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यहां पांच दर्जन गांव हैं अवैध शराब के लिए चिन्हित
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फोटो- है
मंत्री के जिले में धधक रहीं कच्ची शराब की भट्ठियां
बांसी, सदर व शोहरतगढ़ सर्किल है कच्ची शराब के लिए बदनाम
मौत के बाद छापेमारी के लिए सक्रिय होते हैं जिम्मेदार
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। जब जहरीली शराब से मौत का सिलसिला शुरू होता है। तब जाकर पुलिस व आबकारी विभाग की नींद खुलती है। कुशीनगर व सहारनपुर जिले में जहरीली शराब के सेवन से कई लोगों की जाने चली गईं और कई जिंदगी और मौत से लड़ रहे हैं। ऐसी घटना जिले में कभी भी घट सकती है। वजह बांसी, शोहरतगढ़, सदर सर्किल के लाभ पांच दर्जन गांव ऐसे हैं जो कच्ची शराब का धंधा करने के लिए चिह्नित हैं। वह भी विभागीय आंकड़ों में। बावजूद इसके यहां धंधा बंद नहीं होता है। कच्ची शराब की भट्टियां धधकती हैं और शाम ढलते ही पीने का सिलसिला शुरू होता है। खास बात यह है कि यह जिला आबकारी मंत्री का है फिर भी अवैध शराब का धंधा बंद नहीं हो रहा है।
यहां होता है कच्ची शराब का धंधा
जिले की नदियों से लगने वाले थाना क्षेत्रों में कच्ची शराब का धंधा अधिक चलता है। इसमें मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के बहोरवा, ओदनवाताल, छोटकी कनकटी, जोकईला, मंझरिया, सोनौली सहित दर्जनों गांव में अवैध शराब बनती है। इसी प्रकार बांसी कोतवाली क्षेत्र के आधा दर्जन गांव, खेसरहा क्षेत्र के कुछ गांव, जोगिया और गोल्हौरा थाना क्षेत्र के जोकहिया, उसकी, सेखुई आदि गांवों में कच्ची शराब बनती है। इसके अलावा सदर सर्किल के उसका थाना क्षेत्र सेखुइया, उसकिया सहित आधा दर्जन गांव में शराब का धंधा होता है। वहीं, शोहरतगढ़ सर्किल के ढेेबरुआ थाना क्षेत्र इटहिया, बालानगर, प्रतापपुर, तौलिहवा, नोनहवा, तिछहवा सहित दर्जनों गांव कच्ची शराब के लिए चिह्नित हैं। इसके अलावा शोहरतगढ़, लोटन, मोहाना, कपिलवस्तु, लोटन थाना क्षेत्र में नेपाली शराब का धंधा होता है।
12 लीटर कच्ची शराब को कराया नष्ट
शोहरतगढ़। एसडीएम के नेतृत्व में आबकारी विभाग की टीम नकली व कच्ची शराब बनाने वाले ठिकानों पर छापामारी की। शनिवार को एसडीएम अनिल कुमार के नेतृत्व में तहसील क्षेत्र के बालानगर व कोमर गांव में आबकारी विभाग की पुलिस के साथ स्थानीय पुलिस ने दर्जनों स्थानों पर छापा मारा। इस दौरान दस क्विंटल लहन, शराब बनाने में प्रयुक्त उपकरण समेत 12 लीटर कच्ची शराब को नष्ट कराया गया। इस दौरान ढेबरुआ एसओ राजेंद्र बहादुर सिंह, आबकारी इंस्पेक्टर अजय सिंह आदि मौजूद रहे। इसी क्रम में उसका थाना क्षेत्र में देर रात सीओ सदर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कच्ची शराब के ठिकानों पर छापेमारी की। मौके पर शराब बनाने वाला सामान नष्ट किया गया। मिश्रौलिया के जोकइला गांव में छापेमारी करके शराब बरामद की गई और एक महिला का आबकारी एक्ट में चालान किया गया।
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फोटो-
मंत्री बोले, कच्ची शराब तो प्रदेश भर में बनती है
कहा कि विभाग में कुछ कमी, सरकार सख्ती से निपटेगी अवैध शराब के धंधेबाजों से
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। कुशीनगर और सहारनपुर में जहरीली शराब से हुई मौत के बाद आबकारी मंत्री और बांसी विधायक जय प्रताप सिंह ने कहा कि कच्ची शराब तो प्रदेश भर में बनती है। यह नया नहीं है। इस धंधे में प्रदेश भर की छोटी जाति के लोग शामिल है, जो रोजी-रोटी के लिए यह धंधा करते हैं।
वह गुरुवार को बांसी में कुछ पत्रकारों को जहरीली शराब पीने से हुई मौत के मामले में जवाब दे रहे थे। उन्होंने खुद ही स्वीकार किया है कि विभाग की कमी के कारण कच्ची शराब का धंधा बढ़ा है। इस पर सरकार सख्त कदम उठा रही है। कहा कि जिले में भी कच्ची का धंधा चल रहा है। कुशीनगर में हुए हादसे के सवाल पर कहा कि सरकार ने इस पर सख्त कदम उठाते हुए कच्ची शराब के मास्टरमाइंड राजेंद्र जायसवाल को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। सहारनपुर मामले पर सफाई देते हुए कहा कि उत्तराखंड बॉर्डर से सटे गांव में कुछ लोग गए थे। जो उत्तराखंड से शराब पीकर आए थे। मामले में जानकारी के बाद तत्काल उस क्षेत्र के इंस्पेक्टर को निलंबित करते हुए अन्य कार्रवाई की गई है। प्रदेश भर में कच्ची के खिलाफ विशेष अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए हैं। वीडियो कांफ्रेंसिंग कर प्रदेश भर के जिलाधिकारियों और आबकारी अधिकारियों कड़ी कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया है।
21 हजार लीटर कच्ची शराब बरामद
सिद्धार्थनगर। आबकारी व पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने जिले के 12 स्थानों पर छापेमारी कर 21 हजार कच्ची शराब बरामद की है। साथ ही 20 क्विंटल से अधिक का लहन नष्ट किया है। मामले में कोई भी तस्कर पुलिस के हाथ नहीं लगा है। परसा प्रतिनिधि के अनुसार ढेबरुआ थाना के कठेला पुलिस चौकी के तहत बालानगर व शोहरतगढ़ के कोमरी में एसडीएम, पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने छापेमारी करके सात क्विंटल लहन नष्ट किया और दस लीटर अवैध कच्ची शराब भी बरामद किया। मौके पर शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र के एसडीएम अरविंद कुमार, नायब तहसीलदार अवधेश कुमार, प्रभारी थाना निरीक्षक ढेबरुआ राजेन्द्र बहादुर सिंह व आबकारी निरीक्षक अजय सिंह मौजूद रहे।
कच्ची शराब के धंधेबाजों पर कठोर कार्रवाई : डीएम
सिद्धार्थनगर। कच्ची शराब अथवा अवैध शराब का सेवन करने वालों के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। उपरोक्त बातें जिलाधिकारी कुणाल सिल्कू ने शनिवार को कहीं। कहा कि कोई भी व्यक्ति यदि अवैध शराब की बिक्री अथवा सेवन करता हुआ पाया जाता है तो उसके विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। जनपद में पुलिस प्रशासन एवं आबकारी की संयुक्त टीम का गठन कर कठोर कार्रवाई की जा रही है। आबकारी अधिनियम के 60 क के तहत फांसी की सजा तक का प्रावधान है। ऐसे में अवैध शराब से बचें।
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मंत्री के जिले में धधक रहीं कच्ची शराब की भट्ठियां
बांसी, सदर व शोहरतगढ़ सर्किल है कच्ची शराब के लिए बदनाम
मौत के बाद छापेमारी के लिए सक्रिय होते हैं जिम्मेदार
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। जब जहरीली शराब से मौत का सिलसिला शुरू होता है। तब जाकर पुलिस व आबकारी विभाग की नींद खुलती है। कुशीनगर व सहारनपुर जिले में जहरीली शराब के सेवन से कई लोगों की जाने चली गईं और कई जिंदगी और मौत से लड़ रहे हैं। ऐसी घटना जिले में कभी भी घट सकती है। वजह बांसी, शोहरतगढ़, सदर सर्किल के लाभ पांच दर्जन गांव ऐसे हैं जो कच्ची शराब का धंधा करने के लिए चिह्नित हैं। वह भी विभागीय आंकड़ों में। बावजूद इसके यहां धंधा बंद नहीं होता है। कच्ची शराब की भट्टियां धधकती हैं और शाम ढलते ही पीने का सिलसिला शुरू होता है। खास बात यह है कि यह जिला आबकारी मंत्री का है फिर भी अवैध शराब का धंधा बंद नहीं हो रहा है।
यहां होता है कच्ची शराब का धंधा
जिले की नदियों से लगने वाले थाना क्षेत्रों में कच्ची शराब का धंधा अधिक चलता है। इसमें मिश्रौलिया थाना क्षेत्र के बहोरवा, ओदनवाताल, छोटकी कनकटी, जोकईला, मंझरिया, सोनौली सहित दर्जनों गांव में अवैध शराब बनती है। इसी प्रकार बांसी कोतवाली क्षेत्र के आधा दर्जन गांव, खेसरहा क्षेत्र के कुछ गांव, जोगिया और गोल्हौरा थाना क्षेत्र के जोकहिया, उसकी, सेखुई आदि गांवों में कच्ची शराब बनती है। इसके अलावा सदर सर्किल के उसका थाना क्षेत्र सेखुइया, उसकिया सहित आधा दर्जन गांव में शराब का धंधा होता है। वहीं, शोहरतगढ़ सर्किल के ढेेबरुआ थाना क्षेत्र इटहिया, बालानगर, प्रतापपुर, तौलिहवा, नोनहवा, तिछहवा सहित दर्जनों गांव कच्ची शराब के लिए चिह्नित हैं। इसके अलावा शोहरतगढ़, लोटन, मोहाना, कपिलवस्तु, लोटन थाना क्षेत्र में नेपाली शराब का धंधा होता है।
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12 लीटर कच्ची शराब को कराया नष्ट
शोहरतगढ़। एसडीएम के नेतृत्व में आबकारी विभाग की टीम नकली व कच्ची शराब बनाने वाले ठिकानों पर छापामारी की। शनिवार को एसडीएम अनिल कुमार के नेतृत्व में तहसील क्षेत्र के बालानगर व कोमर गांव में आबकारी विभाग की पुलिस के साथ स्थानीय पुलिस ने दर्जनों स्थानों पर छापा मारा। इस दौरान दस क्विंटल लहन, शराब बनाने में प्रयुक्त उपकरण समेत 12 लीटर कच्ची शराब को नष्ट कराया गया। इस दौरान ढेबरुआ एसओ राजेंद्र बहादुर सिंह, आबकारी इंस्पेक्टर अजय सिंह आदि मौजूद रहे। इसी क्रम में उसका थाना क्षेत्र में देर रात सीओ सदर के नेतृत्व में पुलिस टीम ने कच्ची शराब के ठिकानों पर छापेमारी की। मौके पर शराब बनाने वाला सामान नष्ट किया गया। मिश्रौलिया के जोकइला गांव में छापेमारी करके शराब बरामद की गई और एक महिला का आबकारी एक्ट में चालान किया गया।
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मंत्री बोले, कच्ची शराब तो प्रदेश भर में बनती है
कहा कि विभाग में कुछ कमी, सरकार सख्ती से निपटेगी अवैध शराब के धंधेबाजों से
अमर उजाला ब्यूरो
सिद्धार्थनगर। कुशीनगर और सहारनपुर में जहरीली शराब से हुई मौत के बाद आबकारी मंत्री और बांसी विधायक जय प्रताप सिंह ने कहा कि कच्ची शराब तो प्रदेश भर में बनती है। यह नया नहीं है। इस धंधे में प्रदेश भर की छोटी जाति के लोग शामिल है, जो रोजी-रोटी के लिए यह धंधा करते हैं।
वह गुरुवार को बांसी में कुछ पत्रकारों को जहरीली शराब पीने से हुई मौत के मामले में जवाब दे रहे थे। उन्होंने खुद ही स्वीकार किया है कि विभाग की कमी के कारण कच्ची शराब का धंधा बढ़ा है। इस पर सरकार सख्त कदम उठा रही है। कहा कि जिले में भी कच्ची का धंधा चल रहा है। कुशीनगर में हुए हादसे के सवाल पर कहा कि सरकार ने इस पर सख्त कदम उठाते हुए कच्ची शराब के मास्टरमाइंड राजेंद्र जायसवाल को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है। सहारनपुर मामले पर सफाई देते हुए कहा कि उत्तराखंड बॉर्डर से सटे गांव में कुछ लोग गए थे। जो उत्तराखंड से शराब पीकर आए थे। मामले में जानकारी के बाद तत्काल उस क्षेत्र के इंस्पेक्टर को निलंबित करते हुए अन्य कार्रवाई की गई है। प्रदेश भर में कच्ची के खिलाफ विशेष अभियान चलाने के निर्देश भी दिए गए हैं। वीडियो कांफ्रेंसिंग कर प्रदेश भर के जिलाधिकारियों और आबकारी अधिकारियों कड़ी कार्रवाई के लिए निर्देशित किया गया है।
21 हजार लीटर कच्ची शराब बरामद
सिद्धार्थनगर। आबकारी व पुलिस विभाग की संयुक्त टीम ने जिले के 12 स्थानों पर छापेमारी कर 21 हजार कच्ची शराब बरामद की है। साथ ही 20 क्विंटल से अधिक का लहन नष्ट किया है। मामले में कोई भी तस्कर पुलिस के हाथ नहीं लगा है। परसा प्रतिनिधि के अनुसार ढेबरुआ थाना के कठेला पुलिस चौकी के तहत बालानगर व शोहरतगढ़ के कोमरी में एसडीएम, पुलिस और आबकारी विभाग की संयुक्त टीम ने छापेमारी करके सात क्विंटल लहन नष्ट किया और दस लीटर अवैध कच्ची शराब भी बरामद किया। मौके पर शोहरतगढ़ तहसील क्षेत्र के एसडीएम अरविंद कुमार, नायब तहसीलदार अवधेश कुमार, प्रभारी थाना निरीक्षक ढेबरुआ राजेन्द्र बहादुर सिंह व आबकारी निरीक्षक अजय सिंह मौजूद रहे।
कच्ची शराब के धंधेबाजों पर कठोर कार्रवाई : डीएम
सिद्धार्थनगर। कच्ची शराब अथवा अवैध शराब का सेवन करने वालों के विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई अमल में लाई जा रही है। उपरोक्त बातें जिलाधिकारी कुणाल सिल्कू ने शनिवार को कहीं। कहा कि कोई भी व्यक्ति यदि अवैध शराब की बिक्री अथवा सेवन करता हुआ पाया जाता है तो उसके विरुद्ध कड़ी दंडात्मक कार्रवाई की जाएगी। जनपद में पुलिस प्रशासन एवं आबकारी की संयुक्त टीम का गठन कर कठोर कार्रवाई की जा रही है। आबकारी अधिनियम के 60 क के तहत फांसी की सजा तक का प्रावधान है। ऐसे में अवैध शराब से बचें।