फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Siddharthnagar News ›   No lessons learnt from accidents, tractor-trolleys are being used in violation of rules

Siddharthnagar News: हादसों से सबक नहीं, नियम तोड़कर हो रहा ट्रैक्टर-ट्राॅली का प्रयोग

Tue, 26 Aug 2025 11:16 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Tue, 26 Aug 2025 11:16 PM IST
विज्ञापन
No lessons learnt from accidents, tractor-trolleys are being used in violation of rules
शहर के बांसी मार्ग पर ट्रैक्टर ट्राली पर बैठे हुए श्रद्धालु। संवाद
सिद्धार्थनगर। बुलंदशहर में श्रद्धालुओं से भरी ट्रैक्टर- ट्राॅली में ट्रक के टक्कर मार देने से 11 श्रद्धालुओं की मौत हो गई। वहीं, 45 श्रद्धालु घायल हो गए। इस प्रकार की घटनाओं से यहां भी इनकार नहीं किया जा सकता है। क्योंकि, यहां भी बिना नियम और कायदे के ट्रैक्टर- ट्रॉलियां दौड़ रही हैं। कहीं श्रद्धालुओं को लेकर जाया जा रहा है, तो कहीं ओवरलोड अनाज और बल्ली पटरा ढोने का काम किया जा रहा है।
विज्ञापन

बिना व्यवसायिक पंजीकरण करके व्यावसायिक रूप से प्रयोग किया जा रहा है। पूरे जनपद में हजारों की संख्या में यह वाहन दौड़ रहे हैं। जबकि, 25 पंजीकृत थे, उनकी संख्या घटकर चार हो गई है। इसके बाद कैसे चल रहे हैं, अंदाजा लगा सकते हैं। जबकि, जनपद में पूर्व में कई हादसे हो चुके हैं। इसक बावजूद जिम्मेदार बेखबर हैं।
विज्ञापन

---
पड़ताल में दिखा ये हाल
बुलंदशहर में हुए हादसे को देखते हुए जनपद में ट्रैक्टर- ट्राॅली के संचालन की पड़ताल की गई ताे कई चौंकाने वाली तस्वीर सामने आई। नगर के साड़ी तिराहा पर ट्रैक्टर- ट्राॅली में भरकर लोग जाते हुए दिखे। देखने से यह प्रतीत हुआ कि किसी धार्मिक स्थल पर जा रहे हैं। जाने तक तो ठीक है, लेकिन क्षमता से अधिक सवारी और बच्चे खड़े होकर चल रहे थे। ऐसे में जरा सी लापरवाही हुई तो हादसा होने से इनकार नहीं किया जा सकता है। इसी प्रकार चिल्हिया के पास शोहरतगढ़- सनई मार्ग पर ट्रैक्टर- ट्राॅली में महिलाएं और बच्चे जाते हुए देखे गए। इसमें भी बड़ी संख्या में ठुंसे थे। इसके साथ ही चालक तेज आवाज में साउंड बजा रहा था, जिससे हादसा होने की प्रबल संभावना थी। कारण साउंड बजने पर सुनाई नहीं पड़ता है। वहीं, जोगिया चौराहे पर प्रतिदिन इस प्रकार से आते- जाते देखा जा सकता है। कई बार इसलिए उन्हें छोड़ दिया जाता है कि धार्मिक स्थल पर जा रहे हैं। कौन रोकने जाए, लेकिन यह बड़े हादसे का कारण बन जाता है। इसके साथ राशन और जरूरत से अधिक पटरा, लकड़ी लादकर लेकर जाते हुए देखे गए। कमोबेश, ग्रामीण क्षेत्र के चौराहों पर इनकी संख्या अधिक है। यह हाल तब है, जब जनपद में हादसे हो चुके हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन

---
एक नजर हादसों पर
मजदूरों को लेकर जा रही ट्रॉली-पलटने से आई थी कई को चोट
कठेला समय माता थाना क्षेत्र में बीते माह धान की रोपाई के लिए मजदूरों को ट्रैक्टर- ट्रॉली से लेकर जाते समय अनियंत्रित होकर पलट गई। गनीमत रही कि खेत में पानी था और उस पर सवार महिलाएं अगल- बगल गिरीं। इसलिए मामूली चोट लगकर बच गईं। अगर ट्रॉली के नीचे आ जातीं तो कई की जान चली जाती। रोपाई और निराई के सीजन में दूसरे गांव से मजदूरों को लाना- ले जाना रहता है, इसलिए ट्रैक्टर- ट्रॉली का प्रयोग करते हैं, जो कई बार घातक साबित होता है।
---
चपेट में आकर बच्चे का कट गया हाथ
बीते सप्ताह मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के भटमला गांव में ननिहाल में आए शेष्ट जायसवाल (4) को ट्रैक्टर- ट्रॉली ने चपेट में ले लिया। इस हादसे में उसका हाथ कट गया। गनीमत रही कि पहिए के नीचे वह नहीं आया। अगर आया होता तो उसकी जान चली जाती। लोगों ने बताया कि गति तेज होने के कारण यह हादसा हुआ था।
---
बालक को ले लिया था चपेट में
मई में खेसरहा थाना क्षेत्र में छत में लगाने के लिए ले जाए जा रहे पटरा और बल्ली से लदी ट्रैक्टर- ट्रॉली ने एक किशोर को टक्कर मार दी थी। इस हादसे में वह गंभीर रूप से घायल हो गया था। उसका लंबा इलाज चला था, उसके बाद उसकी जान बची थी। इसमें साउंड बजाने और तेज गति से चलने की बात सामने आई थी।
---
कुचलकर निकलने से चली गई थी जान
बांसी कोतवाली क्षेत्र के बांसी कस्बे में बीते वर्ष दो फरवरी की रात मिट्टी लादकर जा रही ट्रैक्टर-ट्रॉली ने बाइक सवार को टक्कर मार दी और गिरने के बाद उसे कुचलते हुए निकल गई। इस हादसे में उसकी जान चली गई। चालक के खिलाफ लापरवाही पूर्वक वाहन चलाने से मौत सहित अन्य धारा में केस दर्ज किया गया है।
---
गुमटी पर चढ़ा दी थी ट्रैक्टर- ट्रॉली, चली गई थी जान
25 सितंबर 2024 को कमिश्रौलिया असिधवा, ओमप्रकाश वर्मा (60) चौराहे पर गुमटी रखकर रोजगार करते थे। सुबह वह गुमटी में बैठे थे, तभी बांस- बल्ली लेकर आ रही ट्रैक्टर- ट्रॉली चढ़ गई। इस हादसे में ओमप्रकाश की मौत हो गई। लोगों ने बताया था कि चालक नशे में था, वह बहुत तेज रफ्तार में था और हादसे के बाद भी उसे कोई अफसोस नहीं था।
---

पंजीकृत 20, सड़क पर दौड़ते हैं सभी
सहायक संभागीय परिवहन विभाग के आंकड़ों के मुताबिक जिले में 20 हजार से अधिक ट्रैक्टर कृषि कार्य के लिए पंजीकृत हैं। लेकिन ट्रॉली के साथ ईंट भट्ठे पर 35 ट्रैक्टर-ट्रॉली पिछले साल पंजीकृत थीं, जिनकी संख्या घटकर अब चार पर आ गई। अगर देखा जाए तो जिले के हर गांव में चार से छह ट्रैक्टर-ट्रॉली मिल जाएंगी। हजारों की संख्या में चल रहे इन वाहनों पर किसी की नजर नहीं है।

---

गांव से निकले सड़क पर, हुआ हादसा

कभी खलासी का कार्य करने वाले युवा देखते ही देखते ही स्टेयरिंग पकड़ लेते हैं। जब यह स्टेयरिंग पकड़ते हैं तो सड़क पर निकलने के बाद हवा से बात करने लगते हैं। ट्रैक्टर पर साउंड बजाते हैं, तो उनकी चाल बदल जाती है। इसके साथ ही अधिकतर नशा करते हैं, और नशे की हालत में वाहन चलाते हैं। ऐसे में हादसा होता है। अधिकतर ट्रॉली हादसे में चालक के नशे में होने की बात सामने आती है।
---
बालू और कोटे का राशन ढोने में होता है अधिक उपयोग

ट्रैक्टर-ट्रॉली का प्रयोग मौजूदा समय में गांव में बंटने वाले राशन की ढुलाई के साथ ही बालू ढोने के प्रयोग में लाया जा रहा है। गर्मी में मिट्टी की ढुलाई के साथ भूसा बनाने वाली मशीन पर चलाया जाता है।
---

चलाते हुए उम्र ढल गई, नहीं बनवाया लाइसेंस

गांव में अकसर यही होता है कि देखते ही देखते वाहन पर खलासी का कार्य करने वाला स्टेयरिंग पकड़ लेता है। अधिकांश तो ऐसे में मिल जाएंगे कि चलाते हुए उम्र ढल गई, लेकिन अभी तक लाइसेंस नहीं बनवया। जोगिया क्षेत्र के निवासी रामहित की उम्र 50 वर्ष है। वह ट्रैक्टर चलाने के माहिर हैं। खेत की जुताई से लेकर ईंट भट्ठों पर गाड़ी दौड़ा चुके हैं। रामहित ने बताया कि लाइसेंस की कभी जरूरत ही नहीं पड़ी है।

---
बोले जिम्मेदार
बिना नियम के चलने वाले ट्रैक्टर- ट्रॉली की जांच की जाएगी। बिना पंजीकरण पाए जाने पर कड़ी कार्रवाई की जाएगी। वाहन को भी सीज किया जाएगा। बिना पंजीकरण के सवारी ढोने का काम नहीं किया जा सकता है।
-फकरुद्दीन, आरटीओ प्रवर्तन, बस्ती, मंडल बस्ती
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed