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Siddharthnagar News: कोहरे के बीच धूल और धुआं, सांस के मरीजों की बढ़ी मुसीबत
Wed, 20 Nov 2024 12:20 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Wed, 20 Nov 2024 12:20 AM IST
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शहर के अशोक मार्ग पर उड रही धूल से होकर आवागमन करते लोग।
सिद्धार्थनगर। कोहरे के साथ धूल और धुआं सांस के मरीजों का दम फुला रहे हैं। घर से बिना मास्क निकलने पर मरीजों की तकलीफ बढ़ जा रही हैं। मेडिकल कॉलेज की ओपीडी में रोजाना सांस की तकलीफ से पीड़ित मरीज पहुंच रहे हैं।
डॉक्टरों अनुसार ठंड के सीजन में सुबह-शाम कोहरा पड़ रहा है। ऐसे मौसम में नीच से उठने वाला धुआं और उड़ने वाली धूल वायुमंडल के निचले सतह पर ही तैर रही है। इस कारण मरीजों की तकलीफ बढ़ रही है और उन्हें डॉक्टर के पास जाने की नौबत आ रही है।
मेडिकल कॉलेज में मेडिसिन विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. गौरव दुबे ने बताया कि इस मौसम में ओपीडी में 20-25 प्रतिशत मरीज सांस के तकलीफ वाले हैं। बदलते मौसम में लोग सर्दी, जुकाम की चपेट में आ रहे हैं। धूल और धुआं के कारण भी तबीयत खराब हो रही है। कोहरा के बीच धूल और धुआं के बीच रहने वाले सांस के मरीजों की परेशानी बढ़ रही है। उन्हें धूल और धुआं से बचने का सुझाव दिया जा रहा है। े
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डॉक्टरों अनुसार ठंड के सीजन में सुबह-शाम कोहरा पड़ रहा है। ऐसे मौसम में नीच से उठने वाला धुआं और उड़ने वाली धूल वायुमंडल के निचले सतह पर ही तैर रही है। इस कारण मरीजों की तकलीफ बढ़ रही है और उन्हें डॉक्टर के पास जाने की नौबत आ रही है।
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मेडिकल कॉलेज में मेडिसिन विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर डॉ. गौरव दुबे ने बताया कि इस मौसम में ओपीडी में 20-25 प्रतिशत मरीज सांस के तकलीफ वाले हैं। बदलते मौसम में लोग सर्दी, जुकाम की चपेट में आ रहे हैं। धूल और धुआं के कारण भी तबीयत खराब हो रही है। कोहरा के बीच धूल और धुआं के बीच रहने वाले सांस के मरीजों की परेशानी बढ़ रही है। उन्हें धूल और धुआं से बचने का सुझाव दिया जा रहा है। े
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