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Siddharthnagar News: एसएनसीयू में इलाज के बाद नवजात को भेजा गया गोंडा
Sat, 17 Jan 2026 11:25 PM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Sat, 17 Jan 2026 11:25 PM IST
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सिद्धार्थनगर। बर्डपुर नंबर-तीन टोला उत्तर महुलौर के सिवान में 10 जनवरी को मिला अज्ञात नवजात को शनिवार को एसएनसीयू वार्ड से दत्तक ग्रहण इकाई गोंडा भेज दिया गया, जहां अब उसका पालन-पोषण और संरक्षण सुनिश्चित किया जाएगा।
नवजात के मिलने के बाद तत्काल चाइल्ड लाइन की ओर से उसे माधव प्रसाद त्रिपाठी से संबद्ध संयुक्त जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया था। चिकित्सकों की निगरानी में एसएनसीयू (स्पेशल न्यू बॉर्न केयर यूनिट) वार्ड में नवजात का समुचित इलाज और देखभाल की गई। स्वास्थ्य में सुधार के बाद शनिवार को बाल कल्याण समिति की बैठक में पूरे मामले पर विचार-विमर्श किया गया। बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष अर्पणा श्रीवास्तव समेत सदस्य वीरेंद्र मिश्र, राधा श्रीवास्तव और प्रकाशनी श्रीवास्तव ने सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया कि नवजात के सर्वोत्तम हित में उसे दत्तक ग्रहण इकाई भेजा जाए ताकि उसे उचित देखभाल और बेहतर भविष्य मिल सके।
मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एके झा के निर्देश पर मेडिकल कॉलेज में पूरी प्रक्रिया को विधिवत पूरा किया गया। बाल रोग विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. नम्रता चौधरी की अगुवाई में बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. फुरकान अहमद समेत नर्सिंग ऑफिसर श्रीश श्रीवास्तव, घनश्याम गुप्ता और मधुबाला मैसी की मौजूदगी में चाइल्ड लाइन के परियोजना समन्वयक सुनील उपाध्याय और सखी वन स्टॉप सेंटर की केस वर्कर साधना जायसवाल की देखरेख में नवजात को एसएनसीयू वार्ड से गोंडा के लिए रवाना किया गया।
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नवजात के मिलने के बाद तत्काल चाइल्ड लाइन की ओर से उसे माधव प्रसाद त्रिपाठी से संबद्ध संयुक्त जिला चिकित्सालय में भर्ती कराया गया था। चिकित्सकों की निगरानी में एसएनसीयू (स्पेशल न्यू बॉर्न केयर यूनिट) वार्ड में नवजात का समुचित इलाज और देखभाल की गई। स्वास्थ्य में सुधार के बाद शनिवार को बाल कल्याण समिति की बैठक में पूरे मामले पर विचार-विमर्श किया गया। बाल कल्याण समिति की अध्यक्ष अर्पणा श्रीवास्तव समेत सदस्य वीरेंद्र मिश्र, राधा श्रीवास्तव और प्रकाशनी श्रीवास्तव ने सर्वसम्मति से यह निर्णय लिया कि नवजात के सर्वोत्तम हित में उसे दत्तक ग्रहण इकाई भेजा जाए ताकि उसे उचित देखभाल और बेहतर भविष्य मिल सके।
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मुख्य चिकित्सा अधीक्षक डॉ. एके झा के निर्देश पर मेडिकल कॉलेज में पूरी प्रक्रिया को विधिवत पूरा किया गया। बाल रोग विभाग की विभागाध्यक्ष डॉ. नम्रता चौधरी की अगुवाई में बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. फुरकान अहमद समेत नर्सिंग ऑफिसर श्रीश श्रीवास्तव, घनश्याम गुप्ता और मधुबाला मैसी की मौजूदगी में चाइल्ड लाइन के परियोजना समन्वयक सुनील उपाध्याय और सखी वन स्टॉप सेंटर की केस वर्कर साधना जायसवाल की देखरेख में नवजात को एसएनसीयू वार्ड से गोंडा के लिए रवाना किया गया।
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