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Siddharthnagar News: आंख को जख्मी कर रहे माहू कीट, हो जाएं सतर्क
Tue, 27 Feb 2024 01:51 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Tue, 27 Feb 2024 01:51 AM IST
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सिद्धार्थनगर। आप अगर बाइक से चल रहे हैं तो हेलमेट या चश्मा जरूर लगाएं। क्योंकि माहू कीट आंख को जख्मी कर रहे हैं। आंख में पड़ जाने के बाद आंखें लाल होने के साथ ही अन्य समस्याएं हो रही हैं। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में इस प्रकार के 10 से अधिक मरीज रोज पहुंच रहे हैं। चिकित्सक सलाह दे रहे हैं कि बिना दिखाए ड्राप का प्रयोग न करें। क्योंकि यह आंख के लिए नुकसानदेह साबित हो सकता है।
मौसम में बदलाव के बाद माहू की कीट की संख्या में वृद्धि हो जाती है। दोपहर 12 बजे के बाद यह पौधों को छोड़कर उड़ान भरने लगते हैं। मौजूदा समय में बदली और धूप के बीच इनका संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। यह आंख के लिए काफी नुकसानदेह माने जाते हैं। पिछले कई दिनों से इनके प्रकोप से लोगों की आंखों को नुकसान पहुंच रहा है। आंख में पड़ने के बाद यह जख्मी कर दे रहे हैं। एकाएक पड़ने पर मिर्च जैसी चुभन होती है और देखते ही देखते व्यक्ति आंखों का मलता है। जिससे आंखें लाल होने के साथ ही सूजन भी आ जाता है।
माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज के नेत्र रोग विभाग में इस प्रकार के 10 से अधिक रोगी प्रतिदिन पहुंच रहे हैं। जिनके आंख में कीट पड़ने की शिकायत है। चिकित्सक ड्रॉप देने के साथ ही नियमित चश्मा और हेलमेट लगाकर वाहन चलाने की सलाह दे रहे हैं। बिना सलाह के आंख में ड्रॉप डालना नुकसानदेह साबित हो सकता है।
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यह मौसम ऐसा है कि इसमें कीट का प्रजनन दर बढ़ा जाता है। इसमें कई प्रकार के कीट पैदा होते हैं। जो पौधों पर रहते हैं फिर उड़ते हैं। इनके आंख में पड़ जाने से जलन जैसा महसूस होता है। कई बार यह आंखों को काफी नुकसान पहुंचा देते हैं। ऐसे में अगर कीट पड़ते हैं तो आंख को बार-बार मले न और बिना चिकित्सा के परामर्श से ड्रॉप न डालें। चिकित्सक को दिखाने के बाद ही दवा लें। बाइक से चलते हैं तो हेलमेट जरूर लगाएं। अगर हेलमेट नहीं लगाए हैं तो चश्मा जरूर लगाएं।
-डॉ. संजय गुप्ता, नेत्र रोग विशेषज्ञ, माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज
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मौसम में बदलाव के बाद माहू की कीट की संख्या में वृद्धि हो जाती है। दोपहर 12 बजे के बाद यह पौधों को छोड़कर उड़ान भरने लगते हैं। मौजूदा समय में बदली और धूप के बीच इनका संख्या में तेजी से वृद्धि हुई है। यह आंख के लिए काफी नुकसानदेह माने जाते हैं। पिछले कई दिनों से इनके प्रकोप से लोगों की आंखों को नुकसान पहुंच रहा है। आंख में पड़ने के बाद यह जख्मी कर दे रहे हैं। एकाएक पड़ने पर मिर्च जैसी चुभन होती है और देखते ही देखते व्यक्ति आंखों का मलता है। जिससे आंखें लाल होने के साथ ही सूजन भी आ जाता है।
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माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज के नेत्र रोग विभाग में इस प्रकार के 10 से अधिक रोगी प्रतिदिन पहुंच रहे हैं। जिनके आंख में कीट पड़ने की शिकायत है। चिकित्सक ड्रॉप देने के साथ ही नियमित चश्मा और हेलमेट लगाकर वाहन चलाने की सलाह दे रहे हैं। बिना सलाह के आंख में ड्रॉप डालना नुकसानदेह साबित हो सकता है।
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यह मौसम ऐसा है कि इसमें कीट का प्रजनन दर बढ़ा जाता है। इसमें कई प्रकार के कीट पैदा होते हैं। जो पौधों पर रहते हैं फिर उड़ते हैं। इनके आंख में पड़ जाने से जलन जैसा महसूस होता है। कई बार यह आंखों को काफी नुकसान पहुंचा देते हैं। ऐसे में अगर कीट पड़ते हैं तो आंख को बार-बार मले न और बिना चिकित्सा के परामर्श से ड्रॉप न डालें। चिकित्सक को दिखाने के बाद ही दवा लें। बाइक से चलते हैं तो हेलमेट जरूर लगाएं। अगर हेलमेट नहीं लगाए हैं तो चश्मा जरूर लगाएं।
-डॉ. संजय गुप्ता, नेत्र रोग विशेषज्ञ, माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज