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Siddharthnagar News: टेक्नीशियन के अभाव में ताले में बंद पड़ी सीटी स्कैन मशीन
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मेडिकल कॉलेज के परिसर में स्थित सीटी स्कैन। संवाद
-पांच करोड़ रुपये से खरीदी गई थी मशीन, 140 डेल मशीन से होती जांच तो मिलती है बेहतर रिपोर्ट
संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में एक वर्ष पहले पांच करोड़ रुपेय से 140 डेल की सीटी स्कैन मशीन खरीदी गई है, लेकिन अभी तक टेक्नीशियन के न होने से मशीन कक्ष में ताला लगा है। इससे मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल रहा है। इससे मरीज को बेहतर रिपोर्ट के लिए गाेरखपुर का चक्कर लगाना पड़ रहा है।
मेडिकल कॉलेज के पुराने भवन में 24 डेल की एक और मशीन मौजूद है, जो वर्तमान में संचालित है, लेकिन यह मशीन आए दिन खराब हो जाती है, जबकि इसको एक निजी कंपनी द्वारा संचालित करवाया जाता है। मरीजों को बेहतर सुविधा देने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने मेडिकल कॉलेज को एक बेहतर सीटी स्कैन मशीन दी। मशीन मेडिकल कॉलेज में रख भी दी गई, लेकिन एक टेक्नीशियन के अभाव में उसका संचालन शुरू नहीं हो पा रहा है। इससे बेहतर रिपोर्ट के लिए मरीजों को प्राइवेट सेंटर पर भी जाना पड़ता है।
मेडिकल कॉलेज में नई सीटी स्कैन मशीन आने से मरीजों में बेहतर जांच की आस जगी थी, लेकिन उसे कमरे में बंद करके रख दिया गया है। इससे उपयोग न होने के कारण उसे खराब होने की भी उम्मीद है। ऐसे में एक टेक्नीशियन के अभाव मशीन का संचालन नहीं किया जा रहा है।
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वर्जन
टेक्नीशियन की नियुक्ति के लिए पत्र लिखा गया है। जल्द ही मेडिकल कॉलेज में टेक्नीशियन नियुक्त करके सीटी स्कैन मशीन का संचालन करवाया जाएगा।
-प्रो. राजेश मोहन, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज
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संवाद न्यूज एजेंसी
सिद्धार्थनगर। माधव प्रसाद त्रिपाठी मेडिकल कॉलेज में एक वर्ष पहले पांच करोड़ रुपेय से 140 डेल की सीटी स्कैन मशीन खरीदी गई है, लेकिन अभी तक टेक्नीशियन के न होने से मशीन कक्ष में ताला लगा है। इससे मरीजों को इसका लाभ नहीं मिल रहा है। इससे मरीज को बेहतर रिपोर्ट के लिए गाेरखपुर का चक्कर लगाना पड़ रहा है।
मेडिकल कॉलेज के पुराने भवन में 24 डेल की एक और मशीन मौजूद है, जो वर्तमान में संचालित है, लेकिन यह मशीन आए दिन खराब हो जाती है, जबकि इसको एक निजी कंपनी द्वारा संचालित करवाया जाता है। मरीजों को बेहतर सुविधा देने के लिए स्वास्थ्य विभाग ने मेडिकल कॉलेज को एक बेहतर सीटी स्कैन मशीन दी। मशीन मेडिकल कॉलेज में रख भी दी गई, लेकिन एक टेक्नीशियन के अभाव में उसका संचालन शुरू नहीं हो पा रहा है। इससे बेहतर रिपोर्ट के लिए मरीजों को प्राइवेट सेंटर पर भी जाना पड़ता है।
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मेडिकल कॉलेज में नई सीटी स्कैन मशीन आने से मरीजों में बेहतर जांच की आस जगी थी, लेकिन उसे कमरे में बंद करके रख दिया गया है। इससे उपयोग न होने के कारण उसे खराब होने की भी उम्मीद है। ऐसे में एक टेक्नीशियन के अभाव मशीन का संचालन नहीं किया जा रहा है।
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वर्जन
टेक्नीशियन की नियुक्ति के लिए पत्र लिखा गया है। जल्द ही मेडिकल कॉलेज में टेक्नीशियन नियुक्त करके सीटी स्कैन मशीन का संचालन करवाया जाएगा।
-प्रो. राजेश मोहन, प्राचार्य, मेडिकल कॉलेज