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बस अड्डा हो या अस्पताल, दरकिनार कोविड प्रोटोकाल
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फोटो-19 सीतापुर में रोडवेज बस स्टैंड पर बिना मॉस्क बैठे यात्री। - संवाद
- फोटो : SITAPUR
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गायब दिखा चेहरे से मास्क
जिला अस्पताल में पैथालॉजी के बाहर तमाम मरीज जांच करवाने के लिए अपनी बारी के इंतजार में बैठे हुए थे। चिंता की बात यह थी कि इनमें से किसी के भी चेहरे पर कोरोना संक्रमण से बचने को जरूरी मास्क गायब था। इतना ही नहीं सोशल डिस्टेंटिंग का अनुपालन भी पूरी तरह दर किनार था।
हाशिए पर कोविड प्रोटोकाल
रोडवेज बस स्टॉप पर गंतव्य तक जाने के लिए बसों का इंतजार करते मुसाफिर भी नाइट कर्फ्यू की घंटी बजने के बाद भी बसों का इंतजार करते समय कोविड प्रोटोकाल का पालन करने से कोसो दूर दिखे। वेटिंग रूम में बैठे लोगों से लेकर बसों के अंदर बैठकर सफर कर रहे यात्री व रोडवेज कर्मी तक बिना मास्क के मिले। सामाजिक दूरी का पालन भी नहीं होता मिला। दावे के इतर बस स्टेशन पर स्वास्थ्य विभाग की कोई टीम भी निगरानी करती नहीं मिली।
बाजारों में भी गायब दिखी जागरुकता
शहर के लालबाग बाजार के अंदर खरीदारी करने में जुटी महिला व पुरुष की भीड़ कोरोना संक्रमण से बचाव की जागरूकता को लेकर पूरी तरह लापरवाह नजर आयी। दुकानदार से लेकर ग्राहक तक बिना मास्क लगाए ही मोल तोल करते दिखे। किसी भी दुकान पर न तो कोरोना से बचाव की जागरूकता का प्रचार प्रसार दिखा और न ही हैंड सेनेटाइजर।
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सीतापुर। नाइट कर्फ्यू लागू किए जाने के साथ बजी खतरे की घंटी के बाद भी शहर के बाशिंदे कोरोना से बचाव को लेकर पूरी तरह लापरवाह व उदासीन बने हैं। ऐसी थोड़ी सी लापरवाही भी कोरोना की तीसरी लहर का सबब बन सकती है। बस अड्डा हो या अस्पताल सभी जगह कोविड प्रोटोकाल पूरी तरह दर किनार नजर आता है। कोविड प्रोटोकॉल को लेकर न तो हम खुद ही गंभीर है न ही इसका अनुपालन कराने की जिम्मेदार संभालने वाले सरकारी विभाग के अफसर। इस तरह की लापरवाही दिन में कोरोना पाबंदी लगाने को मजबूर कर सकती है।
यह हकीकत अमर उजाला ने शुक्रवार को परखी। इसके दौरान शहर में सार्वजनिक स्थानों पर बरती जा रही कोविड प्रोटोकॉल के अनुपालन की जागरूकता को देखा।
इस दौरान किसी भी सार्वजनिक स्थान पर प्रोटोकॉल का पालन होते नहीं मिला। बाजार, अस्पताल, शोरूम, शॉपिंग मॉल सहित अन्य आबादी वाले इलाकों में हर तरफ कोरोना को लेकर बेफ्रिक भीड़ मास्क लगाए बिना ही दिखी। इनको देखकर कहीं से भी ऐसा नहीं दिख रहा था कि यह लोग कोरोना के बढ़ते खतरे को लेकर फिक्रमंद हो। प्रदेश सरकार ने कोरोना के नए वायरस ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए ही 25 दिसंबर से रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक नाइट कर्फ्यू लगाने का निर्देश दिया है। इस दौरान केवल आवश्यक गतिविधियों के संचालन की ही छूट रहेगी।
प्रोटोकॉल का करें पालन
कोरोना के नए वायरस का संक्रमण बढ़ रहा है। इसलिए हम सभी को सावधानी बरतना बहुत जरूरी है। कोविड प्रोटोकॉल का पालन करके ही हम अपने आप को सुरक्षित रख सकते हैं।
डॉ. पीके सिंह, एसीएमओ
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जिला अस्पताल में पैथालॉजी के बाहर तमाम मरीज जांच करवाने के लिए अपनी बारी के इंतजार में बैठे हुए थे। चिंता की बात यह थी कि इनमें से किसी के भी चेहरे पर कोरोना संक्रमण से बचने को जरूरी मास्क गायब था। इतना ही नहीं सोशल डिस्टेंटिंग का अनुपालन भी पूरी तरह दर किनार था।
हाशिए पर कोविड प्रोटोकाल
रोडवेज बस स्टॉप पर गंतव्य तक जाने के लिए बसों का इंतजार करते मुसाफिर भी नाइट कर्फ्यू की घंटी बजने के बाद भी बसों का इंतजार करते समय कोविड प्रोटोकाल का पालन करने से कोसो दूर दिखे। वेटिंग रूम में बैठे लोगों से लेकर बसों के अंदर बैठकर सफर कर रहे यात्री व रोडवेज कर्मी तक बिना मास्क के मिले। सामाजिक दूरी का पालन भी नहीं होता मिला। दावे के इतर बस स्टेशन पर स्वास्थ्य विभाग की कोई टीम भी निगरानी करती नहीं मिली।
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बाजारों में भी गायब दिखी जागरुकता
शहर के लालबाग बाजार के अंदर खरीदारी करने में जुटी महिला व पुरुष की भीड़ कोरोना संक्रमण से बचाव की जागरूकता को लेकर पूरी तरह लापरवाह नजर आयी। दुकानदार से लेकर ग्राहक तक बिना मास्क लगाए ही मोल तोल करते दिखे। किसी भी दुकान पर न तो कोरोना से बचाव की जागरूकता का प्रचार प्रसार दिखा और न ही हैंड सेनेटाइजर।
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सीतापुर। नाइट कर्फ्यू लागू किए जाने के साथ बजी खतरे की घंटी के बाद भी शहर के बाशिंदे कोरोना से बचाव को लेकर पूरी तरह लापरवाह व उदासीन बने हैं। ऐसी थोड़ी सी लापरवाही भी कोरोना की तीसरी लहर का सबब बन सकती है। बस अड्डा हो या अस्पताल सभी जगह कोविड प्रोटोकाल पूरी तरह दर किनार नजर आता है। कोविड प्रोटोकॉल को लेकर न तो हम खुद ही गंभीर है न ही इसका अनुपालन कराने की जिम्मेदार संभालने वाले सरकारी विभाग के अफसर। इस तरह की लापरवाही दिन में कोरोना पाबंदी लगाने को मजबूर कर सकती है।
यह हकीकत अमर उजाला ने शुक्रवार को परखी। इसके दौरान शहर में सार्वजनिक स्थानों पर बरती जा रही कोविड प्रोटोकॉल के अनुपालन की जागरूकता को देखा।
इस दौरान किसी भी सार्वजनिक स्थान पर प्रोटोकॉल का पालन होते नहीं मिला। बाजार, अस्पताल, शोरूम, शॉपिंग मॉल सहित अन्य आबादी वाले इलाकों में हर तरफ कोरोना को लेकर बेफ्रिक भीड़ मास्क लगाए बिना ही दिखी। इनको देखकर कहीं से भी ऐसा नहीं दिख रहा था कि यह लोग कोरोना के बढ़ते खतरे को लेकर फिक्रमंद हो। प्रदेश सरकार ने कोरोना के नए वायरस ओमिक्रॉन के बढ़ते संक्रमण को देखते हुए ही 25 दिसंबर से रात 11 बजे से सुबह 5 बजे तक नाइट कर्फ्यू लगाने का निर्देश दिया है। इस दौरान केवल आवश्यक गतिविधियों के संचालन की ही छूट रहेगी।
प्रोटोकॉल का करें पालन
कोरोना के नए वायरस का संक्रमण बढ़ रहा है। इसलिए हम सभी को सावधानी बरतना बहुत जरूरी है। कोविड प्रोटोकॉल का पालन करके ही हम अपने आप को सुरक्षित रख सकते हैं।
डॉ. पीके सिंह, एसीएमओ