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एमकॉम शुरू न होने से छात्राओं की बढ़ी चिंता

Fri, 02 Feb 2018 11:02 PM IST
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर
ब्यूरो/अमर उजाला सिद्धार्थनगर Updated Fri, 02 Feb 2018 11:02 PM IST
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Increased worry of girl students due to non-commencement of M.Com
ज्योति तिवारी। - फोटो : अमर उजाला
बर्डपुर। सिद्धार्थ यूनिवर्सिटी का तीसरा सत्र समापन की ओर है। बीकॉम की छात्र-छात्राओं की पढ़ाई पूरी होने वाली है। एमकॉम का संचालन अब तक शुरू न होने से विद्यार्थी मायूस हैं। उन्हें आगे की पढ़ाई के लिए गोरखपुर, फैजाबाद, लखनऊ या अन्य शहरों की ओर मजबूरन जाना होगा। ऐसे में छात्र-छात्राओं में नए सत्र से एमकॉम कक्षाओं के संचालन की मांग मुखर होने लगी है।
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यूनिवर्सिटी में कक्षाओं का संचालन नवंबर 2015 से शुरू हुआ था। बीकॉम प्रथम वर्ष में दाखिला लेने वाले छात्र-छात्रा वर्ष-2015-16, 2016-17 की पढ़ाई पूरी करने के बाद अब अंतिम सत्र में हैं। शीघ्र ही इस सत्र की परीक्षाएं भी शुरू होने वाली हैं। परीक्षा की तैयारियों में जुटे विद्यार्थियों को आगे की पढ़ाई की चिंता सता रही है। यूनिवर्सिटी में अब तक एमकॉम शुरू न होने से वे मायूस हैं। उनका कहना है कि अगर यहां एमकॉम शुरू नहीं हुआ तो न चाहते हुए भी कइयों को आगे की पढ़ाई रोकनी पड़ जाएगी। कारण, अभिभावक घर से दूर भेजने को तैयार नहीं होंगे। बीकॉम तृतीय वर्ष की छात्रा ज्योति तिवारी ने कहा कि एमकॉम की कक्षाएं शुरू नहीं होती तो आगे की पढ़ाई का सपना धरा रह जाएगा। यूनिवर्सिटी खुलने के बाद उम्मीद थी कि आसानी से बेहतर उच्च शिक्षा हासिल कर लेंगे, मगर अब उम्मीद पर ग्रहण लगता दिख रहा है।
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 छात्रा ज्योति चौधरी ने कहा कि घर से दूर जाकर पढ़ाई करने की स्थिति में नहीं है। परिजन भी इस पर राजी नहीं होंगे। ऐसे में पढ़ाई छोड़ने को मजबूर होना होगा। नेपाल की कुंजलता पांडेय ने कहा कि गांव से यूनिवर्सिटी नजदीक होने के कारण यहां दाखिला हो गया था। अब एमकॉम के लिए दूर जाना होगा तो घर बैठना मजबूरी होगी। 
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यूनिवर्सिटी प्रसासन को विद्यार्थियों का हित देखते हुए शीघ्र फैसला करना होगा। खुशबू कसौधन ने कहा कि लड़के तो फिर भी दूर जाकर पढ़ाई कर लेंगे, लेकिन लड़कियों के पास कोई विकल्प नहीं है। सरकार भी बेटी पढ़ाओ पर जोर दे रही है, ऐसे में यूनिवर्सिटी प्रशासन को शीघ्र कदम उठाने की जरूरत है। इस संबंध में वाणिज्य विभागाध्यक्ष डॉ.दीपक मिश्र का कहना है कि विद्यार्थियों के भविष्य के  मद्देनजर नए सत्र से एमकॉम की कक्षाएं शुरू करने पर विचार चल रहा है। कुलपति की सहमति प्राप्त होने के बाद संचालन शुरू कर दिया जाएगा।
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