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Siddharthnagar News: शिक्षा की पटरी पर वापस लौटेंगे बीच में स्कूल छोड़ चुके बच्चे
Wed, 22 May 2024 02:57 AM IST
गोरखपुर ब्यूरो
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
संवाद न्यूज एजेंसी, सिद्धार्थनगर
Updated Wed, 22 May 2024 02:57 AM IST
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हेडिंग- शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़े जाएंगे स्कूल छोड़ चुके बच्चे
फोटो-
- शारदा पोर्टल पर अपलोड होगा डाटा, आयु के हिसाब से मिलेगा प्रवेश
- छह वर्ष से 14 वर्ष के छात्रों को मिलेगी सुविधा
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। निशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत किन्हीं कारणों से स्कूल छोड़ चुके अथवा प्रवेश न लेने वाले छह से 14 आयु वर्ग के बच्चों को फिर से शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाएगा। इसके लिए शारदा (स्कूल हर दिन आएं) अभियान के तहत बच्चों का चिह्नीकरण कर स्कूल में प्रवेश दिलाया जाएगा।
शारदा पोर्टल की शुरुआत के पीछे शासन की मंशा है कि कोई भी बच्चा शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत शिक्षा से वंचित न रहे। बेसिक शिक्षा विभाग ऐसे बच्चों की खोज के लिए अभियान चलाएगा जो किसी कारणवश प्रवेश नहीं ले सके या बीच में पढ़ाई छोड़नी पड़ी।
बच्चों का प्रवेश आयु संगत कक्षाओं में होगा और उनको विशेष प्रशिक्षण देकर अन्य बच्चों की तरह उस कक्षा के समकक्ष तैयार किया जाएगा।
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दो चरणों में होगा सर्वेक्षण
बच्चों के चिह्नीकरण के लिए दो चरणों में सर्वेक्षण का काम किया जाएगा। पहला चरण 17 जून से 16 जुलाई तथा दूसरा चरण एक अगस्त से 31 अगस्त तक चलाया जाएगा। इस दौरान सभी नगरीय एवं ग्रामीण इलाकों के परिवारों, ईंट भट्ठों, खदानों, कारखानों, होटलों, ढाबों तथा घुमंतू समुदाय आदि परिवारों का सर्वेक्षण कर आउट ऑफ स्कूल बच्चों का चिह्नीकरण कर उनका प्रवेश दिलाया जाएगा।
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पिछले साल करीब 17 हजार बच्चों को दिया गया प्रवेश
जिला समन्वयक अमित शुक्ला ने बताया कि अभियान के तहत पिछले साल कोई भी लक्ष्य निर्धारित नहीं किया गया था। लेकिन, जिले से 17 हजार से अधिक छात्रों को प्रवेश दिलाया गया था। इस वर्ष भी लक्ष्य निर्धारित नहीं है, लेकिन पिछले वर्ष की अपेक्षा इस वर्ष संख्या अधिक रहेगी।
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ड्रॉप आउट बच्चों को शिक्षा की मुख्य धारा से जोड़ा जाएगा। इसके लिए हाउस होल्ड सर्वे के साथ ही स्कूल छोड़ चुके बच्चों का चिह्नीकरण कर स्कूल में प्रवेश दिलाया जाएगा। अभियान दो चरणों में चलेगा।
-देवेंद्र कुमार पांडेय, बीएसए
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फोटो-
- शारदा पोर्टल पर अपलोड होगा डाटा, आयु के हिसाब से मिलेगा प्रवेश
- छह वर्ष से 14 वर्ष के छात्रों को मिलेगी सुविधा
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। निशुल्क और अनिवार्य बाल शिक्षा का अधिकार अधिनियम के तहत किन्हीं कारणों से स्कूल छोड़ चुके अथवा प्रवेश न लेने वाले छह से 14 आयु वर्ग के बच्चों को फिर से शिक्षा की मुख्यधारा से जोड़ा जाएगा। इसके लिए शारदा (स्कूल हर दिन आएं) अभियान के तहत बच्चों का चिह्नीकरण कर स्कूल में प्रवेश दिलाया जाएगा।
शारदा पोर्टल की शुरुआत के पीछे शासन की मंशा है कि कोई भी बच्चा शिक्षा के अधिकार अधिनियम के तहत शिक्षा से वंचित न रहे। बेसिक शिक्षा विभाग ऐसे बच्चों की खोज के लिए अभियान चलाएगा जो किसी कारणवश प्रवेश नहीं ले सके या बीच में पढ़ाई छोड़नी पड़ी।
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बच्चों का प्रवेश आयु संगत कक्षाओं में होगा और उनको विशेष प्रशिक्षण देकर अन्य बच्चों की तरह उस कक्षा के समकक्ष तैयार किया जाएगा।
दो चरणों में होगा सर्वेक्षण
बच्चों के चिह्नीकरण के लिए दो चरणों में सर्वेक्षण का काम किया जाएगा। पहला चरण 17 जून से 16 जुलाई तथा दूसरा चरण एक अगस्त से 31 अगस्त तक चलाया जाएगा। इस दौरान सभी नगरीय एवं ग्रामीण इलाकों के परिवारों, ईंट भट्ठों, खदानों, कारखानों, होटलों, ढाबों तथा घुमंतू समुदाय आदि परिवारों का सर्वेक्षण कर आउट ऑफ स्कूल बच्चों का चिह्नीकरण कर उनका प्रवेश दिलाया जाएगा।
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पिछले साल करीब 17 हजार बच्चों को दिया गया प्रवेश
जिला समन्वयक अमित शुक्ला ने बताया कि अभियान के तहत पिछले साल कोई भी लक्ष्य निर्धारित नहीं किया गया था। लेकिन, जिले से 17 हजार से अधिक छात्रों को प्रवेश दिलाया गया था। इस वर्ष भी लक्ष्य निर्धारित नहीं है, लेकिन पिछले वर्ष की अपेक्षा इस वर्ष संख्या अधिक रहेगी।
ड्रॉप आउट बच्चों को शिक्षा की मुख्य धारा से जोड़ा जाएगा। इसके लिए हाउस होल्ड सर्वे के साथ ही स्कूल छोड़ चुके बच्चों का चिह्नीकरण कर स्कूल में प्रवेश दिलाया जाएगा। अभियान दो चरणों में चलेगा।
-देवेंद्र कुमार पांडेय, बीएसए