{"_id":"606f474b8ebc3ecabd52553b","slug":"contestants-promoting-through-fm-radio-siddharthnagar-news-gkp391322841","type":"story","status":"publish","title_hn":"एफएम रेडियो के जरिए प्रचार कर रहे दावेदार","category":{"title":"City & states","title_hn":"शहर और राज्य","slug":"city-and-states"}}
एफएम रेडियो के जरिए प्रचार कर रहे दावेदार
विज्ञापन
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
एफएम रेडियो के जरिए प्रचार कर रहे दावेदार
नेपाल में भी बज रहा है भारत के पंचायत चुनाव का बिगुल
नेपाल में रहने वाले लोग भी हैं सिद्धार्थनगर जिले में मतदाता
ध्रुव यादव
कपिलवस्तु। भारत के पंचायत चुनाव का बिगुल नेपाल में भी बज रहा है। नेपाल के सीमावर्ती जिले में रहने वाले लोग भी सिद्धार्थनगर जिले के मतदाता हैं। ऐसे मतदाताओं को रिझाने में जिले के दावेदार जुटे हैं। नेपाली एफएम रेडियो के माध्यम से वोटरों तक अपनी अर्जी पहुंचाई जा रही है। जबकि, कुछ दावेदार तो रात में नेपाल भ्रमण करते भी दिख रहे हैं।
नेपाल के मधेशी बाहुल्य 22 जिले में भारतीय मतदाता भी हैं। यहां रहने वाले लोगों का भारतीयता से गहरा नाता है। नेपाल और भारत के लोगों में रोटी-बेटी का रिश्ता भी है। इस कारण सीमावर्ती ग्राम पंचायतों में नेपाल में रहने वाले मतदाता अच्छी भूमिका निभाएंगे। जिले की सीमा से लगे नेपाल के रूपनदेही और कपिलवस्तु में ज्यादातर लोग भारतीय मतदाता सूची में दर्ज हैं। नेपाल में काफी संख्या में निजी एफएम रेडियो हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में संचार का ये बेहतर माध्यम है। कपिलवस्तु जिले में ही 12 एफएम रेडियो हैं। जिला पंचायत, ग्राम पंचायत और क्षेत्र पंचायत क्षेत्र के दावेदारों ने एफएम रेडियो को प्रचार का माध्यम बनाया है। ऑनलाइन बुकिंग के माध्यम से रेडियो से प्रचार हो रहा है। घंटे के आधार पर बुकिंग कराई जा रही है। चर्चा है कि नेपाल में हुए इस मद के चुनाव खर्च की गणना भी नहीं हो रही है। संवाद
सीमा सील मगर आएंगे
नेपाल और भारत के सीमावर्ती जिलों में रहने वाले दोनों देशों में मतदाता हैं। नेपाल के मतदाताओं ने बातचीत में बताया कि कोरोना के कारण सीमा सील है लेकिन वे वोट डालने आएंगे। सीमा पर वाहनों का आना-जाना प्रतिबंधित है।
विज्ञापन
विज्ञापन
नेपाल में भी बज रहा है भारत के पंचायत चुनाव का बिगुल
नेपाल में रहने वाले लोग भी हैं सिद्धार्थनगर जिले में मतदाता
ध्रुव यादव
कपिलवस्तु। भारत के पंचायत चुनाव का बिगुल नेपाल में भी बज रहा है। नेपाल के सीमावर्ती जिले में रहने वाले लोग भी सिद्धार्थनगर जिले के मतदाता हैं। ऐसे मतदाताओं को रिझाने में जिले के दावेदार जुटे हैं। नेपाली एफएम रेडियो के माध्यम से वोटरों तक अपनी अर्जी पहुंचाई जा रही है। जबकि, कुछ दावेदार तो रात में नेपाल भ्रमण करते भी दिख रहे हैं।
नेपाल के मधेशी बाहुल्य 22 जिले में भारतीय मतदाता भी हैं। यहां रहने वाले लोगों का भारतीयता से गहरा नाता है। नेपाल और भारत के लोगों में रोटी-बेटी का रिश्ता भी है। इस कारण सीमावर्ती ग्राम पंचायतों में नेपाल में रहने वाले मतदाता अच्छी भूमिका निभाएंगे। जिले की सीमा से लगे नेपाल के रूपनदेही और कपिलवस्तु में ज्यादातर लोग भारतीय मतदाता सूची में दर्ज हैं। नेपाल में काफी संख्या में निजी एफएम रेडियो हैं। पहाड़ी क्षेत्रों में संचार का ये बेहतर माध्यम है। कपिलवस्तु जिले में ही 12 एफएम रेडियो हैं। जिला पंचायत, ग्राम पंचायत और क्षेत्र पंचायत क्षेत्र के दावेदारों ने एफएम रेडियो को प्रचार का माध्यम बनाया है। ऑनलाइन बुकिंग के माध्यम से रेडियो से प्रचार हो रहा है। घंटे के आधार पर बुकिंग कराई जा रही है। चर्चा है कि नेपाल में हुए इस मद के चुनाव खर्च की गणना भी नहीं हो रही है। संवाद
विज्ञापन
सीमा सील मगर आएंगे
नेपाल और भारत के सीमावर्ती जिलों में रहने वाले दोनों देशों में मतदाता हैं। नेपाल के मतदाताओं ने बातचीत में बताया कि कोरोना के कारण सीमा सील है लेकिन वे वोट डालने आएंगे। सीमा पर वाहनों का आना-जाना प्रतिबंधित है।
विज्ञापन