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केंद्रीय विद्यालय में बनेगी अटल टिंकरिंग लैब
Updated Sun, 28 Jan 2018 11:49 PM IST
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सीतापुर। शहर के प्रतिभावान छात्र अपने दिमाग की उपज को धरातल पर भी उतार सकेंगे। अगर मस्तिष्क में कोई वैज्ञानिक दृष्टिकोण आता है तो वह उसको उपकरणों के माध्यम से आकृति दे सकेंगे। इसके लिए केंद्रीय विद्यालय में अटल इनोवेशन मिशन के तहत अटल टिंकरिंग लैब की स्थापना की जाएगी।
इस लैब में विद्यार्थी रोबोटिक्स व थ्री डी प्रिंटर के सहारे कोई आकृति बना सकेंगे। इस लैब की खासियत यह होगी, कि इसमें जनपद के किसी भी कॉलेज का कोई विद्यार्थी आकर प्रयोग कर सकता है। इससे कोई शुल्क भी नहीं लिया जाएगा। इस लैब पर करीब 12 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। शासन ने यह बजट रिलीज कर दिया है। उम्मीद है कि अगले शैक्षिक सत्र से प्रयोगशाला प्रारंभ हो जाएगी।
प्रयोगशाला प्रभारी कमल किशोर बाजपेई ने बताया भारत सरकार के नीति आयोग द्वारा अटल इनोवेशन मिशन चलाया जा रहा है। इसके तहत केंद्रीय विद्यालय में अटल टिंकरिंग लैब की स्थापना की जाएगी। इसका उदेद्श्य यह है युवा दिमाग में जिज्ञासा, रचनात्मकता और कल्पना को बढ़ावा देना।
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यह लैब उन विद्यार्थियों के लिए वरदान होगी, जो अपना वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाते हुए कोई कल्पना करते हैं लेकिन संसाधन के अभाव वह इसको धरातल पर नहीं उतार पाते थे। इससे उनकी सोच केवल सपना बनकर रह जाती है। अब इन विद्यार्थियों की सोच में भी पर लग सकेंगे। वह अपनी दिमागी खुराफात को एक आकृति प्रदान कर सकेंगे। इस लैब में वह थ्रीडी आकृति बना सकेंगे।
साथ ही रोबोटिक्स के जरिए भी काम कर सकेंगे। इसके अलावा अगर कोई नया विचार आया है तो उसको भी रूप दे पाएंगे। इस लैब पर करीब 12 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। शासन ने यह पूरा बजट रिलीज कर दिया है। उम्मीद है कि अगले शैक्षिक सत्र 2018-19 में अप्रैल माह से शुरू हो जाएगी। इस लैब का फायदा केवल केंद्रीय विद्यालय नहीं बल्कि जनपद के किसी भी विद्यालय के विद्यार्थी उठा सकेंगे। इसके बदले उनसे कोई शुल्क भी नहीं लिया जाएगा।
इस लैब में विद्यार्थी रोबोटिक्स व थ्री डी प्रिंटर के सहारे कोई आकृति बना सकेंगे। इस लैब की खासियत यह होगी, कि इसमें जनपद के किसी भी कॉलेज का कोई विद्यार्थी आकर प्रयोग कर सकता है। इससे कोई शुल्क भी नहीं लिया जाएगा। इस लैब पर करीब 12 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। शासन ने यह बजट रिलीज कर दिया है। उम्मीद है कि अगले शैक्षिक सत्र से प्रयोगशाला प्रारंभ हो जाएगी।
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प्रयोगशाला प्रभारी कमल किशोर बाजपेई ने बताया भारत सरकार के नीति आयोग द्वारा अटल इनोवेशन मिशन चलाया जा रहा है। इसके तहत केंद्रीय विद्यालय में अटल टिंकरिंग लैब की स्थापना की जाएगी। इसका उदेद्श्य यह है युवा दिमाग में जिज्ञासा, रचनात्मकता और कल्पना को बढ़ावा देना।
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यह लैब उन विद्यार्थियों के लिए वरदान होगी, जो अपना वैज्ञानिक दृष्टिकोण अपनाते हुए कोई कल्पना करते हैं लेकिन संसाधन के अभाव वह इसको धरातल पर नहीं उतार पाते थे। इससे उनकी सोच केवल सपना बनकर रह जाती है। अब इन विद्यार्थियों की सोच में भी पर लग सकेंगे। वह अपनी दिमागी खुराफात को एक आकृति प्रदान कर सकेंगे। इस लैब में वह थ्रीडी आकृति बना सकेंगे।
साथ ही रोबोटिक्स के जरिए भी काम कर सकेंगे। इसके अलावा अगर कोई नया विचार आया है तो उसको भी रूप दे पाएंगे। इस लैब पर करीब 12 लाख रुपये खर्च किए जाएंगे। शासन ने यह पूरा बजट रिलीज कर दिया है। उम्मीद है कि अगले शैक्षिक सत्र 2018-19 में अप्रैल माह से शुरू हो जाएगी। इस लैब का फायदा केवल केंद्रीय विद्यालय नहीं बल्कि जनपद के किसी भी विद्यालय के विद्यार्थी उठा सकेंगे। इसके बदले उनसे कोई शुल्क भी नहीं लिया जाएगा।