जैसे-जैसे नजदीक आएंगे, वैसे-वैसे बिक्री बढ़ेगी। इस बार लोग पटाखों के बजाए कम आवाज और रोशनी वाले आइटम पसंद कर रहे हैं।