फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Uttar Pradesh ›   Shravasti News ›   The westerly wind caused trouble, mercury reached five degrees

पछुआ हवा ने किया बेहाल, पांच डिग्री पहुंचा पारा

Tue, 24 Dec 2019 10:51 PM IST
Lucknow Bureau लखनऊ ब्यूरो
Updated Tue, 24 Dec 2019 10:51 PM IST
विज्ञापन
The westerly wind caused trouble, mercury reached five degrees
श्रावस्ती में ठंड से बचने को बच्चे व खुद को गर्म कपड़ों में लपेटे महिला। - फोटो : SRAWASTI
श्रावस्ती। पहाड़ों पर हो रही बर्फबारी व लगातार चल रही तेज पछुआ हवा के कारण तराई में मौसम का मिजाज ठंडा हो गया है। सोमवार की देर शाम शुरू हुआ घने कोहरा का दौर दूसरे दिन मंगलवार की दोपहर तक छाया रहा। तापमान पांच डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। ऐसे में लोग ठंड से बचने के लिए गर्म कपड़ों का सहारा ले रहे हैं। वहीं घने कोहरे के कारण वाहन चालकों की मुश्किलें बढ़ी हैं।
विज्ञापन

जिले में पूस की रात गरीबों पर भारी पड़ रही है। करीब सात किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही पश्चिमोत्तर हवाओं से लोगों का हाल बेहाल है। मंगलवार को मौसम का तापमान 5 डिग्री सेल्सियस पर पहुंच गया। आर्द्रता 78 प्रतिशत रही। पश्चिमोत्तर हवाओं से जिले में मौसम का मिजाज लगातार ठंडा होता जा रहा है। दोपहर बाद छाई धुंध व शाम को अचानक शुरू हुआ कोहरा लोगों की परेशानी बढ़ा रहा है।
विज्ञापन

जिले में लोग ठंड से बचने के लिए अलाव का सहारा लेने को विवश हैं। ऐसे में लोगों को ठंड से परेशान देखा जा रहा है। वहीं तहसील प्रशासन की ओर से अब तक किसी भी स्थान पर अलाव नहीं जलवाया गया है। इससे मजदूरी पेशा व गरीबों को परेशानी का सामना करना पड़ रहा है। फसल अनुसंधान केंद्र बहराइच के मौसम विभाग के नोडल अधिकारी डॉ. एमबी सिंह ने बताया कि अभी तापमान और नीचे गिर सकता है। लोगों को चाहिए कि वह एहतियात बरतें।
विज्ञापन
विज्ञापन

ठंड में बच्चों और बुजुर्गों का रखें ख्याल
संयुक्त जिला चिकित्सालय भिनगा के बाल रोग विशेषज्ञ डॉ. प्रदीप कहते हैं कि नवजात बच्चों में रोग प्रतिरोधक क्षमता पूर्ण विकसित नहीं होती। उन्हें सर्दी, जुकाम, बंद नाक, सांस लेने में तकलीफ, बुखार, गले और कान में इनफेक्शन जैसी समस्याएं जल्दी हो जाती हैं। ऐसे में सर्दी में बच्चों गुनगुने पानी से नहलाएं। ज्यादा मौसम खराब हो तो गीले कपड़े से पूरे शरीर को पोंछ दें। तेज हवा में बच्चों के कान ढक कर रखें। निमोनिया के लक्षण बच्चों की उम्र के अनुसार भिन्न होती है। बुखार, ठंड लगना, खांसी आना, नाक में परेशानी होना, शिशु की सांस तेजी से चलना, उल्टी, सीने में दर्द होना, पेट में दर्द होना, दूध न पीना जैसे संकेत मिलने पर परिवारीजन चिकित्सक से संपर्क करें। वहीं सर्दियों में वृद्ध ज्यादा वसा वाली चीजें ना खाएं, नमक का सेवन कम करें। ताजा सब्जियां और दलिया का सेवन करें। मीठा अधिक खाने से बचें। थोड़ा व्यायाम जरूर करें। शरीर को ढक कर रखें।
विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed