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Siddharthnagar News: झोपड़ी में रहने वाले आवास की लगा रहे आस

Mon, 24 Jul 2023 11:06 PM IST
Gorakhpur Bureau गोरखपुर ब्यूरो
Updated Mon, 24 Jul 2023 11:06 PM IST
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Looking forward to living in a hut
झोपड़ी के पास अपने बच्चो के साथ खड़ी कुसुमा देवी
आवास की आस में पथरायीं गरीबों की आंखें, इटवा क्षेत्र के खखरा गांव में बरसात में टपकती झोपड़ियों में जिंदगी गुजारने को मजबूर परिवार
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संवाद न्यूज एजेंसी

सिद्धार्थनगर। प्रधानमंत्री आवास योजना के जरिए सरकार का गरीबों को पक्का आवास देने का वादा कई जगहों पर अधूरा है। पात्र होते हुए भी लोग योजना के लाभ से वंचित हैं। मामला इटवा ब्लॉक क्षेत्र के खखरा गांव का है। यहां तीन परिवार ऐसे हैं, जो झोपड़ी और तिरपाल पन्नी में रहने को मजबूर हैं। उनका कहना है कि योजना के तहत उन्होंने आवेदन किया था। अधिकारियों के चक्कर भी लगाए, लेकिन आश्वासन के अलावा कुछ नहीं मिला।


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झोपड़ी में रहने को मजबूर परिवार

खखरा गांव निवासी मनरावती ने बताया कि उनके पति कपूर चंद्र मजदूरी कर किसी तरह से गुजर बसर कर रहे हैं। प्रधानमंत्री आवास पाने के लिए प्रधान से लेकर ब्लॉक अधिकारियों तक के चक्कर लगाए, लेकिन आज तक आवास नहीं मिला। परिवार झोपड़ी में रहने को मजबूर है। गांव की कुसुमा देवी ने बताया कि उनके पति रामपाल दिहाड़ी का काम करते हैं, उससे जो पैसा मिलता है, वह घर खर्च में चला जाता है। वर्षों से झोपड़ी में परिवार के साथ जीवन यापन कर रही हूं। आवास के लिए कई साल से ग्राम पंचायत के जिम्मेदारों से कह रही हूं। लेकिन वादा के अलावा और कुछ नहीं मिला। कुछ इसी तरह की स्थिति सुशीला देवी की भी है। उन्होंने बताया कि जब से मैं इस घर में आई हूं, तभी से मैं झोपड़ी में रह रही हूं। बरसात के दिनों में झोपड़ी में पानी टपकता है। जिससे बचने के लिए झोपड़ी पर पन्नी डाल रखी हूं। उसके बावजूद भी अगल-बगल का पानी घर में प्रवेश कर जाता है। झोपड़ी की दीवाल कच्ची मिट्टी की बनी है। जिसके गिरने का डर बना रहता है। मेरे छोटे-छोटे बच्चे हैं। बरसात के मौसम में पूरी रात रोते हैं। लेकिन गांव के जिम्मेदारों को दया तक नहीं आती है। आवास के लिए कहते-कहते वह धक चुकी हैं। अब लगता है अपना पक्का मकान देखने को भी नसीब नहीं होगा। ग्राम प्रधान श्रीयादव ने बताया कि जो लोग आवास के लिए पात्र होंगे, सूची बनने पर उनका नाम भेजा जाएगा। अगर लिस्ट में उनका नाम आएगा तो आवास जरूर दिया जाएगा। इस संबंध सेक्रेटरी मुख्तार अहमद ने बताया कि सूची तैयार की जा रही है। जैसे ही नए आवास का टारगेट आएगा। आवेदन करवाए जाएंगे। जिससे उन्हें जल्द ही योजना का लाभ मिल सके। इस संबंध में बीडीओ इटवा राजकुमार ने बताया कि मामला संज्ञान में आया है। जांच कराई जाएगी, अगर वे पात्र होंगे तो आवास दिलाने की प्रक्रिया शुरू की जाएगी।
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