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Siddharthnagar News: कोच न कबड्डी कोर्ट, खिलाड़ी परेशान
Mon, 05 Feb 2024 02:19 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Mon, 05 Feb 2024 02:19 AM IST
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सिद्धार्थनगर। कबड्डी के खिलाड़ियों को प्रैक्टिस करने के लिए जिला स्पोर्ट्स स्टेडियम में कोर्ट नहीं है। इससे खिलाड़ियों को परेशानी का सामना करना पड़ता है। स्टेडियम में प्रति माह खेल प्रतियोगिता का आयोजन होता है। इनमें कबड्डी प्रतियोगिता भी शामिल है।
स्टेडियम में अलग से कोई कबड्डी कोर्ट नहीं है। प्रतियोगिता के दौरान मैदान में कहीं भी लाइन खींच कर और पानी डालकर मैच करा दिया जाता है। इसके लिए कोई विशेष तैयारी के साथ कबड्डी के लिए कोर्ट नहीं बनाया जाता है। इसके कारण कोर्ट सख्त होने से कई बार खिलाड़ी मैच खेलते वक्त चोटिल हो जाते हैं। साथ ही कोर्ट नहीं होने से खिलाड़ी प्रैक्टिस भी नहीं कर पाते है। इतना ही नहीं जिला स्पोर्ट्स स्टेडियम में अभी तक कबड्डी के कोच की भी नियुक्ति नहीं की गई है। इससे स्टेडियम में कबड्डी की टीम नहीं बन पाई है। जिले से बाहर प्रैक्टिस करने वाले खिलाड़ी स्टेडियम में व्यवस्था नहीं होने से प्रैक्टिस करने नहीं आते हैं।
जिले में कबड्डी के कई प्लेयर हैं। लेकिन कोच के अभाव में खिलाड़ी कबड्डी का खेल छोड़ रहे हैं।
-अनुष्का पांडेय, खिलाड़ी
जिले के कई खिलाड़ी कबड्डी की प्रैक्टिस करने अन्य शहर में जाते हैं। लेकिन घर आने पर प्रैक्टिस करने के लिए जगह नहीं है।
-मनीषा, खिलाड़ी
कबड्डी मैच से पहले खेलने वाली जगह पर पानी डाल कर मिट्टी को नर्म किया जाता है। कोच के लिए प्रस्ताव भेजा गया हैं।
-आशुतोष अग्निहोत्री, क्रीड़ा अधिकारी
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स्टेडियम में अलग से कोई कबड्डी कोर्ट नहीं है। प्रतियोगिता के दौरान मैदान में कहीं भी लाइन खींच कर और पानी डालकर मैच करा दिया जाता है। इसके लिए कोई विशेष तैयारी के साथ कबड्डी के लिए कोर्ट नहीं बनाया जाता है। इसके कारण कोर्ट सख्त होने से कई बार खिलाड़ी मैच खेलते वक्त चोटिल हो जाते हैं। साथ ही कोर्ट नहीं होने से खिलाड़ी प्रैक्टिस भी नहीं कर पाते है। इतना ही नहीं जिला स्पोर्ट्स स्टेडियम में अभी तक कबड्डी के कोच की भी नियुक्ति नहीं की गई है। इससे स्टेडियम में कबड्डी की टीम नहीं बन पाई है। जिले से बाहर प्रैक्टिस करने वाले खिलाड़ी स्टेडियम में व्यवस्था नहीं होने से प्रैक्टिस करने नहीं आते हैं।
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जिले में कबड्डी के कई प्लेयर हैं। लेकिन कोच के अभाव में खिलाड़ी कबड्डी का खेल छोड़ रहे हैं।
-अनुष्का पांडेय, खिलाड़ी
जिले के कई खिलाड़ी कबड्डी की प्रैक्टिस करने अन्य शहर में जाते हैं। लेकिन घर आने पर प्रैक्टिस करने के लिए जगह नहीं है।
-मनीषा, खिलाड़ी
कबड्डी मैच से पहले खेलने वाली जगह पर पानी डाल कर मिट्टी को नर्म किया जाता है। कोच के लिए प्रस्ताव भेजा गया हैं।
-आशुतोष अग्निहोत्री, क्रीड़ा अधिकारी