{"_id":"61e9ad18d8c6bf26c230d7d5","slug":"dowry-greedy-mother-in-law-and-husband-imprisoned-for-ten-years-sitapur-news-lko614355214","type":"story","status":"publish","title_hn":"दहेज लोभी सास-ससुर व पति को दस साल की कैद","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
दहेज लोभी सास-ससुर व पति को दस साल की कैद
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
सीतापुर। करीब चार साल पूर्व सदरपुर इलाके में एक विवाहिता की दहेज के लिए जलाकर हुई हत्या के मामले में कोर्ट ने तीन आरोपियों को सजा सुनाई है। इस मामले में मृतका के पति व सास-ससुर को दोषी करार देते हुए न्यायालय ने तीनों को दस-दस साल कैद की सश्रम सजा सुनाने के साथ ही आठ आठ हजार का अर्थदंड भी लगाया है।
अपर सत्र न्यायाधीश पूर्णिमा पाठक की ओर से सुनाए गए इस फैसले में अभियोजन पक्ष की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सुनीत ने की। उन्होंने बताया कि सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम गुडैचा निवासी लतीफ ने अपनी पुत्री रेशमा की शादी सेउता निवासी सिराज के साथ की थी। विवाह में हैसियत अनुरूप दिए गए दान-दहेज के बावजूद सिराज उसकी मां केसर व पिता कलीम दिए गए दान-दहेज से संतुष्ट नहीं थे और दहेज में चार पहिया वाहन, सोने के कंगन व एक लाख रुपये की मांग कर रहे थे।
इसी के चलते विवाह के तीन वर्षों बाद 11 सितंबर 2017 को रेशमा की संदिग्ध स्थिति में जल जाने के कारण मौत हो गयी। मायका पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने इस मामले की विवेचना करते हुए मामले के आरोपी पति व सास ससुर के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। अभियोजन पक्ष की गवाही के बाद न्यायाधीश ने तीनों आरोपियों को घटना का दोषी पाते हुए दस-दस वर्ष के सश्रम कारावास व आठ-आठ हजार रुपया के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
विज्ञापन
विज्ञापन
अपर सत्र न्यायाधीश पूर्णिमा पाठक की ओर से सुनाए गए इस फैसले में अभियोजन पक्ष की पैरवी सहायक जिला शासकीय अधिवक्ता सुनीत ने की। उन्होंने बताया कि सदरपुर थाना क्षेत्र के ग्राम गुडैचा निवासी लतीफ ने अपनी पुत्री रेशमा की शादी सेउता निवासी सिराज के साथ की थी। विवाह में हैसियत अनुरूप दिए गए दान-दहेज के बावजूद सिराज उसकी मां केसर व पिता कलीम दिए गए दान-दहेज से संतुष्ट नहीं थे और दहेज में चार पहिया वाहन, सोने के कंगन व एक लाख रुपये की मांग कर रहे थे।
विज्ञापन
इसी के चलते विवाह के तीन वर्षों बाद 11 सितंबर 2017 को रेशमा की संदिग्ध स्थिति में जल जाने के कारण मौत हो गयी। मायका पक्ष की तहरीर पर पुलिस ने इस मामले की विवेचना करते हुए मामले के आरोपी पति व सास ससुर के खिलाफ न्यायालय में आरोप पत्र दाखिल किया। अभियोजन पक्ष की गवाही के बाद न्यायाधीश ने तीनों आरोपियों को घटना का दोषी पाते हुए दस-दस वर्ष के सश्रम कारावास व आठ-आठ हजार रुपया के अर्थदंड की सजा सुनाई है।
विज्ञापन