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Siddharthnagar News: गर्भावस्था के दौरान चिकित्सीय सलाह जरूरी
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भनवापुर क्षेत्र के सीएचसी सिरसिया में पीएसएमए के तहत आयोजित शिविर में गर्भवती महिलाओं का जांच क
संवाद न्यूज एजेंसी
भनवापुर। क्षेत्र की सीएचसी सिरसिया में बुधवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत गर्भवतियों के लिए स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। इसमें 310 गर्भवतियों को चिकित्सकीय इलाज व परामर्श दिया गया। इसमें से 37 में उच्च जोखिम के लक्षण पाए गए तथा 36 में खून की कमी पाए जाने के कारण आयरन सुक्रोज की डोज दी गई।
अधीक्षक डॉ. शैलेंद्र मणि ओझा ने बताया कि गर्भावस्था के दौरान उच्च रक्तचाप, मधुमेह, फीट्स के बेड़े होने, गंभीर एनिमिया, प्लेसेंटा का विकृत व नीचे होने से गर्भवतियों में जान का खतरा बना रहता है।
गर्भावस्था के दौरान पीएमएसएमए में चिकित्साधिकारी का चिकित्सीय परामर्श व इलाज बहुत जरूरी है।
गर्भावस्था के शुरुआती दिनों में ही उच्च जोखिम वाले खतरे के लक्षण को चिह्नित करते हुए समय से चिकित्सकीय प्रबंधन से जच्चा और बच्चा दोनों को सुरक्षित किया जा सकता है।
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इस दौरान डॉ. एलबी यादव, डॉ. अनवरूद्दीन, विनय कुमार भारती, अजय पांडेय, ज्योति, प्रेम कुमार त्रिपाठी, रुपम पाठक, सविता मौर्या, अर्चना चौधरी, कु. वर्षा सागर, रेखा पांडे, कृष्ण गोपाल पांडेय, रविंद्र कुमार, अश्वनी अग्रहरि आदि शामिल रहे।
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भनवापुर। क्षेत्र की सीएचसी सिरसिया में बुधवार को प्रधानमंत्री सुरक्षित मातृत्व अभियान के तहत गर्भवतियों के लिए स्वास्थ्य शिविर का आयोजन किया गया। इसमें 310 गर्भवतियों को चिकित्सकीय इलाज व परामर्श दिया गया। इसमें से 37 में उच्च जोखिम के लक्षण पाए गए तथा 36 में खून की कमी पाए जाने के कारण आयरन सुक्रोज की डोज दी गई।
अधीक्षक डॉ. शैलेंद्र मणि ओझा ने बताया कि गर्भावस्था के दौरान उच्च रक्तचाप, मधुमेह, फीट्स के बेड़े होने, गंभीर एनिमिया, प्लेसेंटा का विकृत व नीचे होने से गर्भवतियों में जान का खतरा बना रहता है।
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गर्भावस्था के दौरान पीएमएसएमए में चिकित्साधिकारी का चिकित्सीय परामर्श व इलाज बहुत जरूरी है।
गर्भावस्था के शुरुआती दिनों में ही उच्च जोखिम वाले खतरे के लक्षण को चिह्नित करते हुए समय से चिकित्सकीय प्रबंधन से जच्चा और बच्चा दोनों को सुरक्षित किया जा सकता है।
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इस दौरान डॉ. एलबी यादव, डॉ. अनवरूद्दीन, विनय कुमार भारती, अजय पांडेय, ज्योति, प्रेम कुमार त्रिपाठी, रुपम पाठक, सविता मौर्या, अर्चना चौधरी, कु. वर्षा सागर, रेखा पांडे, कृष्ण गोपाल पांडेय, रविंद्र कुमार, अश्वनी अग्रहरि आदि शामिल रहे।
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